हिमाचल: ऊना अस्पताल में प्रसव के दौरान महिला और गर्भस्थ शिशु की मौत, डॉक्टर की गिरफ्तारी की मांग पर अड़े परिजन
ऊना के क्षेत्रीय अस्पताल में एक गर्भवती महिला और उनके गर्भस्थ शिशु की मौत का मामला सामने आया है। घटना के बाद परिजनों ने उपचार में लापरवाही का आरोप लगाते हुए नाराजगी जताई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली।
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क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में शुक्रवार सुबह प्रसव के दौरान एक महिला और उनके गर्भस्थ शिशु की मौत हो गई। मृतका की पहचान 33 वर्षीय रीना देवी पत्नी राजीव कुमार, निवासी अरनियाला के रूप में हुई है। घटना के बाद परिजन मातृ एवं शिशु अस्पताल परिसर में एकत्रित हुए और उपचार को लेकर सवाल उठाए। परिजनों ने आरोप लगाया कि महिला के उपचार में लापरवाही बरती गई, जिसके कारण यह दुखद घटना हुई। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
डॉक्टर की गिरफ्तारी की मांग उठाई
महिला की मौत से नाराज परिजनों ने उपचार करने वाली डॉक्टर को तुरंत गिरफ्तार करने की मांग की। उनका आरोप था कि अस्पताल में पहले भी उपचार में लापरवाही से मरीजों की जान जाने के मामले सामने आ चुके हैं। परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि ऐसे मामलों में जांच कमेटियां गठित कर दी जाती हैं, लेकिन उन्हें न्याय मिलने को लेकर चिंता बनी रहती है। हालांकि, उपचार में लापरवाही के आरोपों की अभी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मामले में जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद ही जिम्मेदारी तय हो सकेगी।
घटना के बाद अस्पताल परिसर में बढ़ते तनाव को देखते हुए एसडीएम ऊना अभिषेक मित्तल, एएसपी ऊना अजय राणा और अन्य प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने स्थिति का जायजा लिया। महिला की मौत किन परिस्थितियों में हुई और उपचार के दौरान किसी स्तर पर लापरवाही हुई या नहीं, इन सवालों के जवाब जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेंगे।
जांच और आधिकारिक पक्ष का इंतजार
घटना के बाद परिजन संबंधित डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। मामले में अस्पताल प्रबंधन का विस्तृत आधिकारिक पक्ष और जांच से जुड़ी अंतिम जानकारी सामने आने पर ही पूरे घटनाक्रम की स्थिति स्पष्ट होगी।