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अमर उजाला फाउंडेशन की पहल: डॉक्टरों ने बताया क्यों ज्यादा खतरनाक है कोरोना का नया स्ट्रेन?
Sun, 18 Apr 2021 06:46 PM IST
Abhilash Srivastava
हेल्थ डेस्क, अमर उजाला
हेल्थ डेस्क, अमर उजाला
Published by: Abhilash Srivastava
Updated Sun, 18 Apr 2021 06:46 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : pixabay
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देश में कोरोना वायरस की दूसरी लहर का प्रकोप जारी है। कोरोना के कई नए स्ट्रेनों ने स्वास्थ्य व्यवस्था को हिला कर रख दिया है। चूंकि नए स्ट्रेनों के लक्षण भी पहले से अलग हैं ऐसे में लोगों को यह समझने में काफी दिक्कत हो रही है कि आखिर किन लक्षणों के आधार पर अब संक्रमण की पहचान की जा सकती है? ऐसे में आम लोगों की सेहत को ध्यान में रखते हुए अमर उजाला फाउंडेशन ने एक पहल की है। इसके तहत हमने देश के जाने-माने डॉ सिद्धार्थ गुप्ता (एंटी कोरोना टास्क फोर्स, नोएडा) और डॉ उत्कर्ष वी अग्रवाल (मेडिकल डायरेक्टर, उजाला सिग्नस) से वायरस के नए स्ट्रेन और इससे जुड़ी महत्वपूर्ण बातों को जानने की कोशिश की।
वायरस का नए स्ट्रेन कैसे अलग हैं?
इस सवाल के जवाब में डॉ उत्कर्ष बताते हैं कि पिछले स्ट्रेन के मुकाबले नए स्ट्रेन काफी ज्यादा संक्रामक हैं और तेजी से फैल भी रहे हैं। इसके लक्षण भी अलग-अलग देखने को मिल रहे हैं। जहां पहले लोगों को बुखार, स्वाद और गंध न आने के साथ गले में दर्द के आधार पर संक्रमित मान लिया जाता था वहीं अब डायरिया, नाक बहने और यहां तक कि आंख आने की समस्या के साथ भी लोगों को संक्रमित पाया जा रहा है।
संक्रमण हो जाने पर क्या करें
डॉ सिद्धार्थ गुप्ता कहते हैं कि यदि आप कोरोना के नए स्ट्रेन से संक्रमित हो भी गए हैं तो घबराएं नहीं। आप सामान्य तौर पर इसे घर से ही ठीक कर सकते हैं। देश में रिकवरी रेट अच्छी है। जो रोगी संक्रमित हैं उन्हें आइसोलेशन में रहना चाहिए। रोगियों को परिवार के लोगों से भी दूरी बनाकर रखनी चाहिए। इसके अलावा संक्रमण के समय में हाइजीन को बनाकर रखें, हाथों के साथ-साथ बेड़, कपड़ों आदि की सफाई रखें। सिर्फ गंभीर रोगियों को ही अस्पताल में भर्ती करने की जरूरत होती है।
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क्या सभी के लिए टीकाकरण जरूरी है?
टीकाकरण को लेकर एक सवाल के जवाब में डॉ उत्कर्ष कहते हैं कि टीकाकरण कराना सभी के लिए जरूरी है़, भले आप पहले संक्रमित रहे हैं या नहीं। टीकाकरण के बाद सभी नियमों जैसे मास्क पहनना, भीड़-भाड़ से बचना और हाथों का सफाई रखना बहुत जरूरी है। टीकाकरण के बाद संक्रमण का खतरा कम जरूर होता है, लेकिन ऐसा नही है कि आप दोबारा से संक्रमित हो ही नहीं सकते। जिन लोगों का टीकाकरण हो जाता है उनमें दूसरों की तुलना में लक्षण और इससे होने वाली दिक्कतें कम होती हैं।
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वायरस का नए स्ट्रेन कैसे अलग हैं?
इस सवाल के जवाब में डॉ उत्कर्ष बताते हैं कि पिछले स्ट्रेन के मुकाबले नए स्ट्रेन काफी ज्यादा संक्रामक हैं और तेजी से फैल भी रहे हैं। इसके लक्षण भी अलग-अलग देखने को मिल रहे हैं। जहां पहले लोगों को बुखार, स्वाद और गंध न आने के साथ गले में दर्द के आधार पर संक्रमित मान लिया जाता था वहीं अब डायरिया, नाक बहने और यहां तक कि आंख आने की समस्या के साथ भी लोगों को संक्रमित पाया जा रहा है।
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संक्रमण हो जाने पर क्या करें
डॉ सिद्धार्थ गुप्ता कहते हैं कि यदि आप कोरोना के नए स्ट्रेन से संक्रमित हो भी गए हैं तो घबराएं नहीं। आप सामान्य तौर पर इसे घर से ही ठीक कर सकते हैं। देश में रिकवरी रेट अच्छी है। जो रोगी संक्रमित हैं उन्हें आइसोलेशन में रहना चाहिए। रोगियों को परिवार के लोगों से भी दूरी बनाकर रखनी चाहिए। इसके अलावा संक्रमण के समय में हाइजीन को बनाकर रखें, हाथों के साथ-साथ बेड़, कपड़ों आदि की सफाई रखें। सिर्फ गंभीर रोगियों को ही अस्पताल में भर्ती करने की जरूरत होती है।
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क्या सभी के लिए टीकाकरण जरूरी है?
टीकाकरण को लेकर एक सवाल के जवाब में डॉ उत्कर्ष कहते हैं कि टीकाकरण कराना सभी के लिए जरूरी है़, भले आप पहले संक्रमित रहे हैं या नहीं। टीकाकरण के बाद सभी नियमों जैसे मास्क पहनना, भीड़-भाड़ से बचना और हाथों का सफाई रखना बहुत जरूरी है। टीकाकरण के बाद संक्रमण का खतरा कम जरूर होता है, लेकिन ऐसा नही है कि आप दोबारा से संक्रमित हो ही नहीं सकते। जिन लोगों का टीकाकरण हो जाता है उनमें दूसरों की तुलना में लक्षण और इससे होने वाली दिक्कतें कम होती हैं।