फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Sirmour News ›   Suffering the brunt of politics for five years The building of CHC Darlaghat remained

Sirmour News: पांच साल से राजनीति का दंश झेल रहा सीएचसी दाड़लाघाट का भवन

Mon, 17 Jun 2024 11:26 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सिरमौर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरमौर Updated Mon, 17 Jun 2024 11:26 PM IST
विज्ञापन
Suffering the brunt of politics for five years

The building of CHC Darlaghat remained
वीरभद्र सरकार ने भवन निर्माण पर खर्च किए थे तीन करोड़ रुपये
विज्ञापन

सुक्खू सरकार ने स्टाफ भरने और मशीनरी लगाने को नहीं दी मंजूरी
स्थानीय लोग इलाज के लिए, सोलन, बिलासपुर या शिमला पहुंच रहे



राजेश गुप्ता

दाड़लाघाट(सोलन)। दाड़लाघाट में साढ़े पांच साल पहले तैयार किए गए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का भवन राजनीतिक दंश झेल रहा है। अभी तक अस्पताल को शुरू करने के लिए सरकार की ओर से न तो कोई चिकित्सक की तैनाती की है और न ही स्टाफ को भेजा गया है। ऐसे में दाड़लाघाट के लोगों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का लाभ नहीं मिल पा रहा है।

हैरत की बात तो यह है कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में मंत्रिमंडल की बैठक में 30 बेड के सीएचसी अस्पताल के भवन को खोलने के लिए मुहर काफी समय पहले लगा दी है। वहीं 13 मार्च को सरकार की ओर से इस भवन को शुरू करने को लेकर अधिसूचना भी जारी की। लेकिन अभी तक यह शुरू नहीं किया गया है। अस्पताल को पिछली भाजपा सरकार ने पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में हुई बैठक में अस्पताल के लिए आठ विभिन्न श्रेणियों के पदों को भरने के लिए मंजूरी दे दी थी। चुनावी दौर में आनन-फानन में दूसरे अस्पताल से चिकित्सक भी प्रति नियुक्ति तैनात किया।
विज्ञापन

वर्तमान में सुक्खू सरकार ने बजट के अभाव का हवाला देते हुए इसे बंद कर दिया। अब सरकार ने कई बार चालू करने की घोषणा कर दी है। लेकिन घोषणा कोरी दिखाई दे रही है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का भवन लगभग साढ़े पांच वर्ष से खाली पड़ा हुआ है। अगर समय रहते इसे शुरू किया जाता है तो आने वाले समय में दाड़लाघाट क्षेत्र के साथ लगती पंचायतों के लोगों को इसका सीधा लाभ मिलेगा। वहीं, लोगों को अर्की, बिलासपुर व शिमला का रुख नहीं करना पड़ेगा। (संवाद)
विज्ञापन
विज्ञापन




इनसेट



आठ वर्ष पहले दी थी मंजूरी

करीब आठ वर्ष पहले तत्कालीन मुख्यमंत्री स्व. वीरभद्र सिंह ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का भवन बनाने की मंजूरी दी थी। यह भवन साढ़े पांच वर्ष पहले बनकर तैयार भी हो गया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को शुरू करने को लेकर सरकारों की ओर से ढुलमुल नीति ही अपनाई जा रही है। करीब 2 करोड़ 87 लाख 56 हजार की लागत से बनेे सीएचसी अस्पताल को संचालित होने में हो रही देरी को लेकर स्थानीय लोगों में गुस्सा भी है।




इनसेट



आचार संहिता के चलते स्टाफ की नियुक्ति नहीं हो रही है। इस कारण इसे खोलने में समस्या आ रही है। जैसे ही आचार संहिता खत्म हो जाएगी। यहां स्टाफ की नियुक्ति होते ही इसे खोल दिया जाएगा।

-डॉ. राजन उप्पल



मुख्य चिकित्सा अधिकारी, सोलन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed