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सड़क हादसों को रोकने के लिए उठाए जाएं उचित कदम

Fri, 01 Dec 2017 01:10 AM IST
Updated Fri, 01 Dec 2017 01:10 AM IST
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सड़क हादसों को रोकने के लिए उठाए जाएं उचित कदम

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उधमपुर। जन संघर्ष संस्था के प्रधान एडवोकेट संजीत बवोरिया के नेतृत्व में बैठक हुई। इसमें उन्होंने रामनगर में सड़क हादसे बढ़ने पर चिंता जताई। इस दौरान उन्होंने सड़क हादसों को रोकने के लिए विभाग से उचित कदम उठाए जाने की मांग की।

बैठक में बवोरिया ने कहा कि आए दिन हो रहे सड़क हादसों पर अंकुश लगाने के लिए विभाग को उचित कार्रवाई करनी चाहिए। जिससे की सड़क हादसे न हो आए। उन्होंने बताया कि 2005 में रामनगर के बरमीन गांव में बस हादसे में 37 से ज्यादा लोग मारे गए और पचास लोग जख्मी हुए। रामनगर के ही डालसर गांव में 20 अक्टूबर 2015 को मेटाडोर हादसे में सोलह लोगों की मौत व सोलह लोग गंभीर रूप से घायल हो गगए थे। उसके बाद जनवरी 2016 में केया हादसे में ग्यारह लोगों की मौत व पंद्रह से भी ज्यादा लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इसके अलावा और कई हादसे हुए हैं और जारी वर्ष के चौदह नवंबर को रामनगर के ही जंद्रोड गांव में बस हादसे में दो लोगों की मौत अर पच्चीस लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उस के बाद रामनगर के तरमैयान गांव में टाटा मोबाइल गाड़ी हादसे में सात लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। जिला प्रशासन व इससे संबंधित जबावदेह यातायात विभाग के एआरटीओ ने सबक नहीं किया। शहर में कुछ जगह गाड़ियों के चालान काट कर खानापूर्ति कर दी जाती है। रामनगर की तरफ कोई ध्यान न हीं है। अधिकारियों की अनदेखी के कारण मंगलवार को रामनगर के ही परेया गांव में बस हादसा हुआ। उस हादसे में आठ लोग गंभीर रूप से जख्मी हुई। उन्होंने इन सड़क हादसों को रोकने के लिए उचित कदम उठाने की मांग की। इस मौके पर जय कुमार, वसीम मीर, ज्योति, साहिल सहित अन्य उपस्थित थे।
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