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राशन डीलर्स को कम कमीशन क्यों, हाईकोर्ट ने पूछा
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Tue, 31 Oct 2017 08:01 PM IST
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राजस्थान हाईकोर्ट ने राशन डीलर्स को सामग्री बेचान पर कम कमीशन दिए जाने पर राज्य सरकार को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
न्यायाधीश मनीष भंडारी की एकलपीठ ने यह आदेश राजस्थान राज्य अधिकृत राशन विक्रेता संघ की ओर से दायर याचिका पर प्रारंभिक सुनवाई करते हुए दिए। याचिका में अधिवक्ता सत्येन्द्र राघव ने अदालत को बताया कि याचिकाकर्ता संघ के सदस्यों को विधिक प्रक्रिया अपनाकर प्रदेश में राशन की दुकानें आवंटित की गई थी। याचिकाकर्ता की ओर से बेची जाने वाली वस्तुओं पर राज्य सरकार की ओर से कमीशन दिया जाता है।
सरकार की ओर से वस्तु खरीदने के लिए पात्रता तय करने के बाद राशन डीलर्स के आर्थिक हालात खराब हो गए हैं। वहीं इस संबंध में दी गई वाधवा आयोग की सिफारिशों को भी लागू नहीं किया जा रहा है। याचिका में कहा गया कि याचिकाकर्ता की ओर से राज्य सरकार को इस संबंध में अभ्यावेदन किया गया था, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई।
जिस पर सुनवाई करते हुए एकलपीठ ने राज्य सरकार को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
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न्यायाधीश मनीष भंडारी की एकलपीठ ने यह आदेश राजस्थान राज्य अधिकृत राशन विक्रेता संघ की ओर से दायर याचिका पर प्रारंभिक सुनवाई करते हुए दिए। याचिका में अधिवक्ता सत्येन्द्र राघव ने अदालत को बताया कि याचिकाकर्ता संघ के सदस्यों को विधिक प्रक्रिया अपनाकर प्रदेश में राशन की दुकानें आवंटित की गई थी। याचिकाकर्ता की ओर से बेची जाने वाली वस्तुओं पर राज्य सरकार की ओर से कमीशन दिया जाता है।
सरकार की ओर से वस्तु खरीदने के लिए पात्रता तय करने के बाद राशन डीलर्स के आर्थिक हालात खराब हो गए हैं। वहीं इस संबंध में दी गई वाधवा आयोग की सिफारिशों को भी लागू नहीं किया जा रहा है। याचिका में कहा गया कि याचिकाकर्ता की ओर से राज्य सरकार को इस संबंध में अभ्यावेदन किया गया था, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई।
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जिस पर सुनवाई करते हुए एकलपीठ ने राज्य सरकार को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।