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Jaipur SMS Hospital Fire : मृतकों के परिवार वालों की न्यायिक जांच की मांग,आठ की मौत पर शुरू हुई सियासत

Mon, 06 Oct 2025 02:06 PM IST
प्रिया वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर Published by: प्रिया वर्मा Updated Mon, 06 Oct 2025 02:06 PM IST
खास बातें

Jaipur SMS Hospital Fire:  राजस्थान के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल में आग लगने से आठ मरीजों की मौत हो गई। मृतकों को शव परिवार वालों को सौंप दिए गए हैं। वहीं परिवार के लोग न्यायिक जांच की मांग कर रहे हैं। इन सब के बीच सियासत भी शुरू हो गई है। 

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Jaipur SMS Hospital Fire Live: Relatives refuse closed-door talks, officials persuade them to reach agreement
एसएमएस अस्पताल में लगी आग - फोटो : अमर उजाला

लाइव अपडेट

02:22 PM, 06-Oct-2025
विरोध कर रहे युवाओं को पुलिस ने हिरासत में लिया 
एसएमएस अस्पताल में मरीजों की मौत के बाद परिवार वाले न्यायिक जांच की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। इन्हें पुलिस ने मौके से हटा दिया है। इसके अलावा कुछ युवा नेता भी अस्पताल में प्रदर्शन करने पहुंचे थे। फिलहाल पुलिस ने सभी को प्रदर्शन स्थल से हिरासत में ले लिया है। यहां पर सुरक्षा बल बढ़ा दिया गया है। 
02:05 PM, 06-Oct-2025
केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने जयपुर के सवाई मानसिंह अस्पताल में दुखांतिका में काल कवलित हुए लोगों के प्रति संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि यह व्यक्तिगत दोषारोपण या राजनीतिक टिप्पणी करने का विषय नहीं है। अगर कहीं व्यक्ति का दोष है तो उसके खिलाफ कार्रवाई भी होगी। अगर कहीं तकनीकी खामी है तो भविष्य में ऐसा न हो, इस दिशा में भी काम करेंगे।
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01:40 PM, 06-Oct-2025
हनुमान बेनीवाल - फोटो : अमर उजाला
हनुमान बेनीवाल ने मृतकों के लिए एक करोड़ के मुआवजे की मांग की

सोशल मीडिया पर अपनी पोस्ट के जरिए नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने कहा है कि इस घटना की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच आवश्यक है ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृति नहीं हो। इसलिए हाईकोर्ट के सीटिंग अथवा रिटायर्ड जज की मॉनिटरिंग में एक आयोग बनाकर इस पूरे मामले की न्यायिक जांच करवाई जाए। साथ ही राज्य के सभी सरकारी अस्पतालों में अग्नि सुरक्षा और आपात प्रबंधन प्रणाली की तुरंत समीक्षा करवाई जाए।  इस आगजनी की घटना में दिवंगत हुए नागरिकों के परिजनों को एक- एक करोड़ रुपए की आर्थिक सहायता दी जाए। जो गंभीर रूप से झुलसे हैं, उनका बेहतर से बेहतर इलाज करवाया जाए।

01:00 PM, 06-Oct-2025
बातचीत के लिए परिजनों को मनाने पहुंचा अस्पताल प्रशासन

बंद कमरे में बातचीत से मना कर रहे परिजनों को मनाने अस्पताल प्रशासन उनके बीच पहुंचा। प्रशासन का कहना है उपमुख्यमंत्री, कलेक्टर, जिला प्रशासन और अन्य लोग अस्पताल में मौजूद हैं। मृतकों के परिजनों में से कोई भी प्रतिनिधि अपनी समस्याओं पर उनसे बैठकर बात करें।

अस्पताल प्रशासन और परिजनों के बीच काफी जद्दोजहद के बाद बंद कमरे में आपसी बातचीत पर सहमति बन गई है और परिजनों के प्रतिनिधि सरकार से बात करने को राजी हो गए हैं।
12:50 PM, 06-Oct-2025
परिजनों से मिलने पहुंचे गृह राज्य मंत्री

गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म और उपमुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा ने एसएमएस के ट्रॉमा सेंटर पहुंचकर मृतकों के परिजनों से बातचीत की। परिजनों ने जानकारी देते हुए बताया कि दोनों मंत्रियों का कहना है कि सरकार की संवेदनशीलता पीड़ितों के साथ है। मुआवजे और अन्य मांगों को लेकर मंत्रियों और परिजनों के बीच क्या बातचीत हुई इस बारे में पूछे जाने पर एक परिजन ने बताया कि सरकार में बात करना चाहती है।

रात में भी मुख्यमंत्री अस्पताल पहुंचे लेकिन किसी भी परिजन से बात नहीं की। सरकार की ओर से मंत्री आ-जा रहे हैं लेकिन परिजनों से कोई मुलाकात नहीं कर रहा। उल्टे मृतकों के घर जाकर उनके परिजनों को धमकाया जा रहा है।
12:18 PM, 06-Oct-2025
मृतकों के परिजनों से बात करते पूर्व मुख्यमंत्री - फोटो : अमर उजाला
परिजनों से मिले अशोक गहलोत

पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने एसएमएस अस्पताल पहुंचकर ट्रॉमा सेंटर ICU में हुए अग्निकांड की जानकारी ली और हादसे में जान गंवाने वाले मरीजों के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें हिम्मत बंधाई। 

उन्होंने कहा कि यह बेहद अफसोसजनक है कि इन परिजनों में राज्य सरकार द्वारा इनके साथ किए गए व्यवहार के प्रति रोष है क्योंकि सरकार ने इनके प्रति संवेदनशीलता नहीं दिखाई है। परिजनों ने बताया कि उनसे अभी तक सरकार के किसी प्रतिनिधि ने बात नहीं की है।

गहलोत ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा को अविलंब मृतकों के परिजनों से बात करते हुए इन्हें संतुष्ट करना चाहिए एवं पीड़ितों को न्याय के लिए एक न्यायिक आयोग का गठन करना चाहिए।
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11:40 AM, 06-Oct-2025

एसएमएस अस्पताल में हुए अग्निकांड को लेकर एनएसयूआई ने हादसे केा सरकारी तंत्र की लापरवाही बताते हुए कहा है कि जब जीवन रक्षक संस्थान ही सुरक्षित नहीं हैं तो आम जनता सुरक्षा कैसे हो? हादसे को लेकर एनएसयूआई सदस्य आज शहीद स्मारक पर एकत्र होकर मृतकों को श्रद्धांजलि देंगे। 

11:07 AM, 06-Oct-2025
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद डोटासरा - फोटो : अमर उजाला
हादसे को लेकर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि प्रदेश में सरकार नाम की चीज नहीं है। स्वास्थ्य मंत्री अब तक सो रहे हैं। डोटासरा ने कहा कि ये सरकार किसी काम की नहीं है। स्वास्थ्य मंत्री पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि मंत्री निजी कंपनियों को क्लीन चीट देने में लगे हैं। 

इतने बड़े हादसे के मृतकों का आंकड़ा अभी तक स्पष्ट नहीं है और न ही घायलों की कोई जानकारी दी जा रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता मृतकों के परिजनों से उनके घर जाकर न्याय मिलने की उम्मीद के बयान ले रहे हैं। पुलिस यहां मौजूद परिजनों को खदेड़ रही है।
10:41 AM, 06-Oct-2025
मृतकों के परिजन से बात करते पूर्व मुख्यमंत्री - फोटो : अमर उजाला

धरने पर बैठे परिजनों को पुलिस ने खदेड़ा

हादसे में मृतकों के परिजनों का आरोप है कि उनके घरों पर पुलिस भेजी जा रही है और उन्हें दबाने का प्रयास किया जा रहा है। इसी बीच अस्पताल परिसर में धरना देकर नारेबाजी कर रहे लोगों को पुलिस ने खदेड़ दिया।

पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने भी अस्पताल पहुंचकर मरीजों के साथ बातचीत की। 

09:57 AM, 06-Oct-2025
आठ लोगों के मरने की पुष्टि

एसएमएस हादसे में मरने वालों की संख्या आठ हो गई है। मरने वालों में पिंटू निवासी सीकर, दिलीप निवासी आंधी जयपुर, श्रीनाथ निवासी भरतपुर, रुकमणि निवासी भरतपुर, खुरमा निवासी भरतपुर, बहादुर निवासी सांगानेर जयपुर, सर्वेश देवी और दिगंबर वर्मा के नाम शामिल हैं। 

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