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75 फीसदी मतदाताओं ने दबाया बटन
करनाल
Updated Thu, 16 Oct 2014 12:58 AM IST
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जिले के सभी पांचों विधानसभा क्षेत्रों में विधानसभा आम चुनाव कुछ जगहों
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पर छिटपुट घटनाओं के अलावा शांतिपूर्वक हुआ। असंध के गांव चोचड़ा में
समर्थकों में लड़ाई हुई, वहीं करनाल और घरौंडा में तकनीकी खराबी के चलते
मशीन भी बंद रहीं। इससे प्रशासन ने अतिरिक्त समय देकर मतदान करवाया।
जिले में कुल 9 लाख 62 हजार 740 मतदाताओं में से 7 लाख 19 हजार 651 मतदाताओं ने अपने मत का प्रयोग किया, जिसका कुल मतदान करीब 75 प्रतिशत रहा। सभी 5 विधानसभा क्षेत्रों में से घरौंडा विधानसभा क्षेत्र में सर्वाधिक 79.5 प्रतिशत मतदान हुआ है, जबकि करनाल विधानसभा क्षेत्र में सबसे कम 66.1 प्रतिशत मतदान रहा।
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं डीसी बलराज सिंह ने बताया कि सुबह सात बजे से ही मतदान केंद्रों के बाहर लंबी कतार लगनी शुरू हो गई थी।
दोपहर 12 बजे तक मतदान केंद्रों पर भारी भीड़ लगी रही और दोपहर बाद फिर मतदाताओं की लंबी लाइनें लग गई। कई मतदान केंद्रों पर तो मतदान समय छह बजे समाप्त होने के बाद भी लाइन में लगे। मतदाताओं ने देर शाम तक मतदान किया। मशीनों को विशेष सुरक्षा में रखा जाएगा। जिस कमरे में मशीनें रखीं जाएंगी। इससे पहले खाली कमरों की भी वीडियोग्राफी करवाई गई है।
यहां रखी गईं ईवीएम
जिले के करनाल विधानसभा क्षेत्र के बूथ नंबर-108 जो कि राजकीय सीनियर सेकेेंडरी स्कूल करनाल में स्थापित था। इस पोलिंग पार्टी ने सबसे पहले अपनी ईवीएम जमा करवाई। इंद्री विधानसभा क्षेत्र के लिए डीएवी सीनियर सेकेंडरी स्कूल करनाल में, नीलोखेड़ी विधानसभा क्षेत्र के लिए दयाल सिंह कॉलेज करनाल में, करनाल विधानसभा क्षेत्र के लिए डीएवी कॉलेज करनाल में, असंध विधानसभा क्षेत्र के लिए एसबीएस सीनियर सेकेंडरी स्कूल करनाल में तथा घरौंडा विधानसभा क्षेत्र के लिए कर्ण स्टेडियम स्थित स्केटिंग हॉल में चुनाव की मतगणना 19 अक्तूबर को प्रात: आठ बजे से आरंभ होगी।
तैनात रहा भारी पुलिस बल
सुरक्षा की दृष्टि से बूथों पर जहां पुलिस बल तैनात रहा, वहीं कई संवेदनशील व अतिसंवेदनशील स्थानों पर मतदान में वीडियोग्राफी भी की गई। किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए बार-बार पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों ने निरीक्षण किया।
दो मशीनों में आई खराबी
शहर के आरएस पब्लिक स्कूल में बूथ नंबर 80 की मशीन में तकनीकी खराबी आने पर बदला गया। तीस मिनट मतदान बंद रहा। तहसीलदार हरिओम अत्री मौके पर पहुंचे। रेलवे रोड स्थित जैन गर्ल्स स्कूल में भी मशीन में खराबी आने पर उसकी जगह दूसरी मशीन रखी गई। इससे बीस मिनट मतदान प्रभावित रहा। इसके अलावा दून वैली कॉलेज में एक बूथ की दो लिस्ट बना दी, ताकि एक जगह पर मतदाताओं को देरी न हो। एक दूसरी लाइन के चक्कर में मतदाता परेशान हुए और कई मतदाता बगैर वोट डाले ही निकल गए।
