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नौशेरा की ख़बर
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नौशेरा। सरकारी डिग्री कॉलेज ने वीरवार को "महान भारतीय गणितज्ञ और उनके योगदान" विषय पर एक ऑनलाइन संगोष्ठी का आयोजन किया। स्वतंत्रता का अमृत महोत्सव की श्रृंखला में गणित विभाग ने आईक्यूएसी के सहयोग से यह संगोष्ठी आयोजित की। इसकी अध्यक्षता प्रधानाचार्य डॉ. सुरिंदर कुमार ने की और इसके समन्वयक रहे गणित विभाग के मुखिया प्रोफेसर हर्षल शर्मा।
संगोष्ठी में यूजी/पीजी के सभी इच्छुक विद्यार्थियों ने भाग लिया। इसके आयोजन का मुख्य उद्देश्य भारतीय गणित के इतिहास के बारे में छात्रों के ज्ञान को बढ़ाना था। भारतीय गणितज्ञों का गणित के क्षेत्र में बड़ा योगदान हैं। उन्होंने आधुनिक युग में वैज्ञानिकों और गणितज्ञों को प्रभावित किया है। इस संगोष्ठी में विभिन्न महाविद्यालयों के अभ्यर्थियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।
विभिन्न कॉलेजों के प्रतिभागियों में जीडीसी नौशेरा की शिव प्रिया शर्मा और विशाल चौधरी ने क्रमश: पहला और दूसरा स्थान हासिल किया। जबकि जीडीसी नौशेरा की फामेधा फिरोजल और माधवी शर्मा तीसरे स्थान पर आए। इन शीर्ष प्रतियोगियों को उत्कृष्टता प्रमाण पत्र से सम्मानित किया गया। बाकी अन्य सभी प्रतिभागियों को भागीदारी का प्रमाण पत्र दिया गया। प्रतियोगिता में निर्णायक मंडल के सदस्य प्रोफेसर इनाम-उल-हक थे।
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संगोष्ठी में यूजी/पीजी के सभी इच्छुक विद्यार्थियों ने भाग लिया। इसके आयोजन का मुख्य उद्देश्य भारतीय गणित के इतिहास के बारे में छात्रों के ज्ञान को बढ़ाना था। भारतीय गणितज्ञों का गणित के क्षेत्र में बड़ा योगदान हैं। उन्होंने आधुनिक युग में वैज्ञानिकों और गणितज्ञों को प्रभावित किया है। इस संगोष्ठी में विभिन्न महाविद्यालयों के अभ्यर्थियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।
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विभिन्न कॉलेजों के प्रतिभागियों में जीडीसी नौशेरा की शिव प्रिया शर्मा और विशाल चौधरी ने क्रमश: पहला और दूसरा स्थान हासिल किया। जबकि जीडीसी नौशेरा की फामेधा फिरोजल और माधवी शर्मा तीसरे स्थान पर आए। इन शीर्ष प्रतियोगियों को उत्कृष्टता प्रमाण पत्र से सम्मानित किया गया। बाकी अन्य सभी प्रतिभागियों को भागीदारी का प्रमाण पत्र दिया गया। प्रतियोगिता में निर्णायक मंडल के सदस्य प्रोफेसर इनाम-उल-हक थे।
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