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सुरक्षा ग्रिड भेद कर घुसा, पर ग्रामीणों से नहीं बच पाया ड्रोन
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हीरानगर। सीमावर्ती इलाके में ग्रामीण एक बार फिर रक्षा की पहली पंक्ति साबित हुए हैं। रविवार को पाकिस्तान से आए ड्रोन ने कड़े सुरक्षा ग्रिड को भेदकर तीन किलोमीटर अंदर तक घुसपैठ कर ली थी, लेकिन खेतों में काम कर रहे एक युवक की त्वरित प्रतिक्रिया ड्रोन पर भारी पड़ी। उस समय ड्रोन जमीन के पास मंडरा रहा था। इस युवक ने ड्रोन को पहले मिट्टी के ढेले दे मारे और फिर करीब जाकर ड्रोन पर कपड़ा फेंक दिया। इसके फौरन बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर ड्रोन पर फायरिंग की।
ढली निवासी दलीप सिंह ने कहा कि वह खेत में काम कर रहा था। इसी दौरान ड्रोन मंडराता नजर आया। वह ज्यादा ऊंचाई पर नहीं था। सीमा पार से ड्रोन की साजिश से पूरे इलाके के लोग सतर्क रहते हैं। ऐसे में उसने खेत से मिट्टी के ढेले उठाकर ड्रोन को दे मारे। ड्रोन जब थोड़ा नजदीक हुआ तो उसने एक कपड़ा उस पर फेंक दिया। इसके तुरंत बाद एक अन्य युवक और पुलिस को सूचना दी। रविवार को एसएसपी कठुआ आरसी कोतवाल ने भी ग्रामीणों की मदद से ड्रोन मार गिराने की बात कही थी।
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रिसीवर की तलाश में सुरक्षा एजेंसियां
ड्रोन से हथियार बरामद करने के बाद सुरक्षा एजेंसियां अब इस खेप के रिसीवर की तलाश में जुट गई हैं। ड्रोन से हथियारों की खेप लेने कौन आने वाला था। मार गिराया गया ड्रोन चूंकि जमीन की सतह के पास मंडरा रहा था। ऐसे में बहुत मुमकिन है कि रिसीवर भी उस समय कहीं आसपास रहा होगा। इसी थ्योरी पर सुरक्षा एजेंसियां इलाके को खंगालने के साथ ड्रोन का डाटा और इस पूरे क्षेत्र का डंप डाटा निकालने में जुट गई हैं।
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सुरक्षा एजेंसियां इसलिए भी सतर्क हो गई हैं क्योंकि इस बार स्टिकी बम की खेप पकड़ी गई है। हीरानगर सेक्टर सांबा सेक्टर से सटा हुआ है। सुंजवां आतंकी हमले के तार सांबा सेक्टर से जुड़े थे। ऐसे में हीरानगर सेक्टर भी आतंकी गतिविधियों के लिए और संवेदनशील हो गया है।
एसएसपी कठुआ रमेश चंद्र कोतवाल का कहना है कि मामले की जांच जारी है। तकनीकी विशेषज्ञ ड्रोन का डाटा खंगाल रहे हैं। इससे यह मदद मिलेगी कि ड्रोन ने उड़ान कहां से भरी और उसे कहां उतारा जाना था। स्लीपर सेल के सक्रिय होने के सवाल पर उन्होंने कहा कि इस खेप को लेने के लिए कोई रिसीवर आने वाला था। जो किसी और इलाके से यहां आकर यह खेप हासिल करने वालों में से भी हो सकता है। गहनता से जांच की जा रही है और देश के दुश्मनों को कतई बक्शा नहीं जाएगा।
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पीएम दौरे से पहले पकड़े गए संदिग्ध से पूछताछ जारी
अप्रैल माह में प्रधानमंत्री के दौरे से कुछ दिन पहले पुलिस द्वारा पकड़े गए तीन आरोपियों से पूछताछ फिलहाल जारी है। देश विरोधी गतिविधियों के तहत इनके खिलाफ मामले दर्ज हैं। अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे इलाकों में संदिग्ध लोगों की मूवमेंट की पुलिस को जानकारी के बाद यह कार्रवाई अंजाम दी गई थी। एसएसपी कठुआ ने बताया कि मामले में फिलहाल जांच जारी है और कोई निष्कर्ष निकलने पर जानकारी साझा की जाएगी।
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ढली निवासी दलीप सिंह ने कहा कि वह खेत में काम कर रहा था। इसी दौरान ड्रोन मंडराता नजर आया। वह ज्यादा ऊंचाई पर नहीं था। सीमा पार से ड्रोन की साजिश से पूरे इलाके के लोग सतर्क रहते हैं। ऐसे में उसने खेत से मिट्टी के ढेले उठाकर ड्रोन को दे मारे। ड्रोन जब थोड़ा नजदीक हुआ तो उसने एक कपड़ा उस पर फेंक दिया। इसके तुरंत बाद एक अन्य युवक और पुलिस को सूचना दी। रविवार को एसएसपी कठुआ आरसी कोतवाल ने भी ग्रामीणों की मदद से ड्रोन मार गिराने की बात कही थी।
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रिसीवर की तलाश में सुरक्षा एजेंसियां
ड्रोन से हथियार बरामद करने के बाद सुरक्षा एजेंसियां अब इस खेप के रिसीवर की तलाश में जुट गई हैं। ड्रोन से हथियारों की खेप लेने कौन आने वाला था। मार गिराया गया ड्रोन चूंकि जमीन की सतह के पास मंडरा रहा था। ऐसे में बहुत मुमकिन है कि रिसीवर भी उस समय कहीं आसपास रहा होगा। इसी थ्योरी पर सुरक्षा एजेंसियां इलाके को खंगालने के साथ ड्रोन का डाटा और इस पूरे क्षेत्र का डंप डाटा निकालने में जुट गई हैं।
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सुरक्षा एजेंसियां इसलिए भी सतर्क हो गई हैं क्योंकि इस बार स्टिकी बम की खेप पकड़ी गई है। हीरानगर सेक्टर सांबा सेक्टर से सटा हुआ है। सुंजवां आतंकी हमले के तार सांबा सेक्टर से जुड़े थे। ऐसे में हीरानगर सेक्टर भी आतंकी गतिविधियों के लिए और संवेदनशील हो गया है।
एसएसपी कठुआ रमेश चंद्र कोतवाल का कहना है कि मामले की जांच जारी है। तकनीकी विशेषज्ञ ड्रोन का डाटा खंगाल रहे हैं। इससे यह मदद मिलेगी कि ड्रोन ने उड़ान कहां से भरी और उसे कहां उतारा जाना था। स्लीपर सेल के सक्रिय होने के सवाल पर उन्होंने कहा कि इस खेप को लेने के लिए कोई रिसीवर आने वाला था। जो किसी और इलाके से यहां आकर यह खेप हासिल करने वालों में से भी हो सकता है। गहनता से जांच की जा रही है और देश के दुश्मनों को कतई बक्शा नहीं जाएगा।
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पीएम दौरे से पहले पकड़े गए संदिग्ध से पूछताछ जारी
अप्रैल माह में प्रधानमंत्री के दौरे से कुछ दिन पहले पुलिस द्वारा पकड़े गए तीन आरोपियों से पूछताछ फिलहाल जारी है। देश विरोधी गतिविधियों के तहत इनके खिलाफ मामले दर्ज हैं। अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे इलाकों में संदिग्ध लोगों की मूवमेंट की पुलिस को जानकारी के बाद यह कार्रवाई अंजाम दी गई थी। एसएसपी कठुआ ने बताया कि मामले में फिलहाल जांच जारी है और कोई निष्कर्ष निकलने पर जानकारी साझा की जाएगी।