जल्द ही जम्मू में कर सकेंगे ई-रिक्शा से सस्ता और सुगम सफर, अभी इन इलाकों का हुआ चयन
केंद्र शासित प्रदेश की शीतकालीन राजधानी जम्मू में शहरवासियों को जल्द ही ई-रिक्शा के सस्ते और सुगम सफर की सुविधा मिल सकती है। ट्रांसपोर्ट विभाग के पास ई-रिक्शा पॉलिसी लंबे समय से विचाराधीन है, लेकिन केंद्र शासित प्रदेश बनने के बाद परिवहन विभाग में ई-रिक्शा पॉलिसी को लेकर सक्रियता बढ़ गई है। वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार अगले एक माह तक ई-रिक्शा सुविधा को शुरू किया जा सकता है।
दरअसल, जम्मू शहर में ई-रिक्शा को पिछले कुछ माह से ट्रायल पर चलाया जा रहा है। कुंजवानी बाईपास समेत शहर के बाहरी क्षेत्र में इसका ट्रायल जारी है। वहीं, ई-रिक्शा पॉलिसी की फाइल कानून विभाग के पास है। पिछले दिनों ही जिला उपायुक्त सुषमा चौहान ने भी ई-रिक्शा चलाने के लिए रूट का सर्वेक्षण करने को कहा था। इसके लिए समिति का गठन किया गया।
शुरुआती चरण में ई-रिक्शा को बाहरी क्षेत्र में चलाया जा रहा है, जिसके अलावा शास्त्री नगर, गांधीनगर, रूप नगर सहित अन्य रूट का सर्वेक्षण किया गया है। आरटीओ जम्मू धनंतर सिंह ने कहा कि शहर में ई-रिक्शा चलाने को लेकर कई कंपनियां अपनी इच्छा जता चुकी हैं। पालिसी को मंजूरी मिलते ही ई- रिक्शा का परिचालन शुरू हो जाएगा।
शहर में ई-रिक्शा चलाना प्राथमिकता है- ट्रांसपोर्ट विभाग
तीन पहिया ई-रिक्शा वाहन इलेक्ट्रिक मोटर से चलता है। पावर के सोर्स के रूप में इसमें बैटरी लगी होती है। ई-रिक्शा पर्यावरण संरक्षण में उपयोगी है। इसमें एक साथा तीन से चार लोग बैठ सकते हैं। ई-रिक्शा से लंबा सफर तय नहीं किया जा सकता है।
शहर में ई-रिक्शा चलाना प्राथमिकता है। ई-रिक्शा पॉलिसी लगभग पूरी हो चुकी है। मामला कानून विभाग के पास है। सरकार के निर्देश पर शहर में पहली ही ई-रिक्शा को ट्रायल के आधार पर चलाया गया था। ई- रिक्शा को चलाने में अब एक माह तक का समय लग सकता है। राज मोहम्मद मालिक, ट्रांसपोर्ट विभाग, डिप्टी सेक्रेटरी टू गवर्नमेंट