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जम्मू-कश्मीरः आग्रह करने वाले पंच-सरपंचों को तत्काल मिले सुरक्षा- पंचायत कांफ्रेंस
Fri, 14 Aug 2020 03:39 PM IST
प्रशांत कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
Published by: प्रशांत कुमार
Updated Fri, 14 Aug 2020 03:39 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
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प्रदेश में पंचों-सरपंचों और बीडीसी अध्यक्षों के संगठन ऑल जेएंडके पंचायत कांफ्रेंस ने उपराज्यपाल मनोज सिन्हा से सुरक्षा का आग्रह करने वाले पंच-सरपंचों को तत्काल सुरक्षा मुहैया करने की मांग की। कांफ्रेंस ने कहा कि एडीजीपी को सुरक्षा कवर मुहैया करवाने का आग्रह कर चुके सरपंचों पंचों को सुरक्षा मुहैया करवाकर अपनी घोषणा पर अमलीजामा पहनाने की शुरूआत करें।
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कांफ्रेंस के अध्यक्ष अनिल शर्मा ने कहा कि जम्मू-कश्मीर में करीब 40 हजार सरपंच-पंच हैं। ऐसे में सबको सुरक्षा मुहैया करवाना सरकार के लिए संभव नहीं होगा। उनके संगठन की तरफ से सुरक्षा के खतरे को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक को 138 सरपंचों-पंचों की सूची सौंपी थी, लेकिन वह फाइल भी महीनों से पुलिस महकमे में ही धूल फांक रही है। आतंकवादियों से जिन सरपंचों पंचों को खतरा है। सरकार पहले उन्हें सुरक्षा मुहैया करवाए ताकि जमीनी स्तर पर लोकतंत्र को मजबूत करने का काम कर रहे सरपंचों पंचों का विश्वास और मनोबल बढ़े।
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शर्मा ने कहा कि जम्मू-कश्मीर अब केंद्र शासित प्रदेश बन चुका है। ऐसे में यहां पर भारतीय संविधान का 73वां संशोधन लागू होना चाहिए। 73वें संशोधन के तहत यहां की पंचायत संस्थाओं का अपना वित्तीय और चुनाव आयोग होगा। इससे पंचायत संस्थाएं पारदर्शी तरीके से गांवों का विकास कर पाएगी।
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