{"_id":"57ffb7e74f1c1b8e1528fc24","slug":"omar-abdullah-tweet-on-iim-in-jammu","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"जम्मू में IIM की स्थापना को हरी झंडी मिलने के बाद तिलमिलाए उमर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जम्मू में IIM की स्थापना को हरी झंडी मिलने के बाद तिलमिलाए उमर
ब्यूरो, अमर उजाला/जम्मू
Updated Thu, 13 Oct 2016 10:06 PM IST
विज्ञापन
पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला
- फोटो : File Photo
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कांफ्रेंस के कार्यकारी अध्यक्ष उमर अब्दुल्ला जम्मू को आईआईएम मिलने से तिलमिला गए हैं।
उमर ने जम्मू के लिए आईआईएम को मंजूरी मिलने पर मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती पर भी तल्ख टिप्पणी की। उमर ने कहा आईआईटी के बाद अब आईआईएम भी जम्मू के लिए मंजूर किया गया है। यह पक्षपाती सियासत को दर्शाता है। मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती सत्ता के लिए अपनी आत्मा बेच चुकी हैं।
विज्ञापन
उमर ने जम्मू के लिए आईआईएम को मंजूरी मिलने पर मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती पर भी तल्ख टिप्पणी की। उमर ने कहा आईआईटी के बाद अब आईआईएम भी जम्मू के लिए मंजूर किया गया है। यह पक्षपाती सियासत को दर्शाता है। मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती सत्ता के लिए अपनी आत्मा बेच चुकी हैं।
Jammu gets the IIT & gets the IIM also. Where have all those voices that called for balanced regional development in J&K disappeared.
— Omar Abdullah (@abdullah_omar) October 13, 2016विज्ञापन
'जम्मू-कश्मीर में संतुलित विकास के दावे कहां चले गए'?
विधानसभा में बोलते उमर अब्दुल्ला
- फोटो : File Photo
उमर ने ट्वीट कर कहा जम्मू को आईआईटी और आईआईएम मिल गए हैं। जम्मू-कश्मीर में संतुलित विकास के दावे कहां चले गए। केंद्रीय कैबिनेट द्वारा जम्मू में आईआईएम स्थापित करने को मंजूरी के फैसले पर प्रतिक्रिया करते हुए उमर ने कहा कि जम्मू को आईआईएम देने का फैसला साफ तौर पर पक्षपाती सियासत को साबित कर रहा है। इसी की उम्मीद भी की जा रही थी।
हैरानी की बात नहीं है कि वर्तमान में राज्य के हालात खराब हैं। उमर ने कहा जब कश्मीर के लिए एम्स को मंजूरी दी गई तो जम्मू में विरोध हुआ। सरकार ने एक एम्स जम्मू के लिए भी मंजूर किया। अब पक्षपात क्यों किया जा रहा है। कश्मीर के लिए यदि सरकार आउट कैंपस को पर्याप्त बताती है तो कश्मीर में आईआईएम और जम्मू में उसका आउट कैंपस हो सकता था। महबूबा मुफ्ती अपना राजनीतिक एजेंडा बेच चुकी हैं।
हैरानी की बात नहीं है कि वर्तमान में राज्य के हालात खराब हैं। उमर ने कहा जब कश्मीर के लिए एम्स को मंजूरी दी गई तो जम्मू में विरोध हुआ। सरकार ने एक एम्स जम्मू के लिए भी मंजूर किया। अब पक्षपात क्यों किया जा रहा है। कश्मीर के लिए यदि सरकार आउट कैंपस को पर्याप्त बताती है तो कश्मीर में आईआईएम और जम्मू में उसका आउट कैंपस हो सकता था। महबूबा मुफ्ती अपना राजनीतिक एजेंडा बेच चुकी हैं।