Seat Ka Samikaran: घोसी विधानसभा सीट पर 38 साल तक रहा एक परिवार का दबदबा, ऐसा है इसका चुनावी इतिहास
बिहार की विधानसभा सीटों से जुड़ी खास सीरीज ‘सीट का समीकरण’ में आज बात घोसी सीट की करेंगे। इस सीट पर मौजूदा समय में भाकपा ( माले ) के राम बली सिंह विधायक हैं।
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बिहार में जल्द ही विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। चुनावी तारीखों के एलान से पहले ही सियासी पारा चढ़ा हुआ है। सीट बंटवारे को लेकर दोनों बड़े गठबंधनों में खींचतान जारी है। इस सियासी हलचल के बीच अमर उजाला की खास सीरीज ‘सीट का समीकरण’ में आज जहानाबाद जिले की घोसी विधानसभा सीट की बात करेंगे। इस सीट से एक ही परिवार का 38 साल तक दबदबा रहा। मौजूदा समय में यहां से भाकपा ( माले) के राम बली सिंह यादव विधायक हैं।
बिहार के 38 जिलों में से एक जिला जहानाबाद भी है। जहानाबाद जिला एक अनुमंडल और 8 ब्लॉक में बंटा है। जिले में तीन विधानसभा सीट हैं। इनमें जहानाबाद, घोसी, मखदुमपुर (एससी) शामिल हैं। ‘सीट का समीकरण’ सीरीज में आज घोसी विधानसभा सीट की बात करेंगे। घोसी विधानसभा सीट से 1952 में पहली बार चुनाव हुआ था।
1952: निर्दलीय उम्मीदवार को मिली जीत
1952 के चुनाव में घोसी सीट से निर्दलीय उम्मीदवार राम चंद्र यादव को जीत मिली। उन्होंने कांग्रेस के बालेश्वर सिंह को मात्र 376 वोट से मात दी। राम चंद्र को कुल 5,988 वोट मिले। वहीं, बालेश्वर सिंह को 5,612 वोट मिले।
1962 : कांग्रेस को मिली जीत
1962 के चुनाव में कांग्रेस के मिथिलेश्वर प्रसाद सिंह को जीत मिली। उन्होंने भाकपा के रामश्रय प्रसाद सिंह को 4,806 वोट से हराया। मिथिलेश्वर प्रसाद सिंह को कुल 17,155 वोट मिले। वहीं. रामश्रय सिंह को 12,349 वोट मिले।
1967: भाकपा को मिली जीत
1967 के चुनाव में भाकपा के आरपी सिन्हा को 700 वोट से जीत मिली। वहीं, कांग्रेस के केपीएन सिंह दूसरे नंबर पर रहे। आरपी सिन्हा को 16,336 और केपीएन सिंह 15,636 वोट मिले।
1969: कांग्रेस की वापसी
1969 के चुनाव में कांग्रेस के कौशलेन्द्र प्रसाद एन. सिंह को जीत मिली। उन्होंने भाकपा के रामश्रय प्रसाद सिंह को 4,755 वोट से हराया। कौशलेन्द्र प्रसाद को कुल 35,006 वोट मिले। वहीं, रामश्रय को 30,251 वोट मिले।
1972: भाकपा को मिली जीत
1972 के चुनाव में भाकपा के रामश्रय प्रसाद सिंह को 18,946 वोट से जीत मिली। वहीं, जनसंघ के बालेश्वर सिंह दूसरे नंबर पर रहे। रामश्रय प्रसाद सिंह को कुल 41,904 वोट मिले और बालेश्वर सिंह को 22,958 वोट मिले।

1977 : जगदीश शर्मा का गढ़ बना घोसी
- 1977 के चुनाव में जनता पार्टी के जगदीश शर्मा को जीत मिली। उन्होंने भाकपा उम्मीदवार रामश्रय को 8,863 वोट से हराया। जगदीश शर्मा को कुल 52,424 वोट मिले। वहीं, रामश्रय को 43,561 वोट मिले।
- 1980 के चुनाव में जगदीश शर्मा ने भाजपा के टिकट पर चुनाव में लड़ा और चुनाव जीता। इस चुनाव में उन्होंने भाकपा के रामश्रय प्रसाद सिंह को 7,354 वोट से हराया। जगदीश शर्मा को कुल 60,664 वोट मिले। वहीं, रामश्रय सिंह को 53,310 वोट मिले।
- 1985 के चुनाव में जगदीश शर्मा कांग्रेस के टिकट पर चुनावी मैदान में उतरे और जीत हासिल की। उन्होंने भाकपा के राजेंद्र सिंह को 53,452 वोट से हराया। जगदीश शर्मा को कुल 84,503 वोट मिले। वहीं, राजेंद्र सिंह को 31,051 वोट मिले।
- 1990 के चुनाव में कांग्रेस के जगदीश शर्मा को जीत मिली। उन्होंने भाकपा के शारदानंद सिंह को 48,840 वोट से हराया। जगदीश शर्मा को 85,107 वोट मिले। वहीं, शारदानंद सिंह को 36,267 वोट मिले।
- 1995 के चुनाव में कांग्रेस के जगदीश शर्मा घोसी सीट से चौथी बार विधायक बने। इस बार उन्होंने भाकपा के अजित सिंह को 33,334 वोट से हराया। जगदीश शर्मा को 65,087 वोट मिले। वहीं, अजित सिंह को 31,733 वोट मिले।
- 2000 के चुनाव में जगदीश शर्मा निर्दलीय चुनावी मैदान में उतरे और जीत हासिल की। उन्होंने भाकपा ( माले) के मिथिलेश यादव को 27,524 वोट से हराया। जगदीश शर्माा को कुल 87,621 वोट मिले। वहीं, मिथिलेश यादव को 60,097 वोट मिले।
- फरवरी 2005 के चुनाव में निर्दलीय जगदीश शर्मा ने चुनाव में जीत हासिल की। इस चुनाव में उन्होंने राजद के अजय सिंह को 24,873 वोट से हराया। जगदीश शर्मा को कुल 55,262 वोट मिले। वहीं, अजय सिंंह को 30,389 वोट मिले।
- अक्तूबर 2005 के चुनाव में जगदीश शर्मा ने जदयू के टिकट से चुनाव लड़ा और जीत हासिल किया। उन्होंने राजद के अजय शर्मा को 29,120 वोट से हराया। जगदीश शर्मा 54,114 वोट मिले। वहीं, अजय सिंह को 24,994 वोट मिले। 2009 में जहनाबाद से सीट से जगदीश शर्मा सांसद चुने गए। इसके बाद से घोषी सीट पर उपचुनाव हुए। जिसमें जगदीश शर्मा की पत्नी शांति देवी निर्दलीय चुनाव जीता।
2010: जदयू को मिली जीत
2010 के चुनाव में घोसी सीट से जगदीश शर्मा के बेटे राहुल शर्मा को जीत मिली। उन्होंने यह चुनाव जदयू के टिकट पर लड़ा था। राहुल कुमार ने लोजपा के जगदीश प्रसाद को 14,276 वोट से हराया। राहुल शर्मा को 40,364 वोट मिले। वहीं, जगदीश प्रसाद को 26,088 वोट मिले।

2015: जदयू को मिली जीत
2015 के चुनाव में जदयू के कृष्ण नंदन प्रसाद वर्मा को जीत मिली। उन्होंने तत्कालीन विधायक राहुल कुमार को 21,625 वोट से हराया। कृष्ण नंदन प्रसाद 67,248 वोट मिले। वहीं, राहुल कुमार को 45,623 वोट मिले। इस तरह से 38 साल से चला रहा जगदीश शर्मा परिवार का वर्चस्व टूट गया।
2020: भाकपा ( माले) को मिली जीत
2020 के चुनाव में घोसी सीट से भाकपा के राम बाली सिंह यादव को जीत मिली। उन्होंने जदयू के राहुल कुमार को 17,333 वोट से हराया। राम बाली को कुल 74,712 वोट मिले। वहीं, राहुल कुमार को 57,379 वोट मिले।
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