{"_id":"5b7e9c2642c792464c73da57","slug":"terrorism-has-become-self-interest-for-the-mainstream-and-separatist-lobby-said-jitendra-singh","type":"story","status":"publish","title_hn":"मुख्यधारा और अलगाववादी लॉबी के लिए आतंकवाद निहित स्वार्थ बन चुका है: डॉ जितेंदर सिंह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मुख्यधारा और अलगाववादी लॉबी के लिए आतंकवाद निहित स्वार्थ बन चुका है: डॉ जितेंदर सिंह
अमृतपाल सिंह बाली, अमर उजाला, श्रीनगर
Updated Thu, 23 Aug 2018 05:06 PM IST
विज्ञापन
जितेंद्र सिंह
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
केन्द्रीय राज्यमंत्री डॉ. जितेन्द्र सिंह ने कहा कि जम्मू कश्मीर में मुख्यधारा और अलगाववादियों की एक लॉबी के लिए आतंकवाद निहित स्वार्थ है। कहा कि नए राजपाल की नियुक्ति पर राज्य के तीनो संभागों में लोगों में है उत्साह। वहीं उन्होंने यह भी कहा कि अगर जमीनी स्तर पर जम्हूरियत को मजबूत करना है तो उसके लिए स्थानीय इकाइयों के चुनाव कराना जरूरी।
विज्ञापन
श्रीनगर के राज भवन में नए राज्यपाल के शपत ग्रहण समारोह के बाद पत्रकारों से बात करते हुए डॉ. जितेन्द्र सिंह ने के मौके पर पुलिस कर्मियों सहित भाजपा कार्यकर्ता की हत्या को लेकर कहा कि कोई भी हत्या हो यह एक गंभीर चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि लेकिन साथ ही साथ हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि कश्मीर का आम अवाम खास तौर आम नौजवान देश के दूसरे हिस्सों की तरह मोदी जी के इस न्यू इंडिया की विकास यात्रा का हिस्सा बन चुका है और इसलिए कुछ लोग जो पिछले करीब तीन दशकों से खला में अपनी राजनीती चला रहे थे अपने आपको असुरक्षित समझ रहे हैं। डॉ. जितेन्द्र ने कहा कि मुझे यह कहने में भी संकोच नहीं कि यह जो आतंकवाद है यह भी एक निहित स्वार्थ बन चुका है। बहुत से ऐसे अनासिर हैं जो चाहते ही नहीं कि यहां आतंकवाद का खात्मा हो। उन्होंने कहा कि आतंकवाद एक निहित स्वार्थ के रूप में विकसित हुआ है और अलगाववादी सहित मुख्यधारा की लॉबी के बीच निहित स्वार्थ का गठबंधन बन गया है क्योंकि उन्होंने इस मारधाड़ के माहौल में जिंदा रहना सीखा है, लेकिन आम युवा काफी आगे बढ़ गया है जोकि एक बड़ी उपलब्धि है।
विज्ञापन
जम्मू कश्मीर में नए राज्यपाल की नियुक्ति पर बोलते हुए डॉ. जितेंदर सिंह ने कहा कि हमें विशवास है कि जिस प्रकार से नए राज्यपाल ने अपना पदभार संभाला है और राज्य के तीनो संभागों जम्मू, कश्मीर और लाद्दख में जनता में उत्साह है। इससे निश्चय ही सामाजिक और राजनीतिक स्तर पर एक नई पहल का भी अवसर रहेगा और एक नया विश्वास जागने की भी उम्मीद रहेगी। राज्य में सरकार बनाने को लेकर पूछे गए एक सवाल के जवाब में डॉ. जितेन्द्र सिंह ने कहा कि भाजपा कभी तोड़ जोड़ की राजनीती नहीं करती। यह तो राज्यपाल का विशेषाधिकार रहता है।
विज्ञापन
वहीं 35 ए पर उन्होंने कहा कि जो मुद्दा अदालत में है उस विषय पर मुझे कुछ भी कहने की आवश्यकता नहीं है। लेकिन यह कहने में भी मुझे कोई संकोच नहीं करूंगा कि कांग्रेस पार्टी और उनके सहयोगियों का इतिहास रहा है कि वेह नारी को कभी भी एक सामान अधिकार देने के पक्ष में नहीं रहे हैं। सदन में ट्रिपल तलाक का भी विरोध किया और जम्मू कश्मीर में बेटियों को एक सामान अधिकार मिलने की भी वेह विरोध करते हैं।
गौरतलब है कि राहुल गांधी के बयान जिसमें उन्होंने कहा था, “मौजूदा सरकार दिशाहीन है और बेरोजगारी के कारण लोग आईएसआईएस जॉइन कर सकते हैं”, को लेकर डॉ. जितेन्द्र सिंह ने कहा कि मुझे लगता है कि कांग्रेस के पास अब कोई मुद्दे नहीं रहे और उन्हें समझ आ गया है कि देश की 130 करोड़ जनता ने मन बना लिया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में इस विकास यात्रा को आगे ले जाना है और इसलिए वेह तरह तरह के नए बहाने भी ढूंढते हैं, नए मुद्दे उठाते हैं और कभी कभी असम में बांग्लादेशियों और रोहंगियों में वोटर भी ढूंढते हैं।