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लंबित मांगें पूरी नहीं होने पर फूटा गुस्सा
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जम्मू। कम वेतन सहित लंबित मांगें पूरी नहीं होने पर सफाई कर्मियों का शनिवार को सब्र का बांध टूट गया। उन्होंने प्रेस क्लब के बाहर सरकार और प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन कर रोष जताया। वहीं, राजभवन का घेराव करने के लिए आगे बढ़ते ही पुलिस ने रोक लिया। इस दौरान धक्का-मुक्की हुई, जिसमें आधा दर्जन कर्मचारियाें को मामूली चोटें आई हैं। पुलिस ने करीब आधा दर्जन कर्मचारियों को गिरफ्तार कर पुलिस लाइन पहुंचाया, जिसके बाद उन्हें जमानत पर रिहा कर दिया गया।
सिविक सफाई कर्मचारी यूनियन के अध्यक्ष रिंकू गिल और अखिल भारतीय सफाई मजदूर संघ के अध्यक्ष लक्की ने कहा कि मांगों को हल नहीं किया जा रहा है। मार्च माह में भी प्रदर्शन करने के साथ ही ज्ञापन सौंपा था। इसके बाद एक माह में मांगें हल करने के लिए कहा गया था। 15 अप्रैल को समय पूरा हो गया मगर सरकार की ओर से कोई कदम नहीं उठाया गया है। सफाई कर्मचारी विपरीत परिस्थितियों में काम कर रहे हैं। कम वेतन में परिवार का गुजारा चलाना मुश्किल हो रहा है। कई साल से कार्य कर रहे कर्मियों को स्थायी नहीं किया जा रहा है। इस बारे में कई बार हड़ताल हो चुकी है। अब इस संबंध में सोमवार को बैठक की जाएगी और हड़ताल के बारे में फैसला लिया जाएगा। जल्द कदम नहीं उठाने की सूरत में अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी जाएगी। प्रदर्शन में शहर और ग्रामीण इलाकों में सेवारत सफाई कर्मियों ने हिस्सा लिया।
यह हैं कर्मचारियों की मांगें
- यूटी की तर्ज पर वेतनमान दिया जाए
- 600 पदों पर नई नियुक्तियां की जाएं
- छह सौ कर्मचारियों को नियमित किया जाए
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सिविक सफाई कर्मचारी यूनियन के अध्यक्ष रिंकू गिल और अखिल भारतीय सफाई मजदूर संघ के अध्यक्ष लक्की ने कहा कि मांगों को हल नहीं किया जा रहा है। मार्च माह में भी प्रदर्शन करने के साथ ही ज्ञापन सौंपा था। इसके बाद एक माह में मांगें हल करने के लिए कहा गया था। 15 अप्रैल को समय पूरा हो गया मगर सरकार की ओर से कोई कदम नहीं उठाया गया है। सफाई कर्मचारी विपरीत परिस्थितियों में काम कर रहे हैं। कम वेतन में परिवार का गुजारा चलाना मुश्किल हो रहा है। कई साल से कार्य कर रहे कर्मियों को स्थायी नहीं किया जा रहा है। इस बारे में कई बार हड़ताल हो चुकी है। अब इस संबंध में सोमवार को बैठक की जाएगी और हड़ताल के बारे में फैसला लिया जाएगा। जल्द कदम नहीं उठाने की सूरत में अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी जाएगी। प्रदर्शन में शहर और ग्रामीण इलाकों में सेवारत सफाई कर्मियों ने हिस्सा लिया।
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यह हैं कर्मचारियों की मांगें
- यूटी की तर्ज पर वेतनमान दिया जाए
- 600 पदों पर नई नियुक्तियां की जाएं
- छह सौ कर्मचारियों को नियमित किया जाए