फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Solan News ›   Farmers due to non-sale of wheat seeds Raised slogans against the department

Solan News: गेहूं का बीज न बिकने पर किसानों ने की विभाग के खिलाफ नारेबाजी

Mon, 10 Jun 2024 11:38 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन
संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन Updated Mon, 10 Jun 2024 11:38 PM IST
विज्ञापन
सोमवार को भी दूसरे जिलों को नहीं भेजा बीज, किसान नाराज
विज्ञापन

200 किसानों के गेहूं के बीज की नहीं खरीद, अब रखने को भी जगह नहीं
संवाद न्यूज एजेंसी
नालागढ़(सोलन)। नालागढ़ के कृषि फार्म मझौली में सोमवार को भी कोई ट्रक दूसरे जिलों को रवाना न होने पर किसानों ने जमकर प्रदर्शन किया। पहले यहां से सोमवार को बिलासपुर व हमीरपुर के लिए गेहूं के कुछ ट्रक भेजने की योजना थी मगर सोमवार को यहां से कोई ट्रक नहीं गया, जिससे ग्रेडिंग मशीन नहीं चल पाई। किसानों का कहना है कि ऐसा पहली बार हुआ है कि जब जून के 10 दिन बीत गए हैं और किसानों से गेहूं का बीज नहीं लिया गया है। बजट के अभाव में किसान दूसरी फसल कैसे लगाएंगे जबकि अभी पहली फसल ही नहीं बिकी है। अगर गेहूं में बरसात में कीड़े लग गए तो विभाग किसानों का बीज नहीं खरीदेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि यह सभी यहां के अधिकारियों की लापरवाही से हुआ है। इसका खामियाजा स्थानीय किसान भुगत रहे हैं।
नालागढ़ के किसान मोहन सिंह, सदा राम, सर्वजीत सिंह, जीतू, विजेंदर सिंह, रमन सिंह के नेतृत्व में दो दर्जन किसान मझौली फार्म पर एकत्रित हुए। किसानों ने विभाग के अधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। किसानों ने कहा कि दो माह से गेहूं थैलों में बंद पड़ा है। गेहूं में कोई छोटा सा कीड़ा भी अगर लग गया तो विभाग उनका गेहूं नहीं खरीदेगा। किसानों ने विभाग के कहने पर अपने खेतों में गेहूं का बीज लगाया लेकिन अब यह बीज उनके लिए मुसीबत बन गया है। इसी माह खरीफ की फसल लगनी शुरू हो जाती है लेकिन अभी तक किसानों की पुरानी फसल ही नहीं बिक पाई है। ऐसे में किसान दूसरी फसल की तैयारी कैसे करेंगे।
विज्ञापन

मोहन सिंह ने कहा कि ऐसा पहली बार हुआ है जब किसानों की फसल विभाग लेने को तैयार नहीं है। पहले विभाग की ग्रेडिंग मशीन खराब रही। अब वह ठीक हुई तो गेहूं रखने को विभाग के पास जगह नहीं है। यहां पर ऐसे अधिकारियों के भेजा गया है जिन्हें कृषि फार्म के बारे में कोई जानकारी नहीं है। इन अधिकारियों के अनुभव की कमी के चलते किसान परेशान हो गए हैं। अभी 200 किसान ऐसे हैं जिनके गेहूं अभी तक बेचने को पड़े हैं और अगर यही हाल रहा तो कई किसानों के गेंहू खराब हो सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

उधर, कृषि विभाग के एसएमएस संदीप गौतम ने बताया कि उन्होंने निदेशक के आदेश पर बिलासपुर, मंडी, हमीरपुर जिलों के कृषि अधिकारियों को गेहूं उठाने के लिए पत्राचार किया है। बिलासपुर कृषि विभाग ने 1834 क्विंटल बीज उठा लिया है। लेकिन हमीरपुर व मंडी ने बीज नहीं उठाया है जिसके चलते शेड में गेहूं रखने के लिए जगह नहीं बची है। दो छोटी मशीनें चल रही हैं लेकिन बड़ी मशीन को स्टोर खाली होने के बाद चलाया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed