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'अलगाववादियों को पाकिस्तान से खतरा इसलिए मिल रही सुरक्षा'
ब्यूरो, अमर उजाला/जम्मू
Updated Sat, 10 Sep 2016 12:27 PM IST
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डॉ. जितेंद्र सिंह
- फोटो : File Photo
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अलगाववादियों को पाकिस्तान से खतरा है और इसलिए उन्हें भारत सरकार की ओर से सुरक्षा मुहैया कराई गई है। यह कहना था केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह का।
पीएमओ में राज्यमंत्री डॉ. सिंह ने जम्मू में एक कार्यक्रम के बाद पूछे गए सवाल के जवाब में कहा कि अलगाववादियों को भारत से कोई खतरा नहीं है। पर भारत को बदनाम करने के लिए पाकिस्तान उन पर हमले करा सकता है।
इसके चलते अलगाववादियों को सुरक्षा मुहैया कराई गई है। उन्होंने इस बारे में मिसाल देते हुए कहा कि अब्दुल गनी लोन, मौलवी फारूक जैसे अलगाववादी नेताओं के साथ क्या हुआ यह किसी से छिपा नहीं है। पाकिस्तान अलगाववादियों को निशाना बना सकता है।
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पीएमओ में राज्यमंत्री डॉ. सिंह ने जम्मू में एक कार्यक्रम के बाद पूछे गए सवाल के जवाब में कहा कि अलगाववादियों को भारत से कोई खतरा नहीं है। पर भारत को बदनाम करने के लिए पाकिस्तान उन पर हमले करा सकता है।
इसके चलते अलगाववादियों को सुरक्षा मुहैया कराई गई है। उन्होंने इस बारे में मिसाल देते हुए कहा कि अब्दुल गनी लोन, मौलवी फारूक जैसे अलगाववादी नेताओं के साथ क्या हुआ यह किसी से छिपा नहीं है। पाकिस्तान अलगाववादियों को निशाना बना सकता है।
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'हिंसा के पीछे पाकिस्तान का हाथ'
डॉ. जितेंद्र सिंह
- फोटो : Amar Ujala
पाकिस्तान के संबंध में उन्होंने कहा कि वो खुद अपनी ही नीतियों का शिकार है। बलूचिस्तान और पेशावर में जो हो रहा है वो इसका सबूत हैं।
घाटी में मौजूदा हालात में बल प्रयोग करने पर डॉ. सिंह ने कहा कि दुनिया में शायद यह पहला ऐसा मामला होगा जहां हिंसा में घायल होने वाले आम नागरिकों की संख्या घायल सुरक्षाकर्मियों से कम अथवा लगभग बराबर होगी।
इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि सुरक्षा बलों द्वारा कितना संयम बरता जा रहा है। उन्होंने कहा कि हर बात के लिए मुख्यमंत्री पर सवाल उठाना बिल्कुल सही नहीं है। हम यह भूल जाते हैं कि इस मामले में अलगाववादी और पाकिस्तान सीधे तौर पर शामिल हैं।
घाटी में मौजूदा हालात में बल प्रयोग करने पर डॉ. सिंह ने कहा कि दुनिया में शायद यह पहला ऐसा मामला होगा जहां हिंसा में घायल होने वाले आम नागरिकों की संख्या घायल सुरक्षाकर्मियों से कम अथवा लगभग बराबर होगी।
इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि सुरक्षा बलों द्वारा कितना संयम बरता जा रहा है। उन्होंने कहा कि हर बात के लिए मुख्यमंत्री पर सवाल उठाना बिल्कुल सही नहीं है। हम यह भूल जाते हैं कि इस मामले में अलगाववादी और पाकिस्तान सीधे तौर पर शामिल हैं।
'राष्ट्रविरोधी गतिविधि बर्दाश्त नहीं'
जम्मू में पत्रकारों से बात करते गृहमंत्री राजनाथ सिंह
- फोटो : PTI
कश्मीर पर केंद्र की नीति के बारे में डॉ. सिंह ने कहा कि सरकार का तीन सूत्रीय कार्यक्रम है। इसमें सबसे पहला है हिंसा से कोई समझौता नहीं करना। हिंसा को समाप्त करने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने पर सभी राजनीतिक दल भी सहमत हैं।
दूसरा हालात सुधरने के बाद युवाओं से बात की जाएगी। उन्हें मोदी सरकार की ओर से देश भर में शुरू की योजनाओं से जोड़ा जाएगा ताकि वो भी इनका लाभ उठा सकें।
उन्होंने कहा कि रियासत के युवा भी विकास के सफर में हितधारक बनना चाहते हैं, मगर उन्हें इस सबसे महरूम रखा गया है। तीसरा है कि इस बात को सुनिश्चित किया जाएगा कि राष्ट्र विरोधी गतिविधियों को किसी भी स्तर पर बर्दाश्त न किया जाए।
दूसरा हालात सुधरने के बाद युवाओं से बात की जाएगी। उन्हें मोदी सरकार की ओर से देश भर में शुरू की योजनाओं से जोड़ा जाएगा ताकि वो भी इनका लाभ उठा सकें।
उन्होंने कहा कि रियासत के युवा भी विकास के सफर में हितधारक बनना चाहते हैं, मगर उन्हें इस सबसे महरूम रखा गया है। तीसरा है कि इस बात को सुनिश्चित किया जाएगा कि राष्ट्र विरोधी गतिविधियों को किसी भी स्तर पर बर्दाश्त न किया जाए।