घरौंडा क्षेत्र में आई दिक्कत
घरौंडा क्षेत्र में शहर व गांवों में बार-बार प्रत्याशी व उसके समर्थक ईवीएम मशीन खराब होने की झूठी सूचना देते रहे। अधिकारी व कर्मचारी मौके पर पहुंचे तो मशीन ठीक मिली। बार-बार मशीन खराब होने की सूचना ने अधिकारियों को काफी परेशान किया। गांव अराईपूरा के बूथ नंबर 92 पर अचानक ईवीएम खराब हो गई। बूथ केंद्र पर तैनात कर्मचारियाें ने इसकी सूचना तुरंत चुनाव अधिकारी को दी गई। चुनाव अधिकारी अशोक मलिक ने तुरंत मशीन को ठीक कराया और मतदान प्रक्रिया सुचारु रूप से किया, वहीं चुनाव अधिकारी अशोक मलिक ने कहा कि छिटपुट घटनाओं को छोड़कर चुनाव शांतिप्रिय रहा। गांव अराईपूरा के बूथ नंबर 92 पर ईवीएम खराब हो गई थी। जिसको तुरंत ठीक कराया गया।
हर बीप की आवाज बनी किस्मत
मतदान केंद्र के अंदर हरेक बीप की आवाज चुनाव लड़ रहे प्रत्याशियों की किस्मत की घंटी के रूप में तब्दील होती रही। जैसे ही ईवीएम में बटन दबता, लाल रोशनी के साथ एक वोट दर्ज हो जाता।
घर-घर वोटर पर्ची बांटने से लोगाें को मिली राहत
विधानसभा चुनावों में अधिकारियों व कर्मचारियों ने वोटरों के पास घर-घर पर्चियां पहुंचाई। इससे वोटरों को काफी राहत मिली। मतदाताओं ने बताया कि पर्चियों के घर पहुंचने से झगड़े होने की आशंकाएं खत्म हो गई। क्याेंकि बूथ केंद्र के आस पास वोटर पर्चियां बांटने के लिए तंबू गाढ़ लेते थे। जिससे झगड़े होने की आशंका ज्यादा रहती थी। इस बार घर घर पर्ची जाने से बूथ केंद्रों के आस पास अधिकतर गांवों में किसी भी प्रत्याशी के बस्ते दिखाई नहीं दिए।
हर बूथ पर तैनात रहे बीएलओ
चुनाव आयोग की तरफ से मतदाताओं को वोट डालने में किसी प्रकार की कोई दिक्कत न आए। इसलिए सभी बूथ केंद्रों पर बीएलओ तैनात रहे और वे वोटरों को सभी प्रकार की जानकारियां मुहैया करवा रहे थे। चुनाव आयोग के इस कदम की वोटरों ने सराहना की।
हाथ जोड़कर की मतदाताओं से वोट की अपील
मतदान के दौरान सभी पार्टियों के प्रत्याशियों ने लोकसभा क्षेत्रों का दौरा किया। वे जिस भी बूथ पर गए, वहां हाथ जोड़कर मतदाताओं से वोट देने की अपील करते देखे गए। मतदाताओं से उनका और परिवार का हालचाल पूछते भी प्रत्याशियों को देखा गया।
इन्होंने संभाला सुरक्षा का जिम्मा
