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लावारिस कुते ने दो को काटा
Updated Sun, 05 Nov 2017 07:12 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
ऊना।
क्षेत्र के गांव टक्का और बसोली में लावारिस कुत्तों के आतंक से लोग परेशान हैं। टक्का गांव में कुत्ते के काटने से घायल हुए लोगों की संख्या अब तीन हो गई है। इससे क्षेत्र में दहशत का माहौल है। पहला मामला गांव टक्का का है जहां स्थानीय निवासी विशाखा अपने घर के समीप खेल रही थी कि एक कुत्ते ने उस पर हमला बोल दिया। विशाखा के चीखने की आवाज सुनकर परिजन पहुंचे और कड़ी मशक्कत कर उसे कुत्ते के चंगुल से छुड़वाया।
परिजन तुरंत उसे लेकर ऊना अस्पताल पहुंचे। टक्का गांव में दो मासूमों को लावारिस कुत्ते ने काट लिया था। इनका उपचार अस्पताल में चल रहा है। दूसरा मामला गांव बसोली का है जहां संदीप रविवार सुबह अपने गांव में जा रहा था कि अचानक एक लावारिस कुत्ता उस पर टूट पड़ा। संदीप ने बचाव का प्रयास किया लेकिन कुत्ते ने उसकी टांगों में अपने दांत गाड़ दिए। इससे वह गंभीर घायल हो गया। स्थानीय लोगों ने उसके चीखने चिल्लाने की आवाज सुनकर पहुंचे और संदीप को कुत्ते के चंगुल से आजाद करवाया।
घायल को अस्पताल पहुंचाया गया। एसएमओ ऊना डॉ. रामपाल ने बताया कि पीड़ितों को अस्पताल में उपचार दिया है। गौर रहे कि जिला में लावारिस कुत्तों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। लोग अपने आप को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। नवंबर माह में अब तक लगभग आधा दर्जन लोग लावारिस कुत्तों का शिकार हो चुके हैं। ग्रामीणों विशाल ठाकुर, राजेश, रोहित, महिंद्रपाल, किशन चंद, त्रिलोक, दिलबाग ने जिला प्रशासन से मांग की है कि शीघ्र उचित कार्रवाई अमल में लाई जाए।
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ऊना।
क्षेत्र के गांव टक्का और बसोली में लावारिस कुत्तों के आतंक से लोग परेशान हैं। टक्का गांव में कुत्ते के काटने से घायल हुए लोगों की संख्या अब तीन हो गई है। इससे क्षेत्र में दहशत का माहौल है। पहला मामला गांव टक्का का है जहां स्थानीय निवासी विशाखा अपने घर के समीप खेल रही थी कि एक कुत्ते ने उस पर हमला बोल दिया। विशाखा के चीखने की आवाज सुनकर परिजन पहुंचे और कड़ी मशक्कत कर उसे कुत्ते के चंगुल से छुड़वाया।
परिजन तुरंत उसे लेकर ऊना अस्पताल पहुंचे। टक्का गांव में दो मासूमों को लावारिस कुत्ते ने काट लिया था। इनका उपचार अस्पताल में चल रहा है। दूसरा मामला गांव बसोली का है जहां संदीप रविवार सुबह अपने गांव में जा रहा था कि अचानक एक लावारिस कुत्ता उस पर टूट पड़ा। संदीप ने बचाव का प्रयास किया लेकिन कुत्ते ने उसकी टांगों में अपने दांत गाड़ दिए। इससे वह गंभीर घायल हो गया। स्थानीय लोगों ने उसके चीखने चिल्लाने की आवाज सुनकर पहुंचे और संदीप को कुत्ते के चंगुल से आजाद करवाया।
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घायल को अस्पताल पहुंचाया गया। एसएमओ ऊना डॉ. रामपाल ने बताया कि पीड़ितों को अस्पताल में उपचार दिया है। गौर रहे कि जिला में लावारिस कुत्तों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। लोग अपने आप को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। नवंबर माह में अब तक लगभग आधा दर्जन लोग लावारिस कुत्तों का शिकार हो चुके हैं। ग्रामीणों विशाल ठाकुर, राजेश, रोहित, महिंद्रपाल, किशन चंद, त्रिलोक, दिलबाग ने जिला प्रशासन से मांग की है कि शीघ्र उचित कार्रवाई अमल में लाई जाए।
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