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एक साथ पढ़ेंगे रिकॉर्ड 10 लाख छात्र
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एक साथ पढ़ेंगे रिकॉर्ड 10 लाख छात्र
लविवि में हुई ‘पढ़े लखनऊ बढ़े लखनऊ’ की तैयारियों को लेकर बैठक
आधे घंटे के बजाय अब 45 का होगा आयोजन
निर्धारित टीमें करेंगी औचक निरीक्षण, राज्यपाल भी रह सकती हैं मौजूद
राज्यपाल आनंदी बेन पटेल की पहल पर राजधानी के स्कूल, कॉलेजों व विश्वविद्यालयों में मोबाइल से दूर ‘पढ़े लखनऊ बढ़े लखनऊ’ अभियान में 1 अक्तूबर को एक साथ लगभग 10 लाख विद्यार्थी किताबें पढ़ेंगे। इसके माध्यम से एक रिकॉर्ड बनाने की भी तैयारी है। एक अक्तूबर को होने वाला यह कार्यक्रम अपनी तरह का एक अलग आयोजन होगा, जिसका समय अब तीस मिनट से बढ़ाकर 45 मिनट कर दिया गया है।
कार्यक्रम के समन्वयन की जिम्मेदारी निभा रहे लखनऊ विश्वविद्यालय में बृहस्पतिवार को कुलपति प्रो. एसपी सिंह की अध्यक्षता में सभी संबंधित अधिकारियों व विश्वविद्यालयों के प्रतिनिधियों की बैठक हुई। इसमें कार्यक्रम की अब तक प्रगति जानी गई और कार्यक्रम को अंतिम रूप दिया गया। प्रो. सिंह ने बताया कि इस अभियान में सुबह 11 से 11.45 बजे तक शिक्षक-विद्यार्थी एक साथ किताब पढ़ेंगे, जिसका विषय महात्मा गांधी या स्वतंत्रता संग्राम से संबंधित साहित्य है। अगर इस विषय से संबंधित किताब उपलब्ध नहीं है तो विद्यार्थी अपनी पसंद की किताब पढ़ सकते हैं। किंतु यह स्कूल-कॉलेज की पाठ्य पुस्तक न हो।
प्रो. सिंह ने कहा कि यह कवायद युवाओं में किताब पढ़ने की रुचि पैदा करने के लिए है। उन्होंने बताया कि बेसिक, माध्यमिक स्कूल, कॉलेजों व विश्वविद्यालयों, इंजीनियरिंग संस्थानों, मदरसा बोर्ड के कुल लगभग 10 लाख विद्यार्थी लखनऊ में एक साथ किताब पढ़ेंगे। अभियान में राजधानी के सभी विद्यालयों, कॉलेजों, विश्वविद्यालयों को अनिवार्य रूप से शामिल होना है। इसके माध्यम से एक बड़ा रिकार्ड बनेगा। उन्होंने बताया कि विवि अपने संबद्ध 170 कॉलेजों में प्रत्येक 10 कॉलेज पर एक टीम बनाकर कार्यक्रम का निरीक्षण भी कराएगा।
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इसी तरह अन्य विश्वविद्यालयों व अधिकारियों को भी कहा गया है। राज्यपाल भी औचक भ्रमण के लिए आ सकती हैं। अगली बैठक 29 सितंबर को होगी। बैठक में विशेष सचिव राज्यपाल डॉ. अशोक चंद्र, विशेष सचिव बेसिक शिक्षा देव प्रताप सिंह, केयूर सी संपत, सीडीओ मनीष बंसल, प्रो. अनिल मिश्रा, प्रो. नवीन खरे, शासन, विभिन्न विश्वविद्यालयों, बेसिक शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा, समाज कल्याण विभाग, मदरसा बोर्ड के प्रतिनिधि आदि शामिल थे।
भोपाल में 2.50 लाख हुए थे शामिल
राज्यपाल ने पूर्व में मध्य प्रदेश में ‘पढ़े भोपाल’ कार्यक्रम की सफल शुरूआत की थी, जिसमें लगभग 2.50 शिक्षक-विद्यार्थी शामिल हुए थे। जो ‘वर्ल्ड बुक ऑफ रिकॉर्ड’ में दर्ज किया गया था।
लविवि में ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन शुरू
इस अभियान में शामिल होने वाले शिक्षण संस्थानों का ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन बृहस्पतिवार से शुरू हो गया। लविवि के यूडीआरसी के निदेशक प्रो. अनिल मिश्रा ने बताया कि इसके लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन विश्वविद्यालय की वेबसाइट lkouniv.ac.in पर शुरू हो गया है। संस्थान के रजिस्ट्रेशन कराने पर उन्हें एक लॉगिन-पासवर्ड मिल जाएगा। जिस पर वे अपने यहां कार्यक्रम में शामिल होने वाले विद्यार्थियों की सूचना देंगे। कार्यक्रम के बाद आयोजन की फोटो व वीडियो इसी पोर्टल पर अपलोड करनी होगी।
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लविवि में हुई ‘पढ़े लखनऊ बढ़े लखनऊ’ की तैयारियों को लेकर बैठक
आधे घंटे के बजाय अब 45 का होगा आयोजन
निर्धारित टीमें करेंगी औचक निरीक्षण, राज्यपाल भी रह सकती हैं मौजूद
राज्यपाल आनंदी बेन पटेल की पहल पर राजधानी के स्कूल, कॉलेजों व विश्वविद्यालयों में मोबाइल से दूर ‘पढ़े लखनऊ बढ़े लखनऊ’ अभियान में 1 अक्तूबर को एक साथ लगभग 10 लाख विद्यार्थी किताबें पढ़ेंगे। इसके माध्यम से एक रिकॉर्ड बनाने की भी तैयारी है। एक अक्तूबर को होने वाला यह कार्यक्रम अपनी तरह का एक अलग आयोजन होगा, जिसका समय अब तीस मिनट से बढ़ाकर 45 मिनट कर दिया गया है।
कार्यक्रम के समन्वयन की जिम्मेदारी निभा रहे लखनऊ विश्वविद्यालय में बृहस्पतिवार को कुलपति प्रो. एसपी सिंह की अध्यक्षता में सभी संबंधित अधिकारियों व विश्वविद्यालयों के प्रतिनिधियों की बैठक हुई। इसमें कार्यक्रम की अब तक प्रगति जानी गई और कार्यक्रम को अंतिम रूप दिया गया। प्रो. सिंह ने बताया कि इस अभियान में सुबह 11 से 11.45 बजे तक शिक्षक-विद्यार्थी एक साथ किताब पढ़ेंगे, जिसका विषय महात्मा गांधी या स्वतंत्रता संग्राम से संबंधित साहित्य है। अगर इस विषय से संबंधित किताब उपलब्ध नहीं है तो विद्यार्थी अपनी पसंद की किताब पढ़ सकते हैं। किंतु यह स्कूल-कॉलेज की पाठ्य पुस्तक न हो।
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प्रो. सिंह ने कहा कि यह कवायद युवाओं में किताब पढ़ने की रुचि पैदा करने के लिए है। उन्होंने बताया कि बेसिक, माध्यमिक स्कूल, कॉलेजों व विश्वविद्यालयों, इंजीनियरिंग संस्थानों, मदरसा बोर्ड के कुल लगभग 10 लाख विद्यार्थी लखनऊ में एक साथ किताब पढ़ेंगे। अभियान में राजधानी के सभी विद्यालयों, कॉलेजों, विश्वविद्यालयों को अनिवार्य रूप से शामिल होना है। इसके माध्यम से एक बड़ा रिकार्ड बनेगा। उन्होंने बताया कि विवि अपने संबद्ध 170 कॉलेजों में प्रत्येक 10 कॉलेज पर एक टीम बनाकर कार्यक्रम का निरीक्षण भी कराएगा।
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इसी तरह अन्य विश्वविद्यालयों व अधिकारियों को भी कहा गया है। राज्यपाल भी औचक भ्रमण के लिए आ सकती हैं। अगली बैठक 29 सितंबर को होगी। बैठक में विशेष सचिव राज्यपाल डॉ. अशोक चंद्र, विशेष सचिव बेसिक शिक्षा देव प्रताप सिंह, केयूर सी संपत, सीडीओ मनीष बंसल, प्रो. अनिल मिश्रा, प्रो. नवीन खरे, शासन, विभिन्न विश्वविद्यालयों, बेसिक शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा, समाज कल्याण विभाग, मदरसा बोर्ड के प्रतिनिधि आदि शामिल थे।
भोपाल में 2.50 लाख हुए थे शामिल
राज्यपाल ने पूर्व में मध्य प्रदेश में ‘पढ़े भोपाल’ कार्यक्रम की सफल शुरूआत की थी, जिसमें लगभग 2.50 शिक्षक-विद्यार्थी शामिल हुए थे। जो ‘वर्ल्ड बुक ऑफ रिकॉर्ड’ में दर्ज किया गया था।
लविवि में ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन शुरू
इस अभियान में शामिल होने वाले शिक्षण संस्थानों का ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन बृहस्पतिवार से शुरू हो गया। लविवि के यूडीआरसी के निदेशक प्रो. अनिल मिश्रा ने बताया कि इसके लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन विश्वविद्यालय की वेबसाइट lkouniv.ac.in पर शुरू हो गया है। संस्थान के रजिस्ट्रेशन कराने पर उन्हें एक लॉगिन-पासवर्ड मिल जाएगा। जिस पर वे अपने यहां कार्यक्रम में शामिल होने वाले विद्यार्थियों की सूचना देंगे। कार्यक्रम के बाद आयोजन की फोटो व वीडियो इसी पोर्टल पर अपलोड करनी होगी।