चुनाव के मद्देनजर जिले में करीब चार हजार 448 अधिकारी व कर्मचारी ड्यूटी पर रहे। इनमें 71 सुपरवाइजर व 71 ड्यूटी मजिस्ट्रेट रहे। चुनाव आयोग की ओर से तैनात पर्यवेक्षक सभी मतदान केंद्रों पर नजर रखी। मतदान केंद्रों पर 142 माइक्रो ऑब्जर्वर भी तैनात रहे। दो हजार 933 सुरक्षा कर्मियों की तैनाती रही। अतिसंवेदनशील और संवेदनशील बूथों पर पैरामिल्ट्री और कमांडोज को लगाया। एक-एक डीएसपी के साथ 75 जवान विभिन्न स्थानों पर ड्यूटी पर रहे। एक-एक एसएचओ के साथ 110 जवान निगरानी में रहे। पांचों विधानसभा क्षेत्रों में 24 नाके लगाए। जिन पर 449 पुलिस जवान तैनात रहे, जो नाकों के साथ-साथ पेट्रोलिंग के कार्य भी देखा। सुरक्षा की दृष्टि से होमगार्ड के 742, जेल पुलिस से 88, फोरेस्ट गार्ड से 12 तथा नाहन से भी होमगार्ड के 250 जवान बुलाए गए थे।
मतदान केंद्र (कुल-877)
असंध -181
घरौंडा -177
इंद्री -176
करनाल-171
नीलोखेड़ी-172
1. विधानसभा क्षेत्र : करनाल
उम्मीदवार 14
ईवीएम 420
2. विधानसभा क्षेत्र - नीलोखेड़ी (आरक्षित)
उम्मीदवार 17
ईवीएम 630
3. विधानसभा क्षेत्र -इंद्री
उम्मीदवार 16
ईवीएम 630
4. विधानसभा क्षेत्र -घरौंडा
उम्मीदवार 14
ईवीएम 420
5. विधानसभा क्षेत्र- असंध
उम्मीदवार 28
ईवीएम 660
महिलाएं भी नहीं रहीं पीछे
अब तक मतदान केंद्रों के बाहर पुरुष ही पार्टियों के बस्ते संभालते रहे थे, लेकिन इस बार महिलाओं को भी इस काम में जुटे देखा गया। जिले में कई जगह महिलाओं ने विभिन्न पार्टियों के बस्ते संभाले और बखूबी पर्चियां काट कर लोगों को मतदान करने मे मद्द की।
अंकल मुझे मोदी सरकार को देखना है
शहर स्थित चार चमन वासी मनीष के साथ उनकी बिटिया ज्योत्सना शर्मा भी वोट डालने गई। आदर्श पब्लिक स्कूल में जब ड्यूटी कर्मचारियाें ने ज्योत्सना को बाहर खड़े रहने के लिए बोला तो ज्योत्सना ने तपाक से कहा अंकल मुझे मोदी सरकार को देखना है। इस पर ड्यूटी कर्मचारी भी हंसने लगे और बच्चे को जाने दिया। मनीष ने बताया कि उनकी बिटिया ज्योत्सना कमल के फूल को मोदी सरकार समझती है।
भाई हामनै तो जिम्मेदारी निभा दी...
नीलोखेड़ी के गांव खेड़ामान सिंह में दोपहर को मतदान करके एक पेड़ के नीचे ताश खेलने में लगे रहे। संवाददाता ने सवाल किया कि आपके इलाके में किसकी हवा है, वहां बैठे धनपत, श्याम लाल, मोहन, तेलू, मामन ने ताश की थाप देते हुए बोले भाई लोकसभा तै लेकै इबै तक तो मोदी की हवा चाल रही सै। वहीं बैठे दो लोगों ने फटाक से जवाब दिया क्यों भाई कांग्रेस नै के माड़ा करया सै। इसी बात पर उनमें खूब नोकझोंक हुई। काफी देर के बाद हंसते हुए बोले भाई हामनै तो आपनी जिम्मेदारी निभा दी, बाकी जितण आला जाणै।
हामनै कौणी खिचवानी फोटो फाटो
इंद्री क्षेत्र के बड़ा गांव में वोट डालने के बाद दो बुजुर्ग चारपाई पर हुक्का गुड़गुड़ा रहे थे। उनकी फोटो की खिंचने के लिए जब कहा कि ताऊ वोट डालने का निशान दिखाना फोटो खिंचनी है तो दोनों ताऊ ने फोटो ही नहीं खिंचवाया। ताऊ बोले भाई क्यों हामनै बदनाम करै सै, लोग कहेंगे कि देख बुढ़या नै मस्ती लाग री सै, हामनै कौणी खिचवाणी फोटो-फाटो।
बुढ़ापे में युवाओं जैसा जज्बा
