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भारत को खुद फैसले लेने चाहिए, कोई और देश कैसे ले सकता है : फारूक
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- एनसी अध्यक्ष ने अमेरिका की भारत को रूसी तेल खरीदने की छूट देने को लेकर केंद्र सरकार पर साधा निशाना
अमर उजाला ब्यूरो
श्रीनगर। नेशनल कॉन्फ्रेंस (एनसी) के अध्यक्ष डॉ फारूक अब्दुल्ला ने शनिवार को अमेरिका के भारत को रूस से तेल खरीदने के लिए 30 दिन की छूट देने के बाद केंद्र पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि देश को खुद फैसले लेने चाहिए और किसी को उसके लिए फैसला नहीं करना चाहिए।
अब्दुल्ला ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा, हम निर्भर नहीं हैं। दुख की बात यह है कि मुझे नहीं पता कि वे हमें निर्भर क्यों बना रहे हैं। यह इस देश की आजादी का सवाल है। देश को यह तय करना है कि उसके लिए क्या अच्छा है। किसी और को उसका भविष्य तय नहीं करना चाहिए। नेकां अध्यक्ष ने आगे कहा, यह एक दुख की बात है। हमने पहले भी प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के समय में देखा है। अमेरिका चाहता था कि भारत उसके लिए वोट करे।
उन्होंने कहा कि अगर आप ऐसा नहीं करते हैं तो न्यूक्लियर डील मुश्किल में पड़ जाएगी। आप जानते हैं प्रधानमंत्री सिंह ने क्या कहा? उन्होंने कहा कि यह भारत का फैसला है। भारत अपना फैसला खुद करेगा। हम वही करेंगे जो भारत के लिए अच्छा होगा।
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गौरतलब है कि भारत ने शनिवार को इसकी भी पुष्टि की कि वह अमेरिका की ओर से दी गई अस्थायी छूट के बाद भी रूस से तेल इंपोर्ट करना जारी रखे हुए है। यह छूट चल रहे युद्ध के कारण दी गई थी।
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अमर उजाला ब्यूरो
श्रीनगर। नेशनल कॉन्फ्रेंस (एनसी) के अध्यक्ष डॉ फारूक अब्दुल्ला ने शनिवार को अमेरिका के भारत को रूस से तेल खरीदने के लिए 30 दिन की छूट देने के बाद केंद्र पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि देश को खुद फैसले लेने चाहिए और किसी को उसके लिए फैसला नहीं करना चाहिए।
अब्दुल्ला ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा, हम निर्भर नहीं हैं। दुख की बात यह है कि मुझे नहीं पता कि वे हमें निर्भर क्यों बना रहे हैं। यह इस देश की आजादी का सवाल है। देश को यह तय करना है कि उसके लिए क्या अच्छा है। किसी और को उसका भविष्य तय नहीं करना चाहिए। नेकां अध्यक्ष ने आगे कहा, यह एक दुख की बात है। हमने पहले भी प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के समय में देखा है। अमेरिका चाहता था कि भारत उसके लिए वोट करे।
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उन्होंने कहा कि अगर आप ऐसा नहीं करते हैं तो न्यूक्लियर डील मुश्किल में पड़ जाएगी। आप जानते हैं प्रधानमंत्री सिंह ने क्या कहा? उन्होंने कहा कि यह भारत का फैसला है। भारत अपना फैसला खुद करेगा। हम वही करेंगे जो भारत के लिए अच्छा होगा।
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गौरतलब है कि भारत ने शनिवार को इसकी भी पुष्टि की कि वह अमेरिका की ओर से दी गई अस्थायी छूट के बाद भी रूस से तेल इंपोर्ट करना जारी रखे हुए है। यह छूट चल रहे युद्ध के कारण दी गई थी।