{"_id":"5be490d8bdec22696f00927d","slug":"15417058986-poonch-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मुगलरोड पर फंसे ट्रकों को हटाने का दिनभर चला काम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मुगलरोड पर फंसे ट्रकों को हटाने का दिनभर चला काम
Updated Fri, 09 Nov 2018 01:09 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पुंछ। वीरवार को पुंछ और राजोरी जिलों को कश्मीर से जोड़ने वाली ऐतिहासिक मुगलरोड पर दिन भर सात दिन से बर्फ में फंसे हुए सैकड़ों ट्रकों को हटाने का काम चलता रहा। ये ट्रक कश्मीर से सेब लेकर अन्य राज्यों को जा रहे थे और मुगलरोड पर भारी बर्फबारी होने से फंस गए। एक हफ्ते बाद भी सभी ट्रकों को नहीं निकाला जा सका है। ट्रकों के नहीं निकाले जाने से मुगलरोड पर वीरवार को भी यातायात नहीं बहाल हो सका। अब उम्मीद जताई जा रही है कि शुक्रवार को ट्रकों को निकाल कर मुगलरोड पर यातायात बहाल किया जा सकेगा।
पुंछ जिले की तरफ से पीडब्ल्यूडी मेकेनिकल विंग के असिस्टेंट एग्जीक्यूटिव इंजीनियर कमल ज्योति शर्मा और जूनियर इंजीनियर गगनदीप सिंह की देखरेख में विभाग की मशीनों ने अभियान शुरू किया। इस दौरान मशीनों ने न सिर्फ ट्रकों के आसपास जमा बर्फ की मोटी चादर को हटाने के काम को अंजाम दिया, बल्कि बर्फ में इतने दिनों तक फंसे रहने के कारण स्टार्ट न हो रहे ट्रकों को मशीनों ने लोहे के रस्सों की मदद से खींच कर सड़क के बीच लाया, जहां पर चालकों ने विभाग के कर्मचारियों के सहयोग से ट्रकों को स्टार्ट किया। जिसके बाद दोपहर ट्रकों को सूरनकोट की तरफ भेजा गया। इस दौरान मुगलरोड पर बफलियाज से पीर की गली तक बर्फ हटा कर सड़क को वाहनों के चलने योग्य बनाने के साथ ही सड़क पर बिछी मोटी बर्फ को हटा कर उसको चौड़ा करने का भी दिन भर अभियान जारी रहा, ताकि मुगलरोड पर दोतरफा यातायात जल्दी बहाल हो सके।
गौरतलब है कि एक नवंबर को राज्य के अन्य भागों की ही तरह पुंछ जिले में पीर पंजाल के पहाड़ों से कश्मीर घाटी के लिए बनाई गई मुगलरोड पर भी तीन दिनों तक भारी बर्फ बारी हुई थी। इसमें सैकड़ों ट्रक पीर की गली से छत्ता पानी क्षेत्र के बीच फंस कर रह गए थे। इस बार कई साल के बाद नवंबर के पहले महीने में मुगलरोड पर दो से चार फुट तक बर्फबारी हुई है। मौसम साफ होने के बाद पिछले चार दिन से पीडब्ल्यूडी मेकेनिकल विंग ने सूरनकोट तहसील के बफलियाज क्षेत्र से चार दिनों में 47 किलोमीटर लंबे मार्ग से बर्फ हटा कर पीर की गली तक सड़क को साफ कर दिया है, लेकिन बीच में बड़ी संख्या में ट्रक फंसे होने से मुगलरोड पर यातायात बहाल नहीं हो पा रहा है। इसके चलते ही दिनभर मुगलरोड पर फंसे ट्रकों को निकालने के लिए वीरवार को दिनभर अभियान चलाया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
पुंछ जिले की तरफ से पीडब्ल्यूडी मेकेनिकल विंग के असिस्टेंट एग्जीक्यूटिव इंजीनियर कमल ज्योति शर्मा और जूनियर इंजीनियर गगनदीप सिंह की देखरेख में विभाग की मशीनों ने अभियान शुरू किया। इस दौरान मशीनों ने न सिर्फ ट्रकों के आसपास जमा बर्फ की मोटी चादर को हटाने के काम को अंजाम दिया, बल्कि बर्फ में इतने दिनों तक फंसे रहने के कारण स्टार्ट न हो रहे ट्रकों को मशीनों ने लोहे के रस्सों की मदद से खींच कर सड़क के बीच लाया, जहां पर चालकों ने विभाग के कर्मचारियों के सहयोग से ट्रकों को स्टार्ट किया। जिसके बाद दोपहर ट्रकों को सूरनकोट की तरफ भेजा गया। इस दौरान मुगलरोड पर बफलियाज से पीर की गली तक बर्फ हटा कर सड़क को वाहनों के चलने योग्य बनाने के साथ ही सड़क पर बिछी मोटी बर्फ को हटा कर उसको चौड़ा करने का भी दिन भर अभियान जारी रहा, ताकि मुगलरोड पर दोतरफा यातायात जल्दी बहाल हो सके।
विज्ञापन
गौरतलब है कि एक नवंबर को राज्य के अन्य भागों की ही तरह पुंछ जिले में पीर पंजाल के पहाड़ों से कश्मीर घाटी के लिए बनाई गई मुगलरोड पर भी तीन दिनों तक भारी बर्फ बारी हुई थी। इसमें सैकड़ों ट्रक पीर की गली से छत्ता पानी क्षेत्र के बीच फंस कर रह गए थे। इस बार कई साल के बाद नवंबर के पहले महीने में मुगलरोड पर दो से चार फुट तक बर्फबारी हुई है। मौसम साफ होने के बाद पिछले चार दिन से पीडब्ल्यूडी मेकेनिकल विंग ने सूरनकोट तहसील के बफलियाज क्षेत्र से चार दिनों में 47 किलोमीटर लंबे मार्ग से बर्फ हटा कर पीर की गली तक सड़क को साफ कर दिया है, लेकिन बीच में बड़ी संख्या में ट्रक फंसे होने से मुगलरोड पर यातायात बहाल नहीं हो पा रहा है। इसके चलते ही दिनभर मुगलरोड पर फंसे ट्रकों को निकालने के लिए वीरवार को दिनभर अभियान चलाया गया।
विज्ञापन