फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Are you now trying to steal Nandini from us Siddaramaiah asks Modi

कर्नाटक: 'क्या राज्य को लूटने आए थे PM मोदी?' अमूल-नंदिनी विवाद को लेकर सिद्धारमैया ने किया सवाल

Sun, 09 Apr 2023 08:45 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बेंगलुरु
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बेंगलुरु Published by: निर्मल कांत Updated Sun, 09 Apr 2023 08:45 PM IST
सार

सिद्धारमैया ने पूछा, क्या आपका (पीएम मोदी) कर्नाटक आने का उद्देश्य कर्नाटक को कुछ देने का है या कर्नाटक को लूटने का है? आप पहले ही कन्नड़ लोगों से बैंकों,  बंदरगाहों और हवाई अड्डों की चोरी कर चुके हैं। क्या अब आप नंदिनी को हमसे चुराने की कोशिश कर रहे हैं?

विज्ञापन
Are you now trying to steal Nandini from us Siddaramaiah asks Modi
कांग्रेस नेता सिद्धारमैया - फोटो : फेसबुक/सिद्धारमैया

विस्तार

विधानसभा चुनाव से पहले कर्नाटक में अमूल बनाम नंदिनी का विवाद छिड़ा हुआ है। दरअसल, गुजरात की दूध कंपनी अमूल ने हाल ही में राज्य में दूध और दही बेचने की घोषणा की है। कांग्रेस इसे राज्य के मिल्क फेडरेशन नंदिनी को खत्म करने की साजिश करार दे रही है। इस बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी दक्षिणी राज्य का दौरा किया। उनके दौरे के बाद पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने रविवार को ट्वीट कर उनसे पूछा कि क्या कि क्या उनकी यात्रा का उद्देश्य राज्य को लूटना था। 

विज्ञापन

'अमित शाह के बयान के दूध उत्पादन पर पड़ा असर'
सिद्धारमैया ने आरोप लगाया कि केंद्रीय सहकारिता मंत्री अमित कर्नाटक दुग्ध महासंघ के अमूल के साथ विलय की संभावना के बारे में बात कही, जिसके बाद राज्य का दूध उत्पादन प्रभावित हुआ है। उन्होंने कई ट्वीट्स कर प्रधानमंत्री से पूछा कि इसमें उनकी क्या भूमिका रही है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

'क्या अब आप नंदिनी को हमसे चुराने की कोशिश कर रहे'
राज्य के कई लोग और विपक्षी राजनीतिक दल अमूल के इस कदम को प्रसिद्ध डेयरी ब्रांड नंदिनी के लिए खतरे के रूप में देख रहे हैं। अमूल के साथ विलय के इर्द-गिर्द चल रही कहानी को वे रौंदने की कोशिश के रूप में भी देख रहे हैं। सिद्धारमैया ने पूछा, क्या आपका कर्नाटक आने का उद्देश्य कर्नाटक को कुछ देने का है या कर्नाटक को लूटने का है? आप पहले ही कन्नड़ लोगों से बैंकों,  बंदरगाहों और हवाई अड्डों की चोरी कर चुके हैं। क्या अब आप नंदिनी को हमसे चुराने की कोशिश कर रहे हैं?

 

विज्ञापन

सिद्धारमैया ने पूछा- क्या हम गुजरातियों के दुश्मन हैं?
उन्होंने कहा, यह गुजरात का बैंक ऑफ बड़ौदा ही था जिसने हमारे विजया बैंक का विलय किया। बंदरगाह और हवाई अड्डे गुजरात के अदाणी को सौंप दिए गए। अब गुजरात का अमूल हमारे केएमएफ को खाने की योजना बना रहा है। नरेंद्र मोदी, क्या हम गुजरातियों के दुश्मन हैं? उन्होंने आरोप लगाया, युवाओं को एक साल में दो करोड़ नौकरियां देने के बजाय नरेंद्र मोदी ने हमारे बैंकों, बंदरगाहों और हवाई अड्डों से कन्नड़ लोगों की नौकरियां छीन लीं। सिद्धारमैया ने आगे कहा कि अब कर्नाटक भाजपा केएमएफ को अमूल को देकर हमारे किसानों की संभावनाओं को नुकसान पहुंचाना चाहती है।
 

प्रोजेक्ट टाइगर के 50 साल पूरे होने के मौके पर पीएम का राज्य दौरा
प्रधानमंत्री मोदी 'प्रोजेक्ट टाइगर' के 50 साल पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने के लिए मैसूर और चामराजनगर जिलों में थे। शनिवार को मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने इस संबंध में स्पष्टीकरण दिया था। बावजूद इसके सिद्धारमैया की यह टिप्पणी सामने आई है। 'नंदिनी' को कर्नाटक का गौरव बताते हुए बोम्मई ने कहा था कि इसे राष्ट्रीय स्तर पर नंबर वन बनाने के लिए सभी प्रकार के उपाय किए जा रहे हैं।
 

विवाद को लेकर मुख्यमंत्री बोम्मई ने दिया था ये स्पष्टीकरण
बोम्मई ने कहा था कि नंदिनी की बाजार पहुंच व्यापक है और अमूल से डरने की कोई जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा था, कांग्रेस का हर चीज का राजनीतिकरण करना राज्य के हित में नहीं है। उन्होंने कहा, हम अन्य राज्यों में भी जा रहे हैं और मार्केटिंग कर रहे हैं..हम प्रतियोगिता में अमूल को पीछे छोड़ने के लिए वह सबकुछ करेंगे, जो जरूरी होगा।  राज्य के सहकारिता मंत्री एस टी सोमशेखर ने रविवार को इस बात को दोहराया कि केएमएफ का अमूल में विलय करने का कोई प्रस्ताव नहीं है। अगर अमूल ऑनलाइन दूध 57 रुपये प्रति लीटर बेचता है, तो हम इसे 39 रुपये में बेचते हैं। हम अपने उत्पादों को तमिलनाडु और अन्य राज्यों में भेज रहे हैं। उन्होंने कहा कि नंदिनी ब्रांड को मिटाना असंभव है।
 

भाजपा ने कहा- हर मुद्दे का राजनीतिकरण कर रहे पूर्व मुख्यमंत्री
भाजपा के प्रदेश महासचिव सी. एन अश्वथनारायण ने इस मुद्दे पर गैर जिम्मेदाराना बयान देने के लिए पूर्व मुख्यमंत्रियों कांग्रेस के सिद्धरमैया और जद (एस) के एच डी कुमारस्वामी की आलोचना की। कुमारस्वामी ने कहा था, सहकारी क्षेत्र में प्रसिद्ध सहयोगी संगठनों के बीच अस्वस्थ प्रतिस्पर्धा किसी के हित में नहीं है। केएमएफ राज्य के हजारों गांवों में सहकारी समितियों के जरिए किसानों से दूध खरीदता है। 

और भी पढ़ें....

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed