हिजबुल ने अलगाववादियों को दी धमकी, कहा- सिर काटकर लाल चौक पर लटकाएंगे
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हिजबुल कमांडर जाकिर मूसा ने हुर्रियत नेताओं को कश्मीर की आजादी को लेकर सियासत बंद करने की धमकी दी है। साथ ही चेताया है कि यदि इस्लाम के रास्ते में कांटा बनने की कोशिश की गई तो लाल चौक पर गला काट दिया जाएगा। शुक्रवार को फिर वायरल हुए आडियो में उसने कहा है कि हमारी जंग इस्लाम के लिए है।
पांच मिनट 40 सेकेंड के इस आडियो में मूसा ने कहा कि हाल ही में हुर्रियत नेताओं ने कश्मीर की समस्या को इस्लामिक समस्या न बताते हुए राजनीतिक समस्या बताया है। वह लोगों को गुमराह कर रहे हैं। यदि कश्मीर की समस्या सियासी संघर्ष है तो आज तक वे मस्जिदों का इस्तेमाल क्यों करते आए हैं। सड़क पर बैठकर इसके लिए धरना चलाएं।
सियासत बंद करनी चाहिए। वे संयुक्त राष्ट्र से उम्मीदें लगाए बैठे हैं। उसने कहा कि ये सियासी लोग हैं, इन्हें इस्लामिक लीडर न कहें। ये हमारे लीडर नहीं हो सकते। यदि इन्हें सियासत चलानी हो तो वे शरीयत के रास्ते में न आएं। धमकी दी कि यदि दोबारा रास्ते का कांटा बनने की कोशिश की तो उन्हें लाल चौक पर लटकाएंगे और गले काट देंगे। ये हमारे लीडर नहीं हो सकते।
'कश्मीर की जंग इस्लाम की सर बुलंदी के लिए'
आडियो में कहा गया है कि कश्मीर की जंग सिर्फ और सिर्फ इस्लाम की सर बुलंदी के लिए है। रास्ते का कांटा बनने की कोशिश न करें। लोगों को गुमराह होने की जरूरत नहीं है। गुजारिश है कि लोग इस्लाम की बुलंदी के लिए संगठित हों न कि इनके लिए। हमें पहचानना है हक क्या है। सबको पता है कि हक के लिए कितनी कुर्बानियां दी हैं।
यदि हुर्रियत नेता हक पर हैं तो एक रात साथ आएं। इन्हें सियासत चलानी है तो अपने घरों में चलाएं। ज्ञात हो कि हाल ही में हुर्रियत ने कहा था कि आईएस जैसे संगठनों का कश्मीर संघर्ष से कोई लेना-देना नहीं है। यह संकेत दिया था कि यह राजनीतिक समस्या है न कि धार्मिक।