{"_id":"592fe3074f1c1b7508bdbd5b","slug":"high-court-dismisses-petition-leak-paper-will-be-re-published-in-rajasthan-university","type":"story","status":"publish","title_hn":"राजस्थान यूनिवर्सिटी में दोबारा होंगे लीक हुए पेपर, हाईकोर्ट ने खारिज की याचिका","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
राजस्थान यूनिवर्सिटी में दोबारा होंगे लीक हुए पेपर, हाईकोर्ट ने खारिज की याचिका
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Thu, 01 Jun 2017 03:55 PM IST
विज्ञापन
Demo Pic
- फोटो : google
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
यूनिवर्सिटी में पेपर लीक होने के मामले में छात्राओं को झटका लगा है। हाईकोर्ट ने गुरुवार को मामले में सुनवाई के दौरान याचिकाओं को खारिज करते हुए लीक पेपर को दोबारा करवाने के आदेश दिए। जानकारी के अनुसार एसओजी जयपुर की टीम द्वारा राजस्थान यूनिवर्सिटी में स्नातक और स्नातकोत्तर संकाय के विभिन्न विषयों के पेपरों के लीक होने का खुलासा किया गया था।
इस मामले में एसओजी ने राजस्थान यूनिवर्सिटी के प्रोफैसर व कर्मचारियों समेत प्रदेश के अन्य जिलों से सरकारी कॉलेज के लेक्चरर और निजी कोचिंग सेंटर के संचालकों, छात्रों सहित करीब 19 जनों को पेपर लीक करने के मामले में गिरफ्तार किया था। इसके बाद यूनिवर्सिटी ने लीक हुए पेपरों को दोबारा करने का निर्णय लिया था। उन परीक्षाओं की नई तिथि भी जारी कर दी। लेकिन परीक्षाओं को दोबारा करवाने के निर्णय से छात्र संगठन भड़क गए और उन्होंने यूनिवर्सिटी में विरोध प्रदर्शन शुरु किया। उनका कहना था कि पेपर यूनिवर्सिटी प्रशासन की गलतियों की वजह से लीक हुए है इसमें छात्रों का क्या दोष। वे क्यों दोबारा परीक्षा दें।
यूनिवर्सिटी के लीक पेपरों को दुबारा करवाने को चुनौती देते हुए अभिषेक जादौन व अन्य ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। जिसमें हाईकोर्ट के न्यायाधीश एमएन भंडारी ने गुरुवार को सुनवाई करते हुए सभी याचिकाओं को खारिज कर दिया और यूनिवर्सिटी को लीक पेपर दोबारा करवाने को कहा।
विज्ञापन
विज्ञापन
इस मामले में एसओजी ने राजस्थान यूनिवर्सिटी के प्रोफैसर व कर्मचारियों समेत प्रदेश के अन्य जिलों से सरकारी कॉलेज के लेक्चरर और निजी कोचिंग सेंटर के संचालकों, छात्रों सहित करीब 19 जनों को पेपर लीक करने के मामले में गिरफ्तार किया था। इसके बाद यूनिवर्सिटी ने लीक हुए पेपरों को दोबारा करने का निर्णय लिया था। उन परीक्षाओं की नई तिथि भी जारी कर दी। लेकिन परीक्षाओं को दोबारा करवाने के निर्णय से छात्र संगठन भड़क गए और उन्होंने यूनिवर्सिटी में विरोध प्रदर्शन शुरु किया। उनका कहना था कि पेपर यूनिवर्सिटी प्रशासन की गलतियों की वजह से लीक हुए है इसमें छात्रों का क्या दोष। वे क्यों दोबारा परीक्षा दें।
विज्ञापन
यूनिवर्सिटी के लीक पेपरों को दुबारा करवाने को चुनौती देते हुए अभिषेक जादौन व अन्य ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। जिसमें हाईकोर्ट के न्यायाधीश एमएन भंडारी ने गुरुवार को सुनवाई करते हुए सभी याचिकाओं को खारिज कर दिया और यूनिवर्सिटी को लीक पेपर दोबारा करवाने को कहा।
विज्ञापन