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Rajouri News: स्कूल बस चालक का लाइसेंस करें रद्द, निजी स्कूल वाहनों के जांचें दस्तावेज
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नौशेरा में छह वर्षीय छात्रा की मौत मामले में एडीसी से मिले परिजन
स्कूल बस में चढ़ते समय गिरने से हो गई थी छात्रा की मौत
संवाद न्यूज एजेंसी
नौशेरा। झांगड के लोगों का शिष्टमंडल सोमवार को नौशेरा एडीसी करतार सिंह से मिला। उन्होंने स्कूल बस की चपेट में आने से छह वर्षीय बच्ची की मौत मामले पर अब तक कोई कार्रवाई न होने पर रोष प्रकट किया। उन्होंने मांग की बस के चालक का लाइसेंस रद्द किया जाए, और निजी स्कूलों के सभी वाहनों के दस्तावेजों की जांच की जाए।
ज्ञात रहे कि झांगड सड़क हादसे में इंटरनेशनल पब्लिक हाई स्कूल की बस की चपेट में आने से 6 वर्षीय एलकेजी की छात्रा माही की मौत हो गई थी। माही के पिता पूर्व सरपंच पुरुषोत्तम लाल ने आरोप लगाया कि स्कूल बस के चालक ने शराब पी रखी थी। चालक की लापरवाही से बच्ची की मौत हुई है।
बीडीसी अध्यक्ष नौशेरा बोधराज, नानक चंद, एडवोकेट अश्वनी शर्मा, इंद्रजीत, आदि ने एडीसी से मांग की कि उप जिले के सभी निजी स्कूलों के चालकों के दस्तावेजों की जांच की जाए। निजी स्कूलों के प्रबंधक पढ़े-लिखे होने चाहिए, ताकि वह स्कूल प्रशासन को सही ढंग से चला सकें। स्कूल बस चालकों के साथ सहचालक भी होने चाहिए, ताकि वह बच्चों को बसों में बिठा सकें। निजी स्कूलों वाले अपने वाहनों में आम यात्रियों को पैसे के लालच में बैठा लेते हैं। क्षमता से अधिक बच्चे भी बस में बैठाए जाते हैं। इन कारणों से हादसे होते हैं।एडीसी ने परिजनों को आश्वासन दिया कि निजी स्कूलों के प्रबंधकों को आदेश दिया है कि वह अपने चालकों का पूरा ब्यौरा व दस्तावेज हमारे कार्यकाल में जमा कराएं। उन्हें दो दिन का समय दिया गया है। साथ ही डीटीआई एजाज मिर्जा यातायात विभाग को कहा गया है कि विभिन्न स्कूली वाहनों को चेक किया जाए।
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स्कूल बस में चढ़ते समय गिरने से हो गई थी छात्रा की मौत
संवाद न्यूज एजेंसी
नौशेरा। झांगड के लोगों का शिष्टमंडल सोमवार को नौशेरा एडीसी करतार सिंह से मिला। उन्होंने स्कूल बस की चपेट में आने से छह वर्षीय बच्ची की मौत मामले पर अब तक कोई कार्रवाई न होने पर रोष प्रकट किया। उन्होंने मांग की बस के चालक का लाइसेंस रद्द किया जाए, और निजी स्कूलों के सभी वाहनों के दस्तावेजों की जांच की जाए।
ज्ञात रहे कि झांगड सड़क हादसे में इंटरनेशनल पब्लिक हाई स्कूल की बस की चपेट में आने से 6 वर्षीय एलकेजी की छात्रा माही की मौत हो गई थी। माही के पिता पूर्व सरपंच पुरुषोत्तम लाल ने आरोप लगाया कि स्कूल बस के चालक ने शराब पी रखी थी। चालक की लापरवाही से बच्ची की मौत हुई है।
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बीडीसी अध्यक्ष नौशेरा बोधराज, नानक चंद, एडवोकेट अश्वनी शर्मा, इंद्रजीत, आदि ने एडीसी से मांग की कि उप जिले के सभी निजी स्कूलों के चालकों के दस्तावेजों की जांच की जाए। निजी स्कूलों के प्रबंधक पढ़े-लिखे होने चाहिए, ताकि वह स्कूल प्रशासन को सही ढंग से चला सकें। स्कूल बस चालकों के साथ सहचालक भी होने चाहिए, ताकि वह बच्चों को बसों में बिठा सकें। निजी स्कूलों वाले अपने वाहनों में आम यात्रियों को पैसे के लालच में बैठा लेते हैं। क्षमता से अधिक बच्चे भी बस में बैठाए जाते हैं। इन कारणों से हादसे होते हैं।एडीसी ने परिजनों को आश्वासन दिया कि निजी स्कूलों के प्रबंधकों को आदेश दिया है कि वह अपने चालकों का पूरा ब्यौरा व दस्तावेज हमारे कार्यकाल में जमा कराएं। उन्हें दो दिन का समय दिया गया है। साथ ही डीटीआई एजाज मिर्जा यातायात विभाग को कहा गया है कि विभिन्न स्कूली वाहनों को चेक किया जाए।
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