गीता को परिवार से मिलाने वाले को मिलेगा 1 लाख का इनाम
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भारतीय विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने पाकिस्तान से लौटी गीता के माता-पिता को ढूंढने में मदद करने के लिए लोगों से अपील की है। सुषमा ने गीता के परिजनों के बारे में जानकारी देने वाले के लिए एक लाख रुपये इनाम दिए जाने का भी ऐलान किया है।
सुषमा ने कहा, "मैं यह घोषणा भी करती हूं कि जो व्यक्ति गीता के माता-पिता को हमसे मिलवा देगा, उसे 1 लाख रुपये का इनाम देंगे।' उल्लेखनीय है कि गीता वो भारतीय लड़की, जिसे पाकिस्तान में 10 साल से ज्यादा वक्त गुजारने के बाद गीता 26 अक्तूबर 2015 को मुल्क वापस लाया गया था।
EAM Sushma Swaraj appeals people to help Geeta (Indian girl brought back from Pakistan in 2015 ) in finding her parents pic.twitter.com/hBdQT83qn2
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) October 1, 2017
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लंबे इंतजार के बाद पाकिस्तान से भारत वापस लौटी गीता के परिजनों पर पेच अब भी बरकरार है। दरअसल वतन लौटी गीता ने खुद पर दावा जताने वाले बिहार के सहरसा जिले के महतो परिवार को पहचानने से इनकार कर दिया था। हालांकि, दावेदारी की सत्यता परखने के लिए दावेदार परिवार के सदस्यों के साथ-साथ गीता के खून का सैंपल डीएनए टेस्ट के लिए अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) भेज दिया गया था।
जारी रहेगी गीता के परिवार की तलाश
विदेश मंत्री ने गीता के परिवार की तलाश जारी रखने की घोषणा की है। इससे पहले करीब एक दशक पूर्व राह भटककर पाकिस्तान पहुंची मूकबधिर गीता पीआईए के विमान से उसे संरक्षण देने वाली संस्था ईदी फाउंडेशन के पांच सदस्यों के साथ इंदिरा गांधी अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट पहुंची। विदेश मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका स्वागत किया।
पांच राज्यों के परिवारों ने किया था गीता पर दावा
दरअसल गीता पर पांच राज्यों के परिवारों ने दावा जताया था। विदेश मंत्री ने इस मामले में विशेष पहल करते हुए दावेदार परिवारों के सदस्यों के फोटो पाकिस्तान स्थित भारतीय उच्चायोग के माध्यम से गीता तक पहुंचाए थे।
तब गीता ने सहरसा के महतो परिवार के दावे को सही ठहराया था। उस दौरान उसने अपने पिता, सौतेली मां और भाई को पहचाना था। मगर दिल्ली में जब इन्हें गीता के सामने पेश किया गया तो गीता ने इन्हें पहचानने से इनकार कर दिया। विदेश मंत्री ने कहा कि खुशी की बात यह है कि गीता अपने वतन वापस लौट गई है। डीएनए टेस्ट का नतीजा सकरात्मक न होने की स्थिति में गीता के परिजनों की तलाश लगातार जारी रहेगी।
दावे में पहले ही था झोल
गीता ने हालांकि महतो परिवार के सदस्यों को पहचाना था, मगर परिवार के दावे में कई झोल थे। महतो परिवार गीता को न केवल शादीशुदा बता रहे थे, बल्कि उनका दावा था कि गीता को एक बेटा भी है। जबकि संरक्षक ईदी फाउंडेशन के मुताबिक गीता 6-7 साल के उम्र में ही भटककर पाकिस्तान पहुंची थी।