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Una News: छह वर्ष से पहले प्री प्राइमरी पूरी कर चुके बच्चे ले सकेंगे पहली कक्षा में दाखिला
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अदालत के आदेशों के बाद सभी स्कूलों को जारी की गई अधिसूचना
वर्तमान में प्री प्राइमरी की पढ़ाई कर रहे बच्चों के लिए लागू रहेंगे नियम
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। शैक्षणिक सत्र 2024-25 तक छह वर्ष की उम्र से पहले प्री प्राइमरी की पढ़ाई पूरी करने वाले बच्चों को उच्च न्यायालय के आदेशों के बाद शिक्षा निदेशालय ने राहत दी है। मौजूदा सत्र की पढ़ाई में अगर कोई बच्चा छह वर्ष की उम्र से पहले प्री प्राइमरी कक्षाएं पूरी कर लेता है तो उसे छह साल से कम उम्र होने पर भी पहली कक्षा में दाखिला लेने की छूट रहेगी। इस फैसले से अभिभावकों ने राहत की सांस ली है। हालांकि, जिन बच्चों ने अगले सत्र में प्री प्राइमरी की पढ़ाई पूरी करनी है, उन्हें सरकार की ओर से छह साल की उम्र पूरी होने का नियम लागू रहेगा। जानकारी के अनुसार कुछ माह पहले ही प्रदेश सरकार की ओर से निर्धारित किया गया था कि पहली कक्षा में दाखिला लेने की आयु कम से कम छह वर्ष रहेगी। इस फैसले पर उन अभिभावकों ने खासी आपत्ति जताई, जिनके बच्चे पहले से प्री प्राइमरी कक्षाओं में पढ़ाई कर रहे थे। उनकी पहली कक्षा में पहुंचने पर उम्र छह वर्ष से कम होनी थी। अभिभावकों का तर्क था कि पहले से कक्षाओं में दाखिले वाले बच्चों को इससे छूट मिलनी चाहिए। इस फैसले के खिलाफ एक अभिभावक ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की। इसका फैसला अभिभावक के हक में आया। अदालत ने फैसला सुनाया कि मौजूदा सत्र में प्री प्राइमरी की पढ़ाई पूरी करने वाले बच्चों को शैक्षणिक सत्र 2024-25 में पहली कक्षा में दाखिले की अनुमति दी जाए। इसके अलावा जिन बच्चों से वर्तमान शैक्षणिक सत्र में प्री प्राइमरी में दाखिला लिया या पढ़ाई कर रहे हैं, उनके लिए सरकार की ओर से निर्धारित नियम लागू रहेंगे। अभिभावक राकेश कुमार, जितेंद्र सिंह, रोहित कुमार, नीलम देवी, ऊषा रानी ने कहा कि यह फैसला सराहनीय है। पहले से प्री प्राइमरी में पढ़ाई कर रहे बच्चों को सरकार की तरफ से राहत मिलनी चाहिए।
कोट्स
अदालत के आदेश के बाद निदेशालय की ओर से सभी स्कूलों को इस संदर्भ में आदेश जारी किए गए हैं। सभी स्कूल प्रबंधकों को भी सूचित कर दिया गया है। अगर किसी अभिभावक या अध्यापक को इससे जुड़ी कोई दुविधा है तो विभाग से संपर्क कर सकते हैं।
सोमलाल धीमान, उपनिदेशक, प्रारंभिक शिक्षा विभाग
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वर्तमान में प्री प्राइमरी की पढ़ाई कर रहे बच्चों के लिए लागू रहेंगे नियम
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। शैक्षणिक सत्र 2024-25 तक छह वर्ष की उम्र से पहले प्री प्राइमरी की पढ़ाई पूरी करने वाले बच्चों को उच्च न्यायालय के आदेशों के बाद शिक्षा निदेशालय ने राहत दी है। मौजूदा सत्र की पढ़ाई में अगर कोई बच्चा छह वर्ष की उम्र से पहले प्री प्राइमरी कक्षाएं पूरी कर लेता है तो उसे छह साल से कम उम्र होने पर भी पहली कक्षा में दाखिला लेने की छूट रहेगी। इस फैसले से अभिभावकों ने राहत की सांस ली है। हालांकि, जिन बच्चों ने अगले सत्र में प्री प्राइमरी की पढ़ाई पूरी करनी है, उन्हें सरकार की ओर से छह साल की उम्र पूरी होने का नियम लागू रहेगा। जानकारी के अनुसार कुछ माह पहले ही प्रदेश सरकार की ओर से निर्धारित किया गया था कि पहली कक्षा में दाखिला लेने की आयु कम से कम छह वर्ष रहेगी। इस फैसले पर उन अभिभावकों ने खासी आपत्ति जताई, जिनके बच्चे पहले से प्री प्राइमरी कक्षाओं में पढ़ाई कर रहे थे। उनकी पहली कक्षा में पहुंचने पर उम्र छह वर्ष से कम होनी थी। अभिभावकों का तर्क था कि पहले से कक्षाओं में दाखिले वाले बच्चों को इससे छूट मिलनी चाहिए। इस फैसले के खिलाफ एक अभिभावक ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की। इसका फैसला अभिभावक के हक में आया। अदालत ने फैसला सुनाया कि मौजूदा सत्र में प्री प्राइमरी की पढ़ाई पूरी करने वाले बच्चों को शैक्षणिक सत्र 2024-25 में पहली कक्षा में दाखिले की अनुमति दी जाए। इसके अलावा जिन बच्चों से वर्तमान शैक्षणिक सत्र में प्री प्राइमरी में दाखिला लिया या पढ़ाई कर रहे हैं, उनके लिए सरकार की ओर से निर्धारित नियम लागू रहेंगे। अभिभावक राकेश कुमार, जितेंद्र सिंह, रोहित कुमार, नीलम देवी, ऊषा रानी ने कहा कि यह फैसला सराहनीय है। पहले से प्री प्राइमरी में पढ़ाई कर रहे बच्चों को सरकार की तरफ से राहत मिलनी चाहिए।
कोट्स
अदालत के आदेश के बाद निदेशालय की ओर से सभी स्कूलों को इस संदर्भ में आदेश जारी किए गए हैं। सभी स्कूल प्रबंधकों को भी सूचित कर दिया गया है। अगर किसी अभिभावक या अध्यापक को इससे जुड़ी कोई दुविधा है तो विभाग से संपर्क कर सकते हैं।
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सोमलाल धीमान, उपनिदेशक, प्रारंभिक शिक्षा विभाग