फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   union minister George Kurian says Kerala decision to freeze PM SHRI scheme has only paper value

Kerala: 'पीएम श्री योजना लागू करने पर रोक की मांग कागजी', केंद्रीय मंत्री बोले- आखिरी फैसला शिक्षा मंत्रालय का

Fri, 31 Oct 2025 01:13 PM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: नितिन गौतम Updated Fri, 31 Oct 2025 01:13 PM IST
सार

केंद्रीय मंत्री ने आरोप लगाया कि PM SHRI योजना को रोककर राज्य सरकार गरीब परिवारों के छात्रों को अवसरों से वंचित कर रही है। कुरियन ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-आधारित पाठ्यक्रम स्किल बढ़ाने पर फोकस करता है।

विज्ञापन
union minister George Kurian says Kerala decision to freeze PM SHRI scheme has only paper value
जॉर्ज कुरियन - फोटो : एएनआई (फाइल)

विस्तार

केंद्रीय मंत्री जॉर्ज कूरियन ने शुक्रवार को अपने एक बयान में कहा कि केरल सरकार द्वारा पीएम श्री योजना को राज्य में लागू करने पर रोक की मांग सिर्फ कागजी है और इस पर अंतिम फैसला केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय द्वारा लिया जाएगा। केरल सरकार ने पूर्व में एमओयू पर हस्ताक्षर करके पीएम श्री योजना को केरल में लागू किया था, लेकिन एलडीएफ सरकार की सहयोगी पार्टी सीपीआई ने योजना को लेकर नाराजगी जताई और इससे एलडीएफ गठबंधन में मतभेद उभर आए। आनन-फानन में केरल सरकार ने केंद्र सरकार को पत्र लिखकर एमओयू के तहत आगे की प्रक्रियाओं को रोकने की मांग की है। 
विज्ञापन


'पीएम श्री योजना केंद्र सरकार की पहल'
केंद्रीय मंत्री जॉर्ज कुरियन ने केरल सरकार के इस कदम की तुलना राज्य विधानसभाओं द्वारा, संसद के बनाए गए कानूनों के खिलाफ अध्यादेश पारित करने से की, और कहा कि इस मामले पर अंतिम फैसला केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय लेगा। उन्होंने कहा कि 'समग्र शिक्षा अभियान (SSA) राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के साथ जुड़ा हुआ है। राज्य सरकार भले ही दावा करे कि वे जीत गए हैं। उन्हें भगवा पैसा नहीं चाहिए, लेकिन राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) और PM SHRI दोनों ही केंद्र सरकार की पहल हैं।' 
विज्ञापन


केंद्रीय मंत्री ने कहा, 'राज्य को बच्चों के भविष्य को दांव पर नहीं लगाना चाहिए। स्कूली छात्र देश के नागरिक हैं और उन्हें शिक्षा का अधिकार है। राज्य सरकार इसे रोक नहीं सकती।' उन्होंने आरोप लगाया कि PM SHRI योजना को रोककर राज्य सरकार गरीब परिवारों के छात्रों को अवसरों से वंचित कर रही है। कुरियन ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-आधारित पाठ्यक्रम स्किल बढ़ाने पर फोकस करता है। उन्होंने कहा, 'कक्षा 6 से ही छात्रों को वोकेशनल ट्रेनिंग दी जाती है और उन्हें मैन्युफैक्चरिंग प्रोसेस के बारे में सिखाया जाता है। कक्षा 9 से आगे उन्हें स्किल-बेस्ड ट्रेनिंग मिलती है, और कक्षा 12 तक वे स्वरोजगार या अलग-अलग व्यवसायों के लिए स्किल हासिल कर लेते हैं।'
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- National Unity Day: 'सरदार पटेल भी हैरान हो जाते...', लौह पुरुष की जयंती पर कांग्रेस ने BJP-RSS पर साधा निशाना

'शिक्षा समवर्ती सूची का हिस्सा'
उन्होंने आगे कहा 'PM SHRI योजना के लिए साइन अप करने के बाद पाठ्यक्रम के बारे में कोई चिंता नहीं होनी चाहिए, क्योंकि शिक्षा समवर्ती सूची में आती है। NCERT सिर्फ पाठ्यक्रम के लिए एक फ्रेमवर्क देता है। राज्य का सिलेबस SCERT तय करता है।' इस बीच अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद केरल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक पत्र भेजकर अनुरोध किया है कि PM SHRI के संबंध में साइन किए गए MoU को रोकने के राज्य सरकार के अनुरोध को खारिज कर दिया जाए। पत्र में, ABVP ने दावा किया कि राज्य सरकार का फैसला पूरी तरह से राजनीतिक है और छात्रों के हितों के खिलाफ है।


 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed