{"_id":"5a4bb1f94f1c1b4f198b4778","slug":"151514910201-solan-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सोलन अस्पताल में मरीजों को आफत, छुट्टी पर रहे पांच डॉक्टर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सोलन अस्पताल में मरीजों को आफत, छुट्टी पर रहे पांच डॉक्टर
Updated Tue, 02 Jan 2018 10:03 PM IST
विज्ञापन
doctor
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सोलन। क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में मंगलवार को चिकित्सा सेवाएं ठप रहीं। एकसाथ पांच डॉक्टरों के छुट्टी पर जाने से लोगों को सुबह से शाम तक भारी परेशानी झेलनी पड़ी। आलम यह रहा कि अस्पताल में लगने वाले मुख्य मेडिसन, ईएनटी सहित अन्य ओपीडी के दरवाजों के बाहर डॉक्टरों की छुट्टी का बोर्ड टंगा हुआ था। लोग ओपीडी के बाहर डॉक्टरों को ढूंढते रहे लेकिन राहत नहीं मिली। दूर-दूर से आए रोगियों को अधिक परेशानी झेलनी पड़ी। इसके बाद लोग बिना इलाज के ही घर लौट गए।
जोनल अस्पताल मेें करीब 1200 ओपीडी रहती है। लेकिन अस्पताल में डॉक्टर नहीं मिले तो लोगों को मजबूरन निजी क्लीनिकों के चक्कर काटने पड़े। जानकारी के अनुसार मंगलवार सुबह से अस्पताल की विभिन्न ओपीडी में रोगियों की भीड़ इकट्ठा होना शुरू हो गई थी। लेकिन मेडिसन और ईएनटी सहित अन्य ओपीडी के करीब पांच डॉक्टर न होने से लोगों को काफी परेशानियां झेलनी पड़ी। इसके चलते अस्पताल की ओपीडी में मौजूद डॉक्टर की ओपीडी के बाहर लंबी-लंबी कतारें लग गईं। इसके चलते रोगियों को घंटे भर तक अपना इलाज करवाने के लिए लाईनों में खड़ा रहना पड़ा। वहीं कुछ रोगियों ने निजी क्लीनिकों में जाकर इलाज करवाया। क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में जिला सोलन, शिमला, सिरमौर और अन्य क्षेत्रों से लोग इलाज करवाने के लिए आते हैं। लेकिन मंगलवार को दूर-दराज से इलाज करवाने आए लोगों को अधिक परेशानी झेलनी पड़ी।
इतने पद चाहिए, इतनेे स्वीकृत
200 बिस्तर वाले क्षेत्रीय अस्पताल में सोलन के साथ सिरमौर, नौणी, राजगढ़, ओच्छघाट, कंडाघाट और धर्मपुर जैसे क्षेत्रों से मरीज अपना इलाज करवाने रोजाना आते हैं। वर्तमान में अस्पताल में केवल 18 डॉक्टर ही अपनी सेवाएं दे रहे हैं। जरूरत लगभग 35 डॉक्टरों की है। अस्पताल प्रबंधन भी यह मानता है कि डॉक्टरों की संख्या मरीजों की संख्या के मुकाबले बहुत कम है। ऐसे में सस्ता इलाज करवाने यहां आ रहे मरीजों को डॉक्टर नहीं मिलने के कारण अस्पताल के चक्कर काटने को मजबूर होना पड़ता है।
विज्ञापन
आवश्यक कार्य के चलते छुट्टी पर हैं डाक्टर
क्षेत्रीय अस्पताल सोलन के चिकित्सा अधीक्षक (एमएस) डॉ. महेश गुप्ता ने बताया कि अस्पताल में एक साथ पांच डॉक्टरों की छुट्टी की बात उनके संज्ञान में है। छुट्टी पर गए डॉक्टरों में से कुछ कोर्ट के कार्य से छुट्टी पर हैं। बुधवार को स्थिति सामान्य हो जाएगी। कहा कि अन्य डॉक्टरों ने लोगों की जांच की गई। बीमारी के चलते छुट्टी पर गई बच्चों की डॉक्टरों ने भी ज्वाइन कर लिया है।
विज्ञापन
जोनल अस्पताल मेें करीब 1200 ओपीडी रहती है। लेकिन अस्पताल में डॉक्टर नहीं मिले तो लोगों को मजबूरन निजी क्लीनिकों के चक्कर काटने पड़े। जानकारी के अनुसार मंगलवार सुबह से अस्पताल की विभिन्न ओपीडी में रोगियों की भीड़ इकट्ठा होना शुरू हो गई थी। लेकिन मेडिसन और ईएनटी सहित अन्य ओपीडी के करीब पांच डॉक्टर न होने से लोगों को काफी परेशानियां झेलनी पड़ी। इसके चलते अस्पताल की ओपीडी में मौजूद डॉक्टर की ओपीडी के बाहर लंबी-लंबी कतारें लग गईं। इसके चलते रोगियों को घंटे भर तक अपना इलाज करवाने के लिए लाईनों में खड़ा रहना पड़ा। वहीं कुछ रोगियों ने निजी क्लीनिकों में जाकर इलाज करवाया। क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में जिला सोलन, शिमला, सिरमौर और अन्य क्षेत्रों से लोग इलाज करवाने के लिए आते हैं। लेकिन मंगलवार को दूर-दराज से इलाज करवाने आए लोगों को अधिक परेशानी झेलनी पड़ी।
विज्ञापन
इतने पद चाहिए, इतनेे स्वीकृत
200 बिस्तर वाले क्षेत्रीय अस्पताल में सोलन के साथ सिरमौर, नौणी, राजगढ़, ओच्छघाट, कंडाघाट और धर्मपुर जैसे क्षेत्रों से मरीज अपना इलाज करवाने रोजाना आते हैं। वर्तमान में अस्पताल में केवल 18 डॉक्टर ही अपनी सेवाएं दे रहे हैं। जरूरत लगभग 35 डॉक्टरों की है। अस्पताल प्रबंधन भी यह मानता है कि डॉक्टरों की संख्या मरीजों की संख्या के मुकाबले बहुत कम है। ऐसे में सस्ता इलाज करवाने यहां आ रहे मरीजों को डॉक्टर नहीं मिलने के कारण अस्पताल के चक्कर काटने को मजबूर होना पड़ता है।
विज्ञापन
आवश्यक कार्य के चलते छुट्टी पर हैं डाक्टर
क्षेत्रीय अस्पताल सोलन के चिकित्सा अधीक्षक (एमएस) डॉ. महेश गुप्ता ने बताया कि अस्पताल में एक साथ पांच डॉक्टरों की छुट्टी की बात उनके संज्ञान में है। छुट्टी पर गए डॉक्टरों में से कुछ कोर्ट के कार्य से छुट्टी पर हैं। बुधवार को स्थिति सामान्य हो जाएगी। कहा कि अन्य डॉक्टरों ने लोगों की जांच की गई। बीमारी के चलते छुट्टी पर गई बच्चों की डॉक्टरों ने भी ज्वाइन कर लिया है।