Seat Ka Samikaran: जहानाबाद सीट पर है राजद का दबदबा, भाजपा को पहली जीत का इंतजार, ऐसा है इसका चुनावी इतिहास
बिहार की विधानसभा सीटों से जुड़ी खास सीरीज ‘सीट का समीकरण’ में आज बात जहानाबाद सीट की करेंगे। इस सीट पर मौजूदा समय में राजद के सुदय कुमार विधायक हैं।
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बिहार में जल्द ही विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। चुनावी तारीखों के एलान से पहले ही सियासी पारा चढ़ा हुआ है। सीट बंटवारे को लेकर दोनों बड़े गठबंधनों में खींचतान जारी है। इस सियासी हलचल के बीच अमर उजाला की खास सीरीज ‘सीट का समीकरण’ में आज जहानाबाद विधानसभा सीट की बात करेंगे। इस सीट से पिछले सात चुनाव में से छह में राजद को जीत मिली। वहीं, इस सीट से अबतक भाजपा को एक भी जीत नहीं मिली है। मौजूद समय में राजद के सुदय कुमार विधायक हैं।
बिहार के 38 जिलों में से एक जिला जहानाबाद भी है। जहानाबाद जिला एक अनुमंडल और 8 ब्लॉक में बंटा है। जिले में तीन विधानसभा सीट हैं। इनमें जहानाबाद, घोसी, मखदुमपुर (एससी) शामिल हैं। ‘सीट का समीकरण’ सीरीज में आज जहानाबाद विधानसभा सीट की बात करेंगे। जहानाबाद विधानसभा सीट से 1952 में पहली बार चुनाव हुआ था।
1952: सोशलिस्ट पार्टी को मिली जीत
1952 के चुनाव में जहानाबाद सीट से सोशलिस्ट पार्टी के शिवभजन सिंह को जीत मिली। उन्होंने कांग्रेस के हुसैन फिदा को 538 वोट से हराया। शिवभजन सिंह को कुल 7,794 वोट मिले। वहीं, हुसैन फिदा को 7,256 वोट मिले।

1962: कांग्रेस को मिली जीत
1962 के चुनाव में कांग्रेस महाबीर चौधरी को 733 वोट से जीत मिली। वहीं, प्रजा सोशलिस्ट पार्टी के शाक्ति कुमार दूसरे नंबर पर रहे। महाबीर चौधरी को कुल 15,598 वोट मिले। वहीं, शाक्ति कुमार को 14,865 वोट मिले।
1967 के चुनाव में कांग्रेस के एस एफ हुसैन को जीत मिली। उन्होंने संसोपा के आर प्रसाद को 2,781 वोट से हराया। एस एफ हुसैन को कुल 15,313 वोट मिले। वहीं, संसोपा के आर प्रसाद को 12,532 वोट मिले।
1969: शोषित दल को जीत मिली
1969 के चुनाव में शोषित दल के हरी लाल प्रसाद सिन्हा को जीत मिली। उन्होंने कांग्रेस के सैयद फिदा हुसैन को 3,953 वोट से हराया। हरी लाल प्रसाद 16,513 वोट मिले। वहीं, सैयद फिदा हुसैन को 12,560 वोट मिले।

