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जम्मू कश्मीर: टैक्स और यात्री वाहनों में जीपीएस के विरोध में सड़कों पर उतरे ट्रांसपोर्ट संगठन, बोले- कल रहेगा चक्का जाम
Tue, 29 Mar 2022 12:48 PM IST
kumar गुलशन कुमार
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
Published by: kumar गुलशन कुमार
Updated Tue, 29 Mar 2022 12:48 PM IST
सार
ऑल जम्मू कश्मीर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन ने अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। उन्होंने सरकार से सभी यात्री वाहनों में जीपीएस लगाने के आदेश को वापस लिए जाने की मांग की।
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Jammu Transport Protest
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
विभिन्न टैक्स और यात्री वाहनों में जीपीएस लगाने के लिए जारी आदेश के विरोध में जम्मू में मंगलवार को ऑल जम्मू कश्मीर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन ने केंद्र शासित प्रदेश सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि पैसेंजर टैक्स, टोकन टैक्स के जरिए ट्रांसपोर्ट के साथ जुड़े लोगों की कमर तोड़ने की कोशिश की जा रही है। साथ ही उन्होंने यात्री वाहनों में जीपीएस लगाने का विरोध किया। उनकी मांगें पूरी नहीं की गई तो वे कल चक्का जाम करेंगे।
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ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन का कहना है कि उन्होंने दस दिन सरकार को उनकी मांगे पूरी करने का अल्टीमेटम दिया है। अगर ऐसा नहीं हुआ तो आंदोलन को तीव्र किया जाएगा। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि सरकार ने आदेश जारी किया है कि सभी यात्री वाहनों में जीपीएस लगाए जाएंगे। लेकिन, स्थानीय मार्गों पर चलने वाले वाहनों में जीपीएस लगाना पूरी तरह गलत है। अगर जीपीएस लगाना है तो राज्यों में जाने वाले वाहनों में लगाएं। फिर भी अगर सरकार को लगता है कि सभी यात्री वाहनों में जीपीएस लगाना जरूरी है तो सरकार अपनी तरफ से जीपीएस लगा कर दे। इसके लिए ट्रांसपोर्टरों पर बोझ न डाला जाए।
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उन्होंने कहा कि ट्रांसपोर्टर पहले ही आर्थिक परेशानियों से जूझ रहे हैं। सरकार अब यात्री वाहनों के लिए 40 हजार रुपये यात्री कर भी मांग रही है। कोरोना संकट के कारण दो वर्ष तक वाहन सड़कों पर खड़े रहे थे। इस हिसाब से सरकार को यात्री कर माफ करना चाहिए। लेकिन, अब कर देने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार से मांग है कि सभी यात्री वाहनों में जीपीएस लगाने का आदेश वापस लिया जाए। अगर ऐसा नहीं होता है तो आने वाले दिनों में सड़कों पर उतर कर आंदोलन तेज करने को मजबूर होना पड़ेगा।
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