'सरकारी हेलीकाप्टर में सफर करते रहे मोदी'
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देश के प्रधानमंत्री ने सरकारी खर्च पर राज्य में सभी चुनावी रैलियों में हिस्सा लिया है। प्रधानमंत्री की रैलियों के कारण पैंथर्स पार्टी और अन्य पार्टियों को अपना चुनाव प्रचार करने में कई तरह की परेशानियों से जूझना पड़ा, क्योंकि जहां पर भी प्रधानमंत्री ने रैली की, वहां पर कर्फ्यू जैसे हालात बन गए।
लगातार चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन हुआ है। इसलिए उनकी चुनाव आयोग से मांग है कि फौरन इस चुनाव को रद्द किया जाए या फिर पांच दिन के लिए चुनाव की तारीख को आगे बढ़ाई जाए। ये बातें बुधवार को नेशनल पैंथर्स पार्टी के चीफ पैट्रन प्रो. भीम सिंह ने कहीं।
'मोदी के आते ही लग जाता है कर्फ्यू'
प्रो. भीम सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री लगातार हेलीकाप्टर पर सफर करके चुनावी रैलियों में हिस्सा ले रहे हैं। अभी तक जितनी भी रैलियां हुई हैं, इस पर करोड़ों की राशि खर्च की गई है। यह सारा खर्च सरकारी खाते से किया गया है।
यह पूरी तरह से चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन है। इसके अलावा जहां पर भी प्रधानमंत्री ने रैली की, वहां पर दो दिन के लिए कर्फ्यू जैसे हालात बना दिए गए। कई रास्तों को बंद कर दिया गया।
मंगलवार को जम्मू, कठुआ रैली के चलते तो लखनपुर तक सैकड़ों की संख्या में वाहन जाम में फंसे रहे। इसी कारण पैंथर्स पार्टी के प्रचारकों को प्रचार करने में परेशानियों का सामना करना पड़ा। प्रचारक जाम में फंसे रहे और सभाओं को स्थगित करना पड़ा।
'मोदी के आगे बौना हुआ चुनाव आयोग'
प्रधानमंत्री की रैली के कारण आम आदमी भी परेशानियों से जूझने को मजबूर रहा। जानकारी होने के बाद भी चुनाव आयोग किसी तरह की कार्रवाई नहीं कर रहा है।
चुनाव आयोग पूरी तरह से कमजोर हो चुका है। उन्होंने इस सारी समस्या को पत्र लिखकर चुनाव आयोग के सामने रखा है।
पैंथर्स पार्टी की मांग है कि इसको देखते हुए जम्मू में 20 दिसंबर को होने वाले चुनाव को तुरंत स्थगित किया जाए या फिर पांच दिन के लिए चुनाव की तारीख को आगे बढ़ाया जाए। अगर ऐसा नहीं हुआ तो वह इस मामले को सुप्रीम कोर्ट तक ले जाने को मजबूर हो जाएंगे।