प्रेम नगर वासी रोशनी देवी और खजान्नो देवी ने अस्सी की उम्र पार कर ली है, लेकिन जज्बा अभी भी युवा जैसा है। दोनों ने एक साथ सुबह एक किलोमीटर पैदल जाकर अपने बूथ पर मत का प्रयोग किया। उन्होंने कहा कि कुछ लोग मतदान नहीं करते, जोे गलत है। ऐसा करके वो अपनी जिम्मेदारी से भागते हैं। लोगों को यह दिखाने के लिए कि वो आज भी युवाओं से कम नहीं हैं, इसलिए पैदल चल कर वोट डालने आई हैं।
जिले में कुल 9 लाख 62 हजार 740 मतदाताओं में से 7 लाख 19 हजार 651 मतदाताओं ने अपने मत का प्रयोग किया, जिसका कुल मतदान करीब 75 प्रतिशत रहा। सभी 5 विधानसभा क्षेत्रों में से घरौंडा विधानसभा क्षेत्र में सर्वाधिक 79.5 प्रतिशत मतदान हुआ है, जबकि करनाल विधानसभा क्षेत्र में सबसे कम 66.1 प्रतिशत मतदान रहा।
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं डीसी बलराज सिंह ने बताया कि सुबह सात बजे से ही मतदान केंद्रों के बाहर लंबी कतार लगनी शुरू हो गई थी।
दोपहर 12 बजे तक मतदान केंद्रों पर भारी भीड़ लगी रही और दोपहर बाद फिर मतदाताओं की लंबी लाइनें लग गई। कई मतदान केंद्रों पर तो मतदान समय छह बजे समाप्त होने के बाद भी लाइन में लगे। मतदाताओं ने देर शाम तक मतदान किया। मशीनों को विशेष सुरक्षा में रखा जाएगा। जिस कमरे में मशीनें रखीं जाएंगी। इससे पहले खाली कमरों की भी वीडियोग्राफी करवाई गई है।
यहां रखी गईं ईवीएम
जिले के करनाल विधानसभा क्षेत्र के बूथ नंबर-108 जो कि राजकीय सीनियर सेकेेंडरी स्कूल करनाल में स्थापित था। इस पोलिंग पार्टी ने सबसे पहले अपनी ईवीएम जमा करवाई। इंद्री विधानसभा क्षेत्र के लिए डीएवी सीनियर सेकेंडरी स्कूल करनाल में, नीलोखेड़ी विधानसभा क्षेत्र के लिए दयाल सिंह कॉलेज करनाल में, करनाल विधानसभा क्षेत्र के लिए डीएवी कॉलेज करनाल में, असंध विधानसभा क्षेत्र के लिए एसबीएस सीनियर सेकेंडरी स्कूल करनाल में तथा घरौंडा विधानसभा क्षेत्र के लिए कर्ण स्टेडियम स्थित स्केटिंग हॉल में चुनाव की मतगणना 19 अक्तूबर को प्रात: आठ बजे से आरंभ होगी।
तैनात रहा भारी पुलिस बल
सुरक्षा की दृष्टि से बूथों पर जहां पुलिस बल तैनात रहा, वहीं कई संवेदनशील व अतिसंवेदनशील स्थानों पर मतदान में वीडियोग्राफी भी की गई। किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए बार-बार पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों ने निरीक्षण किया।
दो मशीनों में आई खराबी
शहर के आरएस पब्लिक स्कूल में बूथ नंबर 80 की मशीन में तकनीकी खराबी आने पर बदला गया। तीस मिनट मतदान बंद रहा। तहसीलदार हरिओम अत्री मौके पर पहुंचे। रेलवे रोड स्थित जैन गर्ल्स स्कूल में भी मशीन में खराबी आने पर उसकी जगह दूसरी मशीन रखी गई। इससे बीस मिनट मतदान प्रभावित रहा। इसके अलावा दून वैली कॉलेज में एक बूथ की दो लिस्ट बना दी, ताकि एक जगह पर मतदाताओं को देरी न हो। एक दूसरी लाइन के चक्कर में मतदाता परेशान हुए और कई मतदाता बगैर वोट डाले ही निकल गए।
घरौंडा क्षेत्र में आई दिक्कत
