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Kathua News: कठुआ में 66.80 मतदाताओं ने डाली लोकतंत्र के महापर्व में आहुति
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कठुआ। लोकतंत्र के महापर्व में कठुआ जिले के मतदाताओं ने अपनी आहुति डाल दी है। चुनाव मैदान में उतरे 12 प्रत्याशियों का भविष्य भी इस दौरान ईवीएम मशीनों में बंद हो गया है। चार जून को मतगणना कठुआ में होगी।
बता दें कि शुक्रवार को शहर से लेकर ग्रामीण और दूरदराज के पहाड़ी इलाकों में भी सुबह सात बजे से लेकर शाम छह बजे तक मतदान जारी रहा। दिनभर लंबी-लंबी कतारें लगी रहीं। मतदान की प्रक्रिया थमने तक मतदाताओं के पहुंचने का सिलसिला जारी रहा। सुबह नौ बजे तक कठुआ जिला में 10.99 फीसदी मतदान दर्ज किया गया। दोपहर 11 बजे 25.5 तो वहीं एक बजे तक 44.3 फीसदी मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर चुके थे। दोपहर के तीन बजे तक 58.21 फीसदी मतदाता मतदान केंद्रों का रुख कर चुके थे। शाम पांच बजे लगभग 67 फीसदी वोट डाले जा चुके थे।
सात बजे कठुआ के डिग्री कॉलेज पहुंचने लगी ईवीएम
शाम सात बजे के लगभग राजकीय डिग्री कॉलेज कठुआ में बनाए गए स्ट्रांग रूम में ईवीएम के पहुंचने का सिलसिला भी शुरू हुआ। पोलिंग पार्टियों के वाहन जैसे जैसे लौटते रहे, वैसे ही सुरक्षा जांच के बाद ईवीएम को स्ट्रांग रूम में कड़े सुरक्षा पहरे में रखने का सिलसिला चलता रहा। देर रात तक पोलिंग पार्टियां कठुआ पहुंचती रहीं। कठुआ के अलावा उधमपुर, डोडा, रामबन, किश्तवाड़ जिलों के 2637 मतदान केंद्रों पर पूरी हुई मतदान प्रक्रिया के बाद ईवीएम कठुआ लाई जाएंगी।
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लोकतंत्र को मजबूत बनाने को महिलाओं ने दर्ज करवाई सहभागिता
लोकतंत्र को मजबूत करने के लिए महिलाओं ने भी बढचढ़ कर अपना योगदान दिया। दोपहर 12 बजे तक पुरुष मतदाताओं की लाइनें दिखीं लेकिन दोपहर 12 बजने के बाद से महिला मतदाताओं की लंबी कतारें लगनी लगीं। जिला कठुआ में अपना मताधिकार प्रयोग करने वाली महिलाएं भी पुरुषों के लगभग बराबर ही रहीं। इस बार महिलाओं के लिए छह विधानसभा केंद्रों पर बने 36 महिला पोलिंग स्टेशनों (पिंक बूथ) पर महिला चुनाव कर्मियों की तैनाती ने भी महिलाओं का उत्साह बढ़ाया।
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बता दें कि शुक्रवार को शहर से लेकर ग्रामीण और दूरदराज के पहाड़ी इलाकों में भी सुबह सात बजे से लेकर शाम छह बजे तक मतदान जारी रहा। दिनभर लंबी-लंबी कतारें लगी रहीं। मतदान की प्रक्रिया थमने तक मतदाताओं के पहुंचने का सिलसिला जारी रहा। सुबह नौ बजे तक कठुआ जिला में 10.99 फीसदी मतदान दर्ज किया गया। दोपहर 11 बजे 25.5 तो वहीं एक बजे तक 44.3 फीसदी मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर चुके थे। दोपहर के तीन बजे तक 58.21 फीसदी मतदाता मतदान केंद्रों का रुख कर चुके थे। शाम पांच बजे लगभग 67 फीसदी वोट डाले जा चुके थे।
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सात बजे कठुआ के डिग्री कॉलेज पहुंचने लगी ईवीएम
शाम सात बजे के लगभग राजकीय डिग्री कॉलेज कठुआ में बनाए गए स्ट्रांग रूम में ईवीएम के पहुंचने का सिलसिला भी शुरू हुआ। पोलिंग पार्टियों के वाहन जैसे जैसे लौटते रहे, वैसे ही सुरक्षा जांच के बाद ईवीएम को स्ट्रांग रूम में कड़े सुरक्षा पहरे में रखने का सिलसिला चलता रहा। देर रात तक पोलिंग पार्टियां कठुआ पहुंचती रहीं। कठुआ के अलावा उधमपुर, डोडा, रामबन, किश्तवाड़ जिलों के 2637 मतदान केंद्रों पर पूरी हुई मतदान प्रक्रिया के बाद ईवीएम कठुआ लाई जाएंगी।
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लोकतंत्र को मजबूत बनाने को महिलाओं ने दर्ज करवाई सहभागिता
लोकतंत्र को मजबूत करने के लिए महिलाओं ने भी बढचढ़ कर अपना योगदान दिया। दोपहर 12 बजे तक पुरुष मतदाताओं की लाइनें दिखीं लेकिन दोपहर 12 बजने के बाद से महिला मतदाताओं की लंबी कतारें लगनी लगीं। जिला कठुआ में अपना मताधिकार प्रयोग करने वाली महिलाएं भी पुरुषों के लगभग बराबर ही रहीं। इस बार महिलाओं के लिए छह विधानसभा केंद्रों पर बने 36 महिला पोलिंग स्टेशनों (पिंक बूथ) पर महिला चुनाव कर्मियों की तैनाती ने भी महिलाओं का उत्साह बढ़ाया।