1972: कांग्रेस की वापसी
1972 के चुनाव में कांग्रेस ( ओ) के हरी लाल प्रसाद सिन्हा को जीत मिली। उन्होंने कांग्रेस के फिदा हुसैन को 1,248 वोट से हराया। हरी लाल प्रसाद सिन्हा को 22,785 वोट मिले। फिदा हुसैन को 21,537 वोट मिले।
1977: जनता पार्टी को जीत मिली
1977 के चुनाव में राम चंद्र सिंह यादव को जीत मिली। उन्होंंने कांग्रेस के चंद्रिका प्रसाद यादव को 5,862 वोट से हराया। राम चंद्र सिंह यादव को 30,648 वोट मिले। वहीं,चंद्रिका प्रसाद यादव को 24,786 वोट मिले।
1980 : कांग्रेस (यू) को मिली जीत
- 1980 के चुनाव में कांग्रेस (यू) की तारा गुप्ता को जीत मिली। इस चुनाव में कांग्रेस ( आई) के फिदा हुसैन को 9,583 वोट से हराया। तारा गुप्ता को कुल 44,822 वोट मिले। वहीं, फिदा हुसैन को 35,239 वोट मिले।
- 1985 के चुनाव में कांग्रेस के सैयद असगर हुसैन को जीत मिली। उन्होंने निर्दलीय उम्मीदवार हरी लाल प्रसाद सिंह को 25,392 वोट से हराया। सैयद असगर हुसैन को 45,857 वोट मिले। वहीं, हरी लाल प्रसाद सिंह को 20,465 वोट मिले।
1990 : निर्दलीय उम्मीदवार को मिली जीत
1990 के चुनाव में निर्दलीय उम्मीदवार हरि लाल प्रसाद सिन्हा को जीत मिली। उन्होंने भारतीय जन मोर्चा के वसी अहमद को हराया। हरि लाल प्रसाद को कुल 39,969 वोट मिले। वहीं, वसी अहमद को 29,067 वोट मिले।
1995: जनता दल को मिली जीत
1995 के चुनाव में जनता दल के मुंद्रिका सिंह यादव को जीत मिली। उन्होंने कांग्रेस के सैयद असगर हुसैन को 22,268 वोट से हराया। मुंद्रिका सिंह यादव को कुल 60,933 वोट मिले। वहीं, सैयद असगर हुसैन को 38,685 वोट मिले।
2000: राजद को मिली जीत
- 2000 के चुनाव में जहानाबाद सीट से राजद के मुन्नी लाल यादव को 18,941 वोट से जीत मिली। वहीं, समता पार्टी के सैयद असगर हुसैन दूसरे नबंर पर रहे। मुन्नी लाल यादव को 72,628 वोट मिले। वहीं, सैयद असगर हुसैन को 53,687 वोट मिले।
- फरवरी 2005 के चुनाव में राजद के सचिता नंद यादव को जीत मिली। उन्होंने लोजपा के गोपाल शर्मा को 13,440 वोट से हराया। सचिता नंद यादव को 42,729 वोट मिले। वहीं, गोपाल शर्मा को 29,289 वोट मिले।
- अक्तूबर 2005 में राजद के सचिता नंद जहानाबाद के दोबार विधायक बने। उन्होंने जदयू के एमडी अकबर इमाम को 4,481 वोट से हराया। सचिता नंद यादव को कुल 28,696 वोट मिले। वहीं, एमडी अकबर इमाम को 24,215 वोट मिले।
2010: जदयू को जीत मिली
2010 के चुनाव में जदयू के अभीराम शर्मा को जीत मिली। उन्होंने राजद के सचितानंद यादव को 8,567 वोट से हराया। अभीराम शर्मा को कुल 35,508 वोट मिले। वहीं, सचितानंद यादव को 26,941 वोट मिले।
2015: राजद की वापसी
2015 के चुनाव में राजद के मुंद्रिका यादव को जीत मिली। उन्होंने बीएलएसपी के प्रवीण कुमार को 30,321 वोट से हराया। मुंद्रिका यादव को 76,458 वोट मिले। वहीं, प्रवीण कुमार को 46,137 वोट मिले।
2018: सुदय कुमार को जीत मिली
- 2018 में जहानाबाद के विधायक मुंद्रिका यादव के निधन के बाद से उपचुनाव हुए। इस चुनाव में उनके बेटे और राजद उम्मीदवार सुदय कुमार को जीत मिली।
- इसके बाद 2020 के चुनाव में राजद के कुमार कृष्णा मोहन उर्फ सुदय कुमार को जीत मिली। उन्होंने जदयू के कृष्णा नंदन प्रसाद वर्मा को 33,902 वोट से हराया। सुदय कुमार को 75,030 वोट मिले। वहीं, कृष्णानंदन प्रसाद वर्मा को 41,128 वोट मिले।

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