{"_id":"5fa8278c8ebc3e5fab398e62","slug":"crime-nahan-news-sml350962967","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिले में कुछ माह में सक्रिय हुआ अंतरराज्यीय ठग गिरोह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिले में कुछ माह में सक्रिय हुआ अंतरराज्यीय ठग गिरोह
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पांवटा साहिब (सिरमौर)। सरकारी नौकरी और बैंक से ऋण दिलवाने के नाम पर राशि ऐंठने वाला गिरोह पिछले कुछ माह से सिरमौर में पूरी तरह से सक्रिय हो गया था। इसलिए हरियाणा राज्य सीमा से लगते सिरमौर में सबसे पहले पांव पसारे। सफलता मिलने पर यह गिरोह अन्य जिलों में भी ठगी का ऐसा ही नेटवर्क चलाने की फिराक में था। उससे पहले ही माजरा पुलिस ने जागरूक ग्रामीणों के सहयोग से आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया।
गिरफ्तार गिरोह के पांचों सदस्यों को पांवटा अदालत में पेश करने पर 12 नवंबर तक के पुलिस रिमांड पर भेजा गया है। आरोपियों के बैंक खाते सीज होंगे। अभी इस मामले में और गिरफ्तारियों से इंकार नहीं किया जा सकता है।
पिछले 3 माह से हरियाणा का गिरोह हिमाचल में सक्रिय हो गया था। अंतरराज्यीय गिरोह धीरे-धीरे हिमाचल के अन्य जिलों में भी पांव पसारने की फिराक में है। एक आरोपी तो बाकायदा खुद को हरियाणा की एक राजनीतिक पार्टी का चेयरमैन बताता था। यह शातिर हिमाचल सरकार में भी ऊंची पहुंच बता कर विश्वास जीत लेते थे। इसके बाद ऋण और नौकरी दिलाने का नाम लेकर लोगों से पैसे ऐंठने का काम शुरू हो जाता था।
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शिकायतकर्ता कमल कुमार (35)पुत्र ओम प्रकाश समेत कुछ ग्रामीणों ने गिरोह के सदस्यों को कोलर क्षेत्र में बुलाया। इसके बाद गैंग में शामिल मुख्य आरोपी नरेश कुमार, महेंद्र पाल, अनिल कुमार, स्वर्ण लाल और निर्मल सिंह को माजरा पुलिस के माध्यम से गिरफ्तार करवाया। ठग गिरोह तीन माह के भीतर ही लोगों को नौकरी दिलवाने के लिए नाम पर 2 लाख तथा ऋण दिलवाने के नाम पर 3.65 लाख राशि स्थानीय ग्रामीणों से ऐंठ चुके थे।
उधर, डीएसपी पांवटा साहिब बीर बहादुर सिंह ने कहा कि गिरफ्तार आरोपियों को 12 नवंबर तक पुलिस रिमांड में रखने के आदेश हुए हैं। क्षेत्र के और कितने लोगों को नौकरी और ऋण दिलवाने के नाम यह ठग चुके हैं, इसका खुलासा पूछताछ के बाद ही हो सकेगा।
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गिरफ्तार गिरोह के पांचों सदस्यों को पांवटा अदालत में पेश करने पर 12 नवंबर तक के पुलिस रिमांड पर भेजा गया है। आरोपियों के बैंक खाते सीज होंगे। अभी इस मामले में और गिरफ्तारियों से इंकार नहीं किया जा सकता है।
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पिछले 3 माह से हरियाणा का गिरोह हिमाचल में सक्रिय हो गया था। अंतरराज्यीय गिरोह धीरे-धीरे हिमाचल के अन्य जिलों में भी पांव पसारने की फिराक में है। एक आरोपी तो बाकायदा खुद को हरियाणा की एक राजनीतिक पार्टी का चेयरमैन बताता था। यह शातिर हिमाचल सरकार में भी ऊंची पहुंच बता कर विश्वास जीत लेते थे। इसके बाद ऋण और नौकरी दिलाने का नाम लेकर लोगों से पैसे ऐंठने का काम शुरू हो जाता था।
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शिकायतकर्ता कमल कुमार (35)पुत्र ओम प्रकाश समेत कुछ ग्रामीणों ने गिरोह के सदस्यों को कोलर क्षेत्र में बुलाया। इसके बाद गैंग में शामिल मुख्य आरोपी नरेश कुमार, महेंद्र पाल, अनिल कुमार, स्वर्ण लाल और निर्मल सिंह को माजरा पुलिस के माध्यम से गिरफ्तार करवाया। ठग गिरोह तीन माह के भीतर ही लोगों को नौकरी दिलवाने के लिए नाम पर 2 लाख तथा ऋण दिलवाने के नाम पर 3.65 लाख राशि स्थानीय ग्रामीणों से ऐंठ चुके थे।
उधर, डीएसपी पांवटा साहिब बीर बहादुर सिंह ने कहा कि गिरफ्तार आरोपियों को 12 नवंबर तक पुलिस रिमांड में रखने के आदेश हुए हैं। क्षेत्र के और कितने लोगों को नौकरी और ऋण दिलवाने के नाम यह ठग चुके हैं, इसका खुलासा पूछताछ के बाद ही हो सकेगा।