महाराष्ट्र : दो मंजिला इमारत ढही, देर रात वेब सीरीज देख रहे युवा ने इस तरह बचाई 75 लोगों की जान
आजकल लोग देर रात जागकर काम करना ज्यादा पसंद करते हैं। वहीं कुछ लोग देर रात जागकर पढ़ते हैं, मोबाइल चलाते हैं, टीवी देखने जैसे कई कामों में व्यस्त रहते हैं। इन लोगों को अक्सर घरवालों से रात को जल्दी सोने और सुबह जल्दी उठने की सलाह मिलती है। लेकिन इसी देर रात जागने की आदत से कई बार बड़े-बड़े हादसे से टल भी जाते हैं। ऐसी एक घटना महाराष्ट्र में देखने को मिली है, जहां देर रात जागकर वेब सीरीज देखने वाले युवा की वजह से 75 लोगों की जान बच गई।
महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई से सटे डोम्बिवली में गुरुवार को एक बड़ा हादसा टल गया। डोम्बिवली के कोपर इलाके में 29 अक्तूबर यानी गुरुवार सुबह एक दो मंजिला इमारत भरभरा कर गिर गई। उस वक्त इमारत में करीब 75 लोग मौजूद थे। अच्छी बात यह है कि एक युवा की वजह से सभी 75 लोग सुरक्षित बाहर निकलने में कामयाब रहे हैं।
दरअसल, 18 वर्षीय कुणाल देर रात जागकर मोबाइल पर वेब साीरीज देख रहा था। कुणाल ने बताया कि वेब सीरीज देखने के दौरान मैंने रसोई का हिस्सा करते देखा। इसके बाद सभी को शोर मचाकर इमारत के गिरने की जानकारी दी। इसके चलते सभी लोग समय रहते सुरक्षित इमारत से बाहर निकलने में कामयाब हुए।
Maharashtra: 75 occupants of a 2-storey building in Kopar, Dombivli saved by a young boy as building collapsed on 29th Oct early morning.
"While watching web-series till dawn, I saw part of kitchen falling down & alerted everyone to vacate the building," says 18-yr old Kunal pic.twitter.com/p2b6qOMSr2 — ANI (@ANI) October 30, 2020
कुणाल ने एक मीडिया रिपोर्ट में बताया कि वह अमूमन रात दो बजे तक वेब सीरीज देखने के बाद सो जाता है, लेकिन बुधवार देर तक उसे नींद ही नहीं आ रही थी, इसलिए वह सुबह चार बजे तक वेब सीरीज देख रहा था। तभी अचानतक से उसके घर में किचिन का एक हिस्सा गिरने लगा। पहले उसने खुद जाकर देखा, तभी उसे समझ आया कि यहां बड़ा हादसा हो सकता है। इसके बाद उसने शोर मचाकर घरवालों और इमारत में रहने वाले लोगों को जगाया। उन लोगों को इमारत गिरने की जानकारी दी। इसके बाद लोग हड़बड़ी में अपना-अपना घर छोड़ बाहर निकल आए। इसके पांच मिनट बाद ही इमारत भरभरा कर ढह गई।
नौ माह पहले इमारत खाली करने का नोटिस मिला
हालांकि, बाद में जानकारी मिली कि कोपर इलाके की इस बिल्डिंग को नौ महीने पहले ही खतरनाक घोषित किया गया था। इतना ही नहीं नोटिस चिपका कर वहां रहने वालें लोगों से घर खाली करने को कहा गया था। इस पर कुणाल का कहना है कि नोटिस मिला था, लेकिन यहां रहने वाले लोग गरीब हैं। उनके पास रहने के लिए कोई दूसरा ठिकाना नहीं है, वे अपना घर छोड़कर कहां रहने जाएंगे, इन सारी समस्याओं के चलते लोग वहीं रह रहे थे।