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सुनियोजित तरीके से बेरोजगारों को फांसते थे जालसाज
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सुनियोजित तरीके से बेरोजगारों को फंसाते थे जालसाज
सीतापुर। सुनियोजित तरीके से गांव-गांव जाकर बेरोजगारों को रेलवे में सुपरवाइजर तथा रेल मित्र की नौकरी दिलाने का कहकर जालसाज पहले उन्हें जाल में फंसाते थे। बेरोजगारों को बाकायदा दफ्तर में मिलने बुलाया जाता था। एक तयशुदा शुल्क लेकर पंजीकरण की औपचारिकता पूरी कराने के बाद पद के हिसाब से 25 हजार और 5 हजार रुपये वसूले जाते थे।
यह फर्जीवाड़ा भी जालसाज इतनी गंभीरता से करते कि शक की कोई गुंजाइश ही नही रहती। जालसाजों ने सीतापुर के अलावा हरदोई के बेरोजगारों को भी अपने जाल में फंसाया। करीब 300 बेरोजगारों से जालसाजों ने 35 लाख वसूल लिए। उनका फर्जीवाड़ा तब सामने आया जब प्रशिक्षण के दौरान कुछ आवेदकों ने शक होने पर हंगामा करते हुए पुलिस को सूचना दे दी।
पुलिस की पड़ताल में पकड़े गए तीन जालसाजों ने सारा सच उगल दिया। इनके पास से 75 हजार की नगदी, तीन मोबाइल, एक कार, 386 कूटरचित फार्म व फर्जी मोहरें भी पुलिस ने बरामद की हैं। रविवार को तीनों जालसाजों को जेल भेज दिया गया। जबकि अन्य की तलाश जारी है।
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दरअसल, गत 29 दिसंबर को करीब तीन सैकड़ा बेरोजगार युवक-युवतियों को प्रशिक्षण के लिए अटरिया कस्बे के महादेवा लान में बुलाया गया था। श्री महाजन परिवार हेल्थ एजुकेशनल एण्ड वेलफेयर सोसाइटी रा’य शाखा उत्तर प्रदेश द्वारा प्रशिक्षण के दौरान कुछ युवाओं को शक हो गया। उन्होंने पूछताछ की तो जालसाज विवाद करने लगे। इस पर युवाओं ने हंगामा करते हुए पुलिस को सूचना दे दी।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तीन जालसाजों को हिरासत में ले लिया था। फर्जीवाड़े का शिकार गोविंद निवासी सुरैंचा थाना कमलापुर ने चार जालसाजों के विरुद्ध धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस की पड़ताल में सामने आया कि यह जालसाज गांव-गांव जाकर बेरोजगारों को रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर फंसाते थे।
पहले पंजीकरण के लिए प्रति व्यक्ति 250 रुपये फिर पद के हिसाब से 25 तथा 5 हजार रुपये वसूल लिए। इंस्पेक्टर योगेन्द्र सिंह ने बताया जालसाजों की निशानदेही पर महादेवा लॉन से जालसाजों के पास से फर्जी फार्म व मोहरें, 75140 रुपये की नकदी, तीन मोबाइल, एक कार अन्य दस्तावेज बरामद किए गए हैं।
पकड़े गए जालसाजों ने पूछताछ में अपने अन्य साथियों के नाम भी बताए हैं। इंस्पेक्टर ने बताया पकड़े गए जालसाज अशोक गौतम निवासी रायगंज थाना सिधौली, रोहित निवासी खरवलिया थाना सिधौली तथा सूरज निवासी क्यूटी थाना रामपुर कला को जेल भेजने की कार्रवाई की गई है।
जबकि उनके फरार साथियों जफर निवासी बीबीपुर थाना सिधौली, आयुत सेन निवासी ग्रीस वेल ग्रंट थाना संदना व रमा शंकर निवासी जतौरा थाना सिधौली की तलाश जारी है।
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सीतापुर। सुनियोजित तरीके से गांव-गांव जाकर बेरोजगारों को रेलवे में सुपरवाइजर तथा रेल मित्र की नौकरी दिलाने का कहकर जालसाज पहले उन्हें जाल में फंसाते थे। बेरोजगारों को बाकायदा दफ्तर में मिलने बुलाया जाता था। एक तयशुदा शुल्क लेकर पंजीकरण की औपचारिकता पूरी कराने के बाद पद के हिसाब से 25 हजार और 5 हजार रुपये वसूले जाते थे।
यह फर्जीवाड़ा भी जालसाज इतनी गंभीरता से करते कि शक की कोई गुंजाइश ही नही रहती। जालसाजों ने सीतापुर के अलावा हरदोई के बेरोजगारों को भी अपने जाल में फंसाया। करीब 300 बेरोजगारों से जालसाजों ने 35 लाख वसूल लिए। उनका फर्जीवाड़ा तब सामने आया जब प्रशिक्षण के दौरान कुछ आवेदकों ने शक होने पर हंगामा करते हुए पुलिस को सूचना दे दी।
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पुलिस की पड़ताल में पकड़े गए तीन जालसाजों ने सारा सच उगल दिया। इनके पास से 75 हजार की नगदी, तीन मोबाइल, एक कार, 386 कूटरचित फार्म व फर्जी मोहरें भी पुलिस ने बरामद की हैं। रविवार को तीनों जालसाजों को जेल भेज दिया गया। जबकि अन्य की तलाश जारी है।
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दरअसल, गत 29 दिसंबर को करीब तीन सैकड़ा बेरोजगार युवक-युवतियों को प्रशिक्षण के लिए अटरिया कस्बे के महादेवा लान में बुलाया गया था। श्री महाजन परिवार हेल्थ एजुकेशनल एण्ड वेलफेयर सोसाइटी रा’य शाखा उत्तर प्रदेश द्वारा प्रशिक्षण के दौरान कुछ युवाओं को शक हो गया। उन्होंने पूछताछ की तो जालसाज विवाद करने लगे। इस पर युवाओं ने हंगामा करते हुए पुलिस को सूचना दे दी।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तीन जालसाजों को हिरासत में ले लिया था। फर्जीवाड़े का शिकार गोविंद निवासी सुरैंचा थाना कमलापुर ने चार जालसाजों के विरुद्ध धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस की पड़ताल में सामने आया कि यह जालसाज गांव-गांव जाकर बेरोजगारों को रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर फंसाते थे।
पहले पंजीकरण के लिए प्रति व्यक्ति 250 रुपये फिर पद के हिसाब से 25 तथा 5 हजार रुपये वसूल लिए। इंस्पेक्टर योगेन्द्र सिंह ने बताया जालसाजों की निशानदेही पर महादेवा लॉन से जालसाजों के पास से फर्जी फार्म व मोहरें, 75140 रुपये की नकदी, तीन मोबाइल, एक कार अन्य दस्तावेज बरामद किए गए हैं।
पकड़े गए जालसाजों ने पूछताछ में अपने अन्य साथियों के नाम भी बताए हैं। इंस्पेक्टर ने बताया पकड़े गए जालसाज अशोक गौतम निवासी रायगंज थाना सिधौली, रोहित निवासी खरवलिया थाना सिधौली तथा सूरज निवासी क्यूटी थाना रामपुर कला को जेल भेजने की कार्रवाई की गई है।
जबकि उनके फरार साथियों जफर निवासी बीबीपुर थाना सिधौली, आयुत सेन निवासी ग्रीस वेल ग्रंट थाना संदना व रमा शंकर निवासी जतौरा थाना सिधौली की तलाश जारी है।