घरौंडा क्षेत्र में शहर व गांवों में बार-बार प्रत्याशी व उसके समर्थक ईवीएम मशीन खराब होने की झूठी सूचना देते रहे। अधिकारी व कर्मचारी मौके पर पहुंचे तो मशीन ठीक मिली। बार-बार मशीन खराब होने की सूचना ने अधिकारियों को काफी परेशान किया। गांव अराईपूरा के बूथ नंबर 92 पर अचानक ईवीएम खराब हो गई। बूथ केंद्र पर तैनात कर्मचारियाें ने इसकी सूचना तुरंत चुनाव अधिकारी को दी गई। चुनाव अधिकारी अशोक मलिक ने तुरंत मशीन को ठीक कराया और मतदान प्रक्रिया सुचारु रूप से किया, वहीं चुनाव अधिकारी अशोक मलिक ने कहा कि छिटपुट घटनाओं को छोड़कर चुनाव शांतिप्रिय रहा। गांव अराईपूरा के बूथ नंबर 92 पर ईवीएम खराब हो गई थी। जिसको तुरंत ठीक कराया गया।
हर बीप की आवाज बनी किस्मत
मतदान केंद्र के अंदर हरेक बीप की आवाज चुनाव लड़ रहे प्रत्याशियों की किस्मत की घंटी के रूप में तब्दील होती रही। जैसे ही ईवीएम में बटन दबता, लाल रोशनी के साथ एक वोट दर्ज हो जाता।
घर-घर वोटर पर्ची बांटने से लोगाें को मिली राहत
विधानसभा चुनावों में अधिकारियों व कर्मचारियों ने वोटरों के पास घर-घर पर्चियां पहुंचाई। इससे वोटरों को काफी राहत मिली। मतदाताओं ने बताया कि पर्चियों के घर पहुंचने से झगड़े होने की आशंकाएं खत्म हो गई। क्याेंकि बूथ केंद्र के आस पास वोटर पर्चियां बांटने के लिए तंबू गाढ़ लेते थे। जिससे झगड़े होने की आशंका ज्यादा रहती थी। इस बार घर घर पर्ची जाने से बूथ केंद्रों के आस पास अधिकतर गांवों में किसी भी प्रत्याशी के बस्ते दिखाई नहीं दिए।
हर बूथ पर तैनात रहे बीएलओ
चुनाव आयोग की तरफ से मतदाताओं को वोट डालने में किसी प्रकार की कोई दिक्कत न आए। इसलिए सभी बूथ केंद्रों पर बीएलओ तैनात रहे और वे वोटरों को सभी प्रकार की जानकारियां मुहैया करवा रहे थे। चुनाव आयोग के इस कदम की वोटरों ने सराहना की।
हाथ जोड़कर की मतदाताओं से वोट की अपील
मतदान के दौरान सभी पार्टियों के प्रत्याशियों ने लोकसभा क्षेत्रों का दौरा किया। वे जिस भी बूथ पर गए, वहां हाथ जोड़कर मतदाताओं से वोट देने की अपील करते देखे गए। मतदाताओं से उनका और परिवार का हालचाल पूछते भी प्रत्याशियों को देखा गया।
इन्होंने संभाला सुरक्षा का जिम्मा
चुनाव के मद्देनजर जिले में करीब चार हजार 448 अधिकारी व कर्मचारी ड्यूटी पर रहे। इनमें 71 सुपरवाइजर व 71 ड्यूटी मजिस्ट्रेट रहे। चुनाव आयोग की ओर से तैनात पर्यवेक्षक सभी मतदान केंद्रों पर नजर रखी। मतदान केंद्रों पर 142 माइक्रो ऑब्जर्वर भी तैनात रहे। दो हजार 933 सुरक्षा कर्मियों की तैनाती रही। अतिसंवेदनशील और संवेदनशील बूथों पर पैरामिल्ट्री और कमांडोज को लगाया। एक-एक डीएसपी के साथ 75 जवान विभिन्न स्थानों पर ड्यूटी पर रहे। एक-एक एसएचओ के साथ 110 जवान निगरानी में रहे। पांचों विधानसभा क्षेत्रों में 24 नाके लगाए। जिन पर 449 पुलिस जवान तैनात रहे, जो नाकों के साथ-साथ पेट्रोलिंग के कार्य भी देखा। सुरक्षा की दृष्टि से होमगार्ड के 742, जेल पुलिस से 88, फोरेस्ट गार्ड से 12 तथा नाहन से भी होमगार्ड के 250 जवान बुलाए गए थे।
