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Udhampur News: उपायुक्त ने टीबी मुक्त भारत अभियान की प्रगति की समीक्षा की
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उधमपुर। उपायुक्त सलोनी राय ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ टीबी मुक्त भारत अभियान की वर्तमान स्थिति की समीक्षा के लिए सोमवार को एक बैठक की। इसका उद्देश्य टीबी मुक्त उधमपुर के लक्ष्य को प्राप्त करने के प्रयासों में तेजी लाना था।
शुरुआत में मुख्य चिकित्सा अधिकारी उधमपुर डॉ. अनिल मन्हास ने एक पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से जिले के प्रदर्शन का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया। उपायुक्त ने प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत शुरू की गई निक्षय मित्र पहल के कार्यान्वयन की भी समीक्षा की। इसका उद्देश्य टीबी रोगियों को अतिरिक्त सहायता प्रदान करना और उपचार परिणामों में सुधार करना है।
उपायुक्त ने एनएएटी और एक्स-रे परीक्षण, उपचार की सफलता दर और निक्षय मित्र पंजीकरण की स्थिति की समीक्षा की और संबंधित अधिकारियों को टीबी परीक्षण बढ़ाने और नैदानिक सुविधाओं को मजबूत करने के निर्देश दिए। उन्होंने टीबी के मामलों का शीघ्र पता लगाने और समय पर उपचार सुनिश्चित करने के लिए बेहतर परामर्श के महत्व पर बल दिया।
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उपायुक्त ने टीबी उन्मूलन के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए जागरूकता अभियान तेज करने, अधिक परीक्षण करने और सामूहिक प्रयास करने का आह्वान किया। उन्होंने संबंधित विभागों को अक्टूबर 2025 तक 100 प्रतिशत स्क्रीनिंग कवरेज प्राप्त करने के लिए निकट समन्वय में काम करने का निर्देश दिया। उपायुक्त ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिया कि वे कमजोर और उपेक्षित आबादी, विशेष रूप से दूरदराज के क्षेत्रों में रहने वालों तक पहुंच को प्राथमिकता दें।
उन्होंने अधिकारियों को कमजोर समूहों का पता लगाने, निदान और उपचार सेवाओं को मजबूत करने और केंद्रित स्क्रीनिंग और परीक्षण अभियानों के माध्यम से शीघ्र पहचान को बढ़ावा देने का निर्देश दिया। जिला क्षय रोग अधिकारी को टीबी रोगियों की शीघ्र पहचान और उपचार के लिए समर्पित स्वास्थ्य शिविर आयोजित करने और जिले भर में गहन जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश दिया गया। उन्होंने आम जनता से टीबी रोगियों की सहायता करने और टीबी मुक्त भारत बनाने के इस राष्ट्रीय मिशन में योगदान देने के लिए स्वेच्छा से नि-क्षय मित्र के रूप में पंजीकरण कराने का भी आग्रह किया।
बैठक में अतिरिक्त जिला विकास आयुक्त राजिंदर सिंह, पीओ पोषण सुभाष डोगरा और स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
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शुरुआत में मुख्य चिकित्सा अधिकारी उधमपुर डॉ. अनिल मन्हास ने एक पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से जिले के प्रदर्शन का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया। उपायुक्त ने प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत शुरू की गई निक्षय मित्र पहल के कार्यान्वयन की भी समीक्षा की। इसका उद्देश्य टीबी रोगियों को अतिरिक्त सहायता प्रदान करना और उपचार परिणामों में सुधार करना है।
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उपायुक्त ने एनएएटी और एक्स-रे परीक्षण, उपचार की सफलता दर और निक्षय मित्र पंजीकरण की स्थिति की समीक्षा की और संबंधित अधिकारियों को टीबी परीक्षण बढ़ाने और नैदानिक सुविधाओं को मजबूत करने के निर्देश दिए। उन्होंने टीबी के मामलों का शीघ्र पता लगाने और समय पर उपचार सुनिश्चित करने के लिए बेहतर परामर्श के महत्व पर बल दिया।
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उपायुक्त ने टीबी उन्मूलन के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए जागरूकता अभियान तेज करने, अधिक परीक्षण करने और सामूहिक प्रयास करने का आह्वान किया। उन्होंने संबंधित विभागों को अक्टूबर 2025 तक 100 प्रतिशत स्क्रीनिंग कवरेज प्राप्त करने के लिए निकट समन्वय में काम करने का निर्देश दिया। उपायुक्त ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिया कि वे कमजोर और उपेक्षित आबादी, विशेष रूप से दूरदराज के क्षेत्रों में रहने वालों तक पहुंच को प्राथमिकता दें।
उन्होंने अधिकारियों को कमजोर समूहों का पता लगाने, निदान और उपचार सेवाओं को मजबूत करने और केंद्रित स्क्रीनिंग और परीक्षण अभियानों के माध्यम से शीघ्र पहचान को बढ़ावा देने का निर्देश दिया। जिला क्षय रोग अधिकारी को टीबी रोगियों की शीघ्र पहचान और उपचार के लिए समर्पित स्वास्थ्य शिविर आयोजित करने और जिले भर में गहन जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश दिया गया। उन्होंने आम जनता से टीबी रोगियों की सहायता करने और टीबी मुक्त भारत बनाने के इस राष्ट्रीय मिशन में योगदान देने के लिए स्वेच्छा से नि-क्षय मित्र के रूप में पंजीकरण कराने का भी आग्रह किया।
बैठक में अतिरिक्त जिला विकास आयुक्त राजिंदर सिंह, पीओ पोषण सुभाष डोगरा और स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी उपस्थित थे।