फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Sirmour News ›   2.50 crore rupees project of parking and communities not completed in ponta sahibpeople facing problem

ढाई करोड़ का प्रोजेक्ट, दो दशकों बाद भी जनता का सपना अधूरा

Thu, 26 May 2022 12:03 AM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Thu, 26 May 2022 12:03 AM IST
विज्ञापन
2.50 crore rupees project of parking and communities not completed  in ponta sahibpeople facing problem
फाइल सात के साथ पांवटा साहिब में प्रस्तावित सामुदायिक भवन का निर्माण स्थल, जहां पिल्लरलदेकर काम ? - फोटो : NAHAN
पांवटा साहिब (सिरमौर)। शहर में सामुदायिक भवन और पार्किंग योजना का कार्य अधर में लटक गया है। ढाई करोड़ रुपये की इस योजना पर दो दशक बाद भी नगर परिषद काम शुरू नहीं कर सकी। लिहाजा, लोगों का सपना आज भी अधूरा है। इस बीच कई नगर परिषदें आई और गईं लेकिन किसी ने भी इस योजना को सिरे नहीं चढ़ाया।
विज्ञापन

शहर के निर्धन और गरीब परिवारों को महंगाई के दौर में लाभ दिलाने के मकसद से इस योजना पर कार्य शुरू किया गया था। हैरानी की बात है कि योजना का आधा अधूरा ढांचा तैयार करने के बाद कोई कार्य नहीं हो पाया। साल 2001-02 में सामुदायिक भवन के साथ-साथ
विज्ञापन

आईडीएसएमटी योजना के तहत शॉपिंग कांप्लेक्स का कार्य एक साथ शुरू हुआ था। 1.60 करोड़ रुपये की लागत वाला व्यावसायिक परिसर (शॉपिंग कांप्लेक्स) तो बनकर तैयार हो गया लेकिन सामुदायिक भवन के अधूरे ढांचे को कोई गति नहीं मिली। इस योजना के तहत भूमिगत पार्किंग का निर्माण किए जाने के बाद प्रथम तल पर सामुदायिक भवन का निर्माण होना था। पार्किंग बनाने के लिए पिल्लर तो खड़े कर दिए। इस पर आजतक लेंटर नहीं डाला जा सका।
विज्ञापन
विज्ञापन

बता दें कि देहरादून-पांवटा एनएच-07 पर विश्वकर्मा मंदिर के समीप से पांवटा साहिब नगर परिषद ने 21 साल पहले अवैध कब्जे हटवाए थे, जहां शॉपिंग कांप्लेक्स बन गया है। इसके साथ लगती भूमि पर भूमिगत पार्किंग व प्रथम तल पर सामुदायिक भवन योजना तैयार होनी थी।
.......
योजना के कार्य को पूरा करवाने के लिए नगर परिषद गंभीर : निर्मल कौर
पांवटा साहिब नगर परिषद की अध्यक्ष निर्मल कौर ने कहा कि इस योजना के कार्य को पूरा करवाने के लिए नगर परिषद गंभीर है। 26 फरवरी 2022 को करीब 1.36 करोड़ रुपये का बजट निदेशक शहरी विकास विभाग को मंजूरी को भेज दिया गया है, जिसमें भूमिगत पार्किंग स्थल पर लेंटर-छत डलेगी। प्रथम तल पर सामुदायिक भवन बनेगा।
........
लोगों की राय...
दूरदर्शी और महत्वपूर्ण योजना लटकना हैरानजनक : नंदलाल परवाल
दो दशक पहले दूरदर्शी सोच के साथ योजना प्रस्तावित थी, जिससे शहरी क्षेत्र के सैकड़ों गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों को शादी-विवाहों व विभिन्न सार्वजनिक कार्यक्रमों के लिए सामुदायिक भवन योजना बनाने से सुविधा मिल पाती।
...
योजना बनने से महंगाई के दौर में आमजन को मिलती सुविधा : अखिल शर्मा
योजना बनने से बढ़ती महंगाई और कम खर्चों में निर्धन व मध्यम वर्ग के लोगों को विवाह व अन्य कार्यक्रम में कम खर्च पर सुविधा मिलती। भारी भरकम खर्च से ऐसे परिवारों की आर्थिक रुप से कमर टूटने से बच जाती।

..
योजना को प्राथमिकता पर रखा जाए : आत्माराम शर्मा
दो दशक पहले इस योजना का निर