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तीन गुना बढ़ी निगम की अनुदान राशि, विकास पकड़ेगा रफ्तार
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जम्मू। नगर निगम की अनुदान राशि (ग्रांट इन एड) में तीन गुना इजाफा हुआ है। अब शहर के वार्डों में विकास की गति रफ्तार पकड़ेगी। नगर निगम को इस बार क्षेत्र विस्तार के हिसाब से 110 करोड़ रुपये की जगह केंद्र सरकार से 350 करोड़ रुपये मिलेंगे। ज्यादा राशि मिलने से नगर निगम के खर्च सुचारु चल सकेंगे और अन्य कार्यों में भी तेजी आएगी।
पहले 30 वार्डों के हिसाब से अनुदान राशि जारी हो रही थी, लेकिन अब 75 वार्डों के हिसाब से मिलेगी। इसके लिए लंबे समय से केंद्र सरकार से मांग की जा रही थी, जिसे पूरा कर दिया गया है। इस बार अनुदान राशि 240 करोड़ रुपये बढ़ कर आएगी और 350 करोड़ रुपये मिलेंगे।
पहले जो अनुदान राशि मिलती थी वह नगर निगम के कर्मचारियों के वेतन सहित अन्य अन्य खर्चों में समाप्त हो जाती थी। नगर निगम के आय के स्त्रोत सीमित हैं, जिस कारण विकास कार्य सिरे नहीं चढ़ पाते हैं। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत वार्डों में विकास करवाया जा रहा है। पहले बजट के अभाव में पार्षदों को राशि नहीं मिल रही थी। वार्ड में विकास के लिए पहले पांच-पांच लाख रुपये जारी हुए थे। इसके बाद स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के अंतर्गत काम शुरू करवाने पड़े। अब अनुदान राशि बढ़ने से नगर निगम के विकास कार्यों में गत आएगी।
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नगर निगम का दायरा बढ़ा है। पुराने तरीके से अनुदान राशि जारी हो रही थी। हाउस में मसला उठाया गया है। इस बार अनुदान राशि बढ़ कर आएगी। इसका विकास कार्यों में लाभ मिलेगा।
- चंद्र मोहन गुप्ता, मेयर, नगर निगम
अनुदान राशि में बढ़ोतरी क्षेत्र विस्तार के अनुसार होती है। इस बार उम्मीद है कि अनुदान राशि बढ़ कर आएगी। विकास कार्यों को पूरा करने में दिक्कत नहीं होगी।
- अतुल गुप्ता, सचिव, नगर निगम
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पहले 30 वार्डों के हिसाब से अनुदान राशि जारी हो रही थी, लेकिन अब 75 वार्डों के हिसाब से मिलेगी। इसके लिए लंबे समय से केंद्र सरकार से मांग की जा रही थी, जिसे पूरा कर दिया गया है। इस बार अनुदान राशि 240 करोड़ रुपये बढ़ कर आएगी और 350 करोड़ रुपये मिलेंगे।
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पहले जो अनुदान राशि मिलती थी वह नगर निगम के कर्मचारियों के वेतन सहित अन्य अन्य खर्चों में समाप्त हो जाती थी। नगर निगम के आय के स्त्रोत सीमित हैं, जिस कारण विकास कार्य सिरे नहीं चढ़ पाते हैं। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत वार्डों में विकास करवाया जा रहा है। पहले बजट के अभाव में पार्षदों को राशि नहीं मिल रही थी। वार्ड में विकास के लिए पहले पांच-पांच लाख रुपये जारी हुए थे। इसके बाद स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के अंतर्गत काम शुरू करवाने पड़े। अब अनुदान राशि बढ़ने से नगर निगम के विकास कार्यों में गत आएगी।
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नगर निगम का दायरा बढ़ा है। पुराने तरीके से अनुदान राशि जारी हो रही थी। हाउस में मसला उठाया गया है। इस बार अनुदान राशि बढ़ कर आएगी। इसका विकास कार्यों में लाभ मिलेगा।
- चंद्र मोहन गुप्ता, मेयर, नगर निगम
अनुदान राशि में बढ़ोतरी क्षेत्र विस्तार के अनुसार होती है। इस बार उम्मीद है कि अनुदान राशि बढ़ कर आएगी। विकास कार्यों को पूरा करने में दिक्कत नहीं होगी।
- अतुल गुप्ता, सचिव, नगर निगम