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Una News: मक्की की तुड़ाई फिर रुकी, खेतों में तोड़कर रखी फसल भीगी
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अंब के चक्का सराय में खेतों में खड़ा बारिश का पानी।संवाद
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किसानों की नुकसान, खेतों में ही सड़ रहा मक्की का दाना
किसानों ने कहा इस साल किसी भी फसल में नहीं हुआ मुनाफा
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। जिले में अगेती मक्की की तुड़ाई प्रक्रिया खराब मौसम के कारण प्रभावित हो रही है। शुक्रवार को मौसम साफ होने के बाद शनिवार सुबह दोबारा करीब दो घंटे तक बारिश हुई। कई किसानों की तोड़ी गई फसल खेतों में भीग गई, जिसे सुखाने में अतिरिक्त मेहनत करनी पड़ेगी। जानकारी के अनुसार सिंचाई सुविधा वाले क्षेत्रों में लगभग 1500 हेक्टेयर भूमि पर मक्की की फसल तैयार है। किसान तुड़ाई और थ्रैसिंग कर मक्की मंडी भेज रहे हैं, लेकिन बारिश से अधिकांश किसानों की फसल खेतों में पड़ी है। किसानों ने बताया कि मौसम की मार से पौधा ठीक से विकसित नहीं हुआ, पैदावार कम रही और दाम भी सिर्फ 1400 रुपये प्रति क्विंटल मिल रहे हैं। मक्की की बिक्री किसान पंजाब के होशियारपुर मंडी में करते हैं, जहां पोल्ट्री उद्योग के लिए इसकी खरीद होती है। बारिश से जमीन में नमी बढ़ने से आलू की बिजाई भी 10–15 दिन देर से हो सकेगी। उपनिदेशक कृषि विभाग कुलभूषण धीमान ने कहा कि अगेती मक्की की स्थिति अपेक्षाकृत बेहतर है, हालांकि नमी से पैदावार प्रभावित हुई है। किसान मार्गदर्शन के लिए कृषि विभाग से संपर्क कर सकते हैं।
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किसानों ने कहा इस साल किसी भी फसल में नहीं हुआ मुनाफा
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। जिले में अगेती मक्की की तुड़ाई प्रक्रिया खराब मौसम के कारण प्रभावित हो रही है। शुक्रवार को मौसम साफ होने के बाद शनिवार सुबह दोबारा करीब दो घंटे तक बारिश हुई। कई किसानों की तोड़ी गई फसल खेतों में भीग गई, जिसे सुखाने में अतिरिक्त मेहनत करनी पड़ेगी। जानकारी के अनुसार सिंचाई सुविधा वाले क्षेत्रों में लगभग 1500 हेक्टेयर भूमि पर मक्की की फसल तैयार है। किसान तुड़ाई और थ्रैसिंग कर मक्की मंडी भेज रहे हैं, लेकिन बारिश से अधिकांश किसानों की फसल खेतों में पड़ी है। किसानों ने बताया कि मौसम की मार से पौधा ठीक से विकसित नहीं हुआ, पैदावार कम रही और दाम भी सिर्फ 1400 रुपये प्रति क्विंटल मिल रहे हैं। मक्की की बिक्री किसान पंजाब के होशियारपुर मंडी में करते हैं, जहां पोल्ट्री उद्योग के लिए इसकी खरीद होती है। बारिश से जमीन में नमी बढ़ने से आलू की बिजाई भी 10–15 दिन देर से हो सकेगी। उपनिदेशक कृषि विभाग कुलभूषण धीमान ने कहा कि अगेती मक्की की स्थिति अपेक्षाकृत बेहतर है, हालांकि नमी से पैदावार प्रभावित हुई है। किसान मार्गदर्शन के लिए कृषि विभाग से संपर्क कर सकते हैं।