Rajasthan: अपने ही विभाग के कार्यक्रम में खेल मंत्री पीछे बैठे, सीएम आगे बैठने के लिए करते रहे मनुहार
अशोक चांदना इससे पहले भी कृष्णा पूनिया को लेकर गहलोत सरकार से नाराजगी जता चुके हैं। एक बार फिर वो अपने ही कार्यक्रम में अलग-थलग दिखे। उन्होंने कार्यक्रम में भाषण भी नहीं दिया।
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राजस्थान के खेल मंत्री अशोक चांदना की नाराजगी एक बार फिर जाहिर हो गई। प्रदेश में राजीव गांधी ग्रामीण ओलिंपिक का आयोजन किया गया। इस दौरान अशोक चांदना मुख्यमंत्री गहलोत से दूर पीछे जाकर बैठ गए। मुख्यमंत्री ने कई बार मनुहार किया, कई बार आगे बुलाया, तब जाकर चांदना माने।
प्रदेश में खेलों का सबसे बड़ा आयोजन किया जा रहा है। ऐसे में खुद के विभाग के कार्यक्रम में खेल मंत्री का पीछे बैठने ने सियासी गलियारों में चर्चाएं तेज कर दी है। राजीव गांधी ग्रामीण ओलिंपिक के आयोजन से पूर्व इसके शुभंकर के अनावरण हुआ। इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, गोविंद सिंह डोटासरा पहुंचे। मुख्यमंत्री स्वागत के बाद आगे कुर्सी पर बैठे। वहीं चांदना पीछे जाकर बैठ गए। मुख्यमंत्री ने उन्हें पास बुलाकर बगल में बैठने को कहा।
मुख्यमंत्री गहलोत के निजी सहायक ने मंत्री अशोक चांदना को मुख्यमंत्री के पास बुलाया। वहीं पीसीसी अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा के बगल में खेल मंत्री की कुर्सी लगवाई गई। जब स्वागत प्रकिया शुरू हुई तो भी क्रीड़ा पारिषद की अध्यक्ष कृष्णा पूनिया ने सभी का सम्मान किया। खेल मंत्री इस से भी थोड़े नाराज नजर आए। वहीं अशोक चांदना ने भाषण भी नहीं दिया। उसके बाद मुख्यमंत्री गहलोत ने खुद ही उठ कर भाषण देने का फैसला लिया। वहीं प्रेस कॉन्फ्रेंस में भी चांदना बड़े कम शब्दों में अपनी बात खत्म कर गए।
अशोक चांदना इससे पहले भी अपनी नाराजगी जाहिर कर चुके हैं। ग्रामीण ओलिंपिक में भी मिली जानकारी के अनुसार सारा काम मंत्री के विभाग की ओर से किया गया लेकिन जब शुभंकर का अनावरण का समय आया उस समय एसएमएस स्टेडियम की सम्पूर्ण जिम्मेदारी क्रीड़ा पारिषद की अध्यक्षा कृष्णा पूनिया ने अपने हाथ में ले ली। कहा जा रहा है कि इसी बात से मंत्री नाराज थे।