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सूखा राहत के लिए 678 करोड़ मांगा, 157 ही मिला-DIYVAPUR

Mon, 15 Oct 2018 10:12 PM IST
Updated Mon, 15 Oct 2018 10:12 PM IST
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सूखा राहत के लिए 678 करोड़ मांगा, 157 ही मिला-DIYVAPUR

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लखनऊ। प्रदेश सरकार ने पांच सूखा प्रभावित जिलों में राहत सहायता के लिए केंद्र सरकार से 678 करोड़ रुपये मांगे थे। केंद्र सरकार ने केंद्रीय आपदा मोचक निधि से 157 करोड़ रुपये की मंजूरी दी है। प्रदेश सरकार संबंधित जिलों में राहत की रकम प्रभावित किसानों में वितरण के लिए भेजने की कार्यवाही कर रही है।
प्रदेश में विंध्याचल क्षेत्र का सोनभद्र व मिर्जापुर तथा बुंदेलखंड का ललितपुर, झांसी और महोबा सूखे से काफी प्रभावित हुआ। प्रदेश सरकार ने अपने स्तर से सूखा प्रभावित लोगों की सहायता कराई। इसके अलावा 678 करोड़ रुपये केंद्र से आपदा मोचक निधि से दिलाने का आग्रह किया था। राजस्व विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि केंद्र सरकार ने सूखा प्रभावित जिलों का अपनी टीम से अध्ययन कराने के बाद प्रदेश के लिए 157.23 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं।
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केंद्र द्वारा स्वीकृत रकम में से 94.56 करोड़ रुपये कृषि निवेश अनुदान के रूप में मिले हैं। यह रकम फसल नुकसान से प्रभावित परिवारों में वितरित होगी। 49.04 करोड़ रुपये बाढ़ के दौरान गंभीर रूप से आजीविका प्रभावित लोगों को राहत पहुंचाने के लिए मिले हैं। इसके अलावा पीने के पानी के लिए 13.63 करोड़ रुपये मिले हैं। प्रदेश सरकार इस रकम का सूखा प्रभावित जिलों के संबंधित पात्र लाभार्थियों में वितरण की कार्यवाही करने जा रही है। राहत राशि का वितरण लाभार्थियों के बैंक खातों में किया जाएगा।
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सूखा राहत के लिए 678 करोड़ मांगा, 157 ही मिला
- केंद्र से मिली रकम का किसानों में वितरण की तैयारी शुरू
- सोनभद्र, मिर्जापुर, ललितपुर, झांसी, महोबा में बटेंगी सहायता
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