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Una News: सीवरेज की दिक्कत बरकरार, अब जनता करेगी प्रहार
Tue, 05 May 2026 12:50 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
Updated Tue, 05 May 2026 12:50 AM IST
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दौलतपुर चौक (ऊना)। 1979 में अधिसूचित और 1982 से कार्यरत नगर पंचायत आज भी मूलभूत सीवरेज सुविधा के अभाव से जूझ रही है।
ऊना जिले की तहसील घनारी के अंतर्गत आने वाली इस नगर पंचायत के 7 वार्डों में वर्षों से गंदगी और जलभराव की समस्या बनी हुई है। अब 279.91 लाख रुपये की डीपीआर तैयार होने के बाद यह मुद्दा चुनावी बहस के केंद्र में आ गया है।
स्वच्छ भारत मिशन (नगरीय) 2.0 के तहत तैयार इस परियोजना में सीवरेज अवरोधन और डायवर्जन कार्य शामिल हैं। जल शक्ति विभाग द्वारा बनाई गई डीपीआर को मंजूरी के लिए भेजा जा चुका है।
मंजूरी मिलते ही नगर पंचायत के सभी वार्डों में सीवरेज व्यवस्था को सुधारने का दावा किया जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि वर्षों से सीवरेज समस्या को नजरअंदाज किया गया लेकिन चुनाव नजदीक आते ही योजनाओं की घोषणा तेज हो गई है।
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ऐसे में मतदाता अब वादों से ज्यादा जमीनी काम देखना चाहते हैं। नगर पंचायत सचिव बलदेव ठाकुर के अनुसार, डीपीआर में सभी सातों वार्डों की जरूरतों को ध्यान में रखकर योजना तैयार की गई है। वहीं जल शक्ति विभाग के एसडीओ जोगिंदर सिंह ने बताया कि मंजूरी मिलते ही काम शुरू कर दिया जाएगा और शहर को गंदगी व जलभराव से राहत मिलेगी।
बरसात के दिनों में हालात और बिगड़ जाते हैं। सड़कों पर जलभराव, नालियों का ओवरफ्लो और बदबू से लोग परेशान रहते हैं। कई वार्डों में यह समस्या रोजमर्रा की बन चुकी है। लोग अब इससे निजात पाना चाहते हैं।
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ऊना जिले की तहसील घनारी के अंतर्गत आने वाली इस नगर पंचायत के 7 वार्डों में वर्षों से गंदगी और जलभराव की समस्या बनी हुई है। अब 279.91 लाख रुपये की डीपीआर तैयार होने के बाद यह मुद्दा चुनावी बहस के केंद्र में आ गया है।
स्वच्छ भारत मिशन (नगरीय) 2.0 के तहत तैयार इस परियोजना में सीवरेज अवरोधन और डायवर्जन कार्य शामिल हैं। जल शक्ति विभाग द्वारा बनाई गई डीपीआर को मंजूरी के लिए भेजा जा चुका है।
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मंजूरी मिलते ही नगर पंचायत के सभी वार्डों में सीवरेज व्यवस्था को सुधारने का दावा किया जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि वर्षों से सीवरेज समस्या को नजरअंदाज किया गया लेकिन चुनाव नजदीक आते ही योजनाओं की घोषणा तेज हो गई है।
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ऐसे में मतदाता अब वादों से ज्यादा जमीनी काम देखना चाहते हैं। नगर पंचायत सचिव बलदेव ठाकुर के अनुसार, डीपीआर में सभी सातों वार्डों की जरूरतों को ध्यान में रखकर योजना तैयार की गई है। वहीं जल शक्ति विभाग के एसडीओ जोगिंदर सिंह ने बताया कि मंजूरी मिलते ही काम शुरू कर दिया जाएगा और शहर को गंदगी व जलभराव से राहत मिलेगी।
बरसात के दिनों में हालात और बिगड़ जाते हैं। सड़कों पर जलभराव, नालियों का ओवरफ्लो और बदबू से लोग परेशान रहते हैं। कई वार्डों में यह समस्या रोजमर्रा की बन चुकी है। लोग अब इससे निजात पाना चाहते हैं।