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Doctor Strike:प्राइवेट अस्पतालों में इंतजाम, इन अस्पतालों में करा सकते हैं इलाज
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Wed, 08 Nov 2017 12:55 PM IST
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राजस्थान में सेवारत चिकित्सकों के हड़ताल पर चले जाने से चरमराई चिकित्सा व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए सरकार ने कई कदम उठाए हैं। इसके तहत प्राइवेट हॉस्पिटल्स में भी इलाज की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री कालीचरण सराफ ने बताया कि सेवारत चिकित्सकों की अनुपस्थिति को ध्यान में रखते हुए संबंधित चिकित्सा संस्थानों में वैकल्पिक व्यवस्थाएं की जा रही है। सेना, रेलवे एवं भामाशाह स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत सूचीबद्ध निजी चिकित्सा संस्थानों में चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने का तय किया है।
आयुष चिकित्सकों ने राजकीय चिकित्सा संस्थानों में स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की। सराफ ने बताया कि कई जिलों में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम, शहरी स्वास्थ्य मिशन, एनसीडी तथा अर्जेन्ट टेम्परेरी बेसिस पर कार्यरत चिकित्सकों ने राजकीय चिकित्सा संस्थानों में जाकर कार्यभार संभाला।
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नए स्थापित किए जाने वाले सातों मेडिकल काॅलेजों में नियुक्त किए गए चिकित्सकों ने संबंधित जिला चिकित्सालयों के साथ ही कुल 14 स्थानों पर जाकर चिकित्सा व्यवस्थाएं संभाली।
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चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री कालीचरण सराफ ने बताया कि सेवारत चिकित्सकों की अनुपस्थिति को ध्यान में रखते हुए संबंधित चिकित्सा संस्थानों में वैकल्पिक व्यवस्थाएं की जा रही है। सेना, रेलवे एवं भामाशाह स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत सूचीबद्ध निजी चिकित्सा संस्थानों में चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने का तय किया है।
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आयुष चिकित्सकों ने राजकीय चिकित्सा संस्थानों में स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की। सराफ ने बताया कि कई जिलों में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम, शहरी स्वास्थ्य मिशन, एनसीडी तथा अर्जेन्ट टेम्परेरी बेसिस पर कार्यरत चिकित्सकों ने राजकीय चिकित्सा संस्थानों में जाकर कार्यभार संभाला।
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नए स्थापित किए जाने वाले सातों मेडिकल काॅलेजों में नियुक्त किए गए चिकित्सकों ने संबंधित जिला चिकित्सालयों के साथ ही कुल 14 स्थानों पर जाकर चिकित्सा व्यवस्थाएं संभाली।
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जयपुर के महात्मा गांधी मेडिकल काॅलेज, निम्स मेडिकल काॅलेज, जेएनयू मेडिकल काॅलेज उदयपुर के गीताजंलि मेडिकल कॉलेज तथा पैसेफिक मेडिकल काॅलेज के चिकित्सकों ने मरीजों के उपचार में सहयोग किया। झालावाड़ में बालाजी अस्पताल के चिकित्सकों ने विभिन्न क्षेत्रों में जाकर चिकित्सा व्यवस्थाओं को संभाला। इस अस्पताल के चिकित्सकों ने खानपुर एवं झालरापाटन के ट्रोमा सेन्टर व सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में चिकित्सक तैनात किए हैं।
सराफ ने बताया कि जयपुर के फोर्टिस एसकॉर्ट हाॅस्पिटल, नारायणा मल्टी स्पेशेलिटी हाॅस्पिटल, शाल्वी हाॅस्पिटल, साकेत हाॅस्पिटल, मनीपाल हाॅस्पिटल व अजमेर के सेन्ट फ्रान्सिस हाॅस्पिटल एंड नर्सिंग होम, घीसीबाई मेमोरियल मित्तल एंड रिसर्च सेन्टर, क्षेत्रपाल हाॅस्पिटल, आनन्द हाॅस्पिटल, नानक मेमोरियल हाॅस्पिटल तथा दौसा के श्री कृष्णा हाॅस्पिटल, कट्टा हाॅस्पिटल-बांदीकुई, मधुर हाॅस्पिटल बांदीकुई व गोयल हाॅस्पिटल-महुआ में मरीजों को निःशुल्क ओपीडी की सेवाएं उपलब्ध करवाई जा रही है।
सराफ ने बताया कि जयपुर के फोर्टिस एसकॉर्ट हाॅस्पिटल, नारायणा मल्टी स्पेशेलिटी हाॅस्पिटल, शाल्वी हाॅस्पिटल, साकेत हाॅस्पिटल, मनीपाल हाॅस्पिटल व अजमेर के सेन्ट फ्रान्सिस हाॅस्पिटल एंड नर्सिंग होम, घीसीबाई मेमोरियल मित्तल एंड रिसर्च सेन्टर, क्षेत्रपाल हाॅस्पिटल, आनन्द हाॅस्पिटल, नानक मेमोरियल हाॅस्पिटल तथा दौसा के श्री कृष्णा हाॅस्पिटल, कट्टा हाॅस्पिटल-बांदीकुई, मधुर हाॅस्पिटल बांदीकुई व गोयल हाॅस्पिटल-महुआ में मरीजों को निःशुल्क ओपीडी की सेवाएं उपलब्ध करवाई जा रही है।