मतदान केंद्र (कुल-877)
असंध -181
घरौंडा -177
इंद्री -176
करनाल-171
नीलोखेड़ी-172
1. विधानसभा क्षेत्र : करनाल
उम्मीदवार 14
ईवीएम 420
2. विधानसभा क्षेत्र - नीलोखेड़ी (आरक्षित)
उम्मीदवार 17
ईवीएम 630
3. विधानसभा क्षेत्र -इंद्री
उम्मीदवार 16
ईवीएम 630
4. विधानसभा क्षेत्र -घरौंडा
उम्मीदवार 14
ईवीएम 420
5. विधानसभा क्षेत्र- असंध
उम्मीदवार 28
ईवीएम 660
महिलाएं भी नहीं रहीं पीछे
अब तक मतदान केंद्रों के बाहर पुरुष ही पार्टियों के बस्ते संभालते रहे थे, लेकिन इस बार महिलाओं को भी इस काम में जुटे देखा गया। जिले में कई जगह महिलाओं ने विभिन्न पार्टियों के बस्ते संभाले और बखूबी पर्चियां काट कर लोगों को मतदान करने मे मद्द की।
अंकल मुझे मोदी सरकार को देखना है
शहर स्थित चार चमन वासी मनीष के साथ उनकी बिटिया ज्योत्सना शर्मा भी वोट डालने गई। आदर्श पब्लिक स्कूल में जब ड्यूटी कर्मचारियाें ने ज्योत्सना को बाहर खड़े रहने के लिए बोला तो ज्योत्सना ने तपाक से कहा अंकल मुझे मोदी सरकार को देखना है। इस पर ड्यूटी कर्मचारी भी हंसने लगे और बच्चे को जाने दिया। मनीष ने बताया कि उनकी बिटिया ज्योत्सना कमल के फूल को मोदी सरकार समझती है।
भाई हामनै तो जिम्मेदारी निभा दी...
नीलोखेड़ी के गांव खेड़ामान सिंह में दोपहर को मतदान करके एक पेड़ के नीचे ताश खेलने में लगे रहे। संवाददाता ने सवाल किया कि आपके इलाके में किसकी हवा है, वहां बैठे धनपत, श्याम लाल, मोहन, तेलू, मामन ने ताश की थाप देते हुए बोले भाई लोकसभा तै लेकै इबै तक तो मोदी की हवा चाल रही सै। वहीं बैठे दो लोगों ने फटाक से जवाब दिया क्यों भाई कांग्रेस नै के माड़ा करया सै। इसी बात पर उनमें खूब नोकझोंक हुई। काफी देर के बाद हंसते हुए बोले भाई हामनै तो आपनी जिम्मेदारी निभा दी, बाकी जितण आला जाणै।
हामनै कौणी खिचवानी फोटो फाटो
इंद्री क्षेत्र के बड़ा गांव में वोट डालने के बाद दो बुजुर्ग चारपाई पर हुक्का गुड़गुड़ा रहे थे। उनकी फोटो की खिंचने के लिए जब कहा कि ताऊ वोट डालने का निशान दिखाना फोटो खिंचनी है तो दोनों ताऊ ने फोटो ही नहीं खिंचवाया। ताऊ बोले भाई क्यों हामनै बदनाम करै सै, लोग कहेंगे कि देख बुढ़या नै मस्ती लाग री सै, हामनै कौणी खिचवाणी फोटो-फाटो।
बुढ़ापे में युवाओं जैसा जज्बा
प्रेम नगर वासी रोशनी देवी और खजान्नो देवी ने अस्सी की उम्र पार कर ली है, लेकिन जज्बा अभी भी युवा जैसा है। दोनों ने एक साथ सुबह एक किलोमीटर पैदल जाकर अपने बूथ पर मत का प्रयोग किया। उन्होंने कहा कि कुछ लोग मतदान नहीं करते, जोे गलत है। ऐसा करके वो अपनी जिम्मेदारी से भागते हैं। लोगों को यह दिखाने के लिए कि वो आज भी युवाओं से कम नहीं हैं, इसलिए पैदल चल कर वोट डालने आई हैं।