भिवंडी में चार मंजिला इमारत ढही: आठ की मौत, मलबे में दबे कई लोग; रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
Bhiwandi Building Collapse: महाराष्ट्र के ठाणे जिले के भिवंडी में गुरुवार देर रात एक खतरनाक घोषित 4 मंजिला इमारत गिर जाने से 8 लोगों की मौत हो गई। मलबे में दबे 4-5 लोगों को निकालने के लिए एनडीआरएफ और दमकल की टीमें रेस्क्यू में जुटी हैं। ठाणे में इस मानसून बारिश से जुड़ी घटनाओं में अब तक 27 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं।
विस्तार
महाराष्ट्र के ठाणे जिले में दर्दनाक हादसा हुआ है। भिवंडी के पावरलूम शहर में गुरुवार देर रात एक चार मंजिला इमारत ताश के पत्तों की तरह ढह गई। इस भयानक हादसे में कम से कम आठ लोगों की जान चली गई, जबकि चार से पांच लोगों के अभी भी मलबे के नीचे दबे होने की आशंका जताई जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, बालाजी नगर इलाके में स्थित 'कोहिनूर बिल्डिंग' का एक बड़ा हिस्सा गुरुवार रात करीब 11:30 बजे अचानक गिर गया। घटना के तुरंत बाद राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया गया।
हादसे की पांच बड़ी बातें
- आठ लोगों की मौत: हादसे में अब तक आठ लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं, जिन्हें पोस्टमार्टम के लिए सरकारी अस्पताल भेज दिया गया है।
- रेस्क्यू ऑपरेशन जारी: मलबे में अभी भी चार से पांच लोगों के फंसे होने की आशंका है, जिन्हें निकालने के लिए एनडीआरएफ की टीमें जुटी हुई हैं।
- बच्चे को सुरक्षित निकाला गया: मलबे से एक घायल बच्चे को सुरक्षित निकालकर नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
- खतरनाक घोषित थी इमारत: 48 कमरों वाली यह इमारत नगर निगम द्वारा पहले ही खतरनाक घोषित की जा चुकी थी।
- ठाणे में बारिश का कहर: इस हादसे को मिलाकर ठाणे जिले में इस मानसून बारिश से जुड़ी घटनाओं में अब तक 27 लोगों की मौत हो चुकी है।
कैसे हुआ यह दर्दनाक हादसा?
स्थानीय प्रशासन के अनुसार, इस चार मंजिला इमारत में हर मंजिल पर 12-12 कमरे थे। नगर निगम ने इस जर्जर इमारत को खतरनाक घोषित किया हुआ था और हादसे के वक्त परिसर में मरम्मत का काम चल रहा था।
गुरुवार रात करीब 9 बजे इमारत से जोर-जोर से चरचराहट की आवाजें आने लगीं। किसी अनहोनी के डर से स्थानीय लोगों ने तुरंत कई परिवारों को सुरक्षित बाहर निकालने में मदद की। हालांकि, जब कुछ लोग बाहर निकल ही रहे थे, तभी इमारत का 'बी' विंग भरभराकर नीचे गिर गया।
मलबे में दबे लोगों को कैसे निकाला जा रहा?
हादसे की सूचना मिलते ही मौके पर बड़ा मल्टी-एजेंसी रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया गया। घटना स्थल पर राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ), ठाणे आपदा मोचन बल और स्थानीय दमकल विभाग की टीमें मुस्तैदी से राहत कार्य में लगी हुई हैं। मलबे को हटाने और जिंदगी की तलाश के लिए स्निफर डॉग स्क्वाड, 4 फायर टेंडर, 2 एम्बुलेंस और भारी अर्थ-मूविंग मशीनें (जेसीबी) तैनात की गई हैं।
#WATCH | Maharashtra | A body recovered from the site where a four-storey building partially collapsed in Bhiwandi, late night. pic.twitter.com/woAXSJjXFR
— ANI (@ANI) July 31, 2026
महिला ने सुनाई आपबीती
बिल्डिंग गिरने के बाद अपने पति की तलाश कर रही स्थानीय निवासी नेहा सिंह ने कहा, 'वह यह कहकर नीचे आई थी कि बस कुछ चेक करना है। उनके नीचे आने के करीब 10 मिनट बाद ही बिल्डिंग गिर गई। यह घटना रात करीब 11:30 बजे हुई। वहां कुछ काम चल रहा था। मेरी तबीयत ठीक नहीं थी, इसलिए मैं पहले नीचे नहीं आई थी। बिल्डिंग गिरने के बाद से ही मेरे पति रंजीत सिंह लापता हैं। उनके फोन पर घंटी तो जा रही है, लेकिन वे जवाब नहीं दे रहे हैं।'
क्या ठाणे में मानसून ले रहा जान?
ठाणे जिले में इस साल मानसून की बारिश लोगों पर आफत बनकर टूट रही है। भिवंडी के इस भीषण इमारत हादसे को शामिल कर लें, तो जिले में इस मानसून बारिश और जलजमाव से जुड़ी अलग-अलग घटनाओं में अब तक कम से कम 27 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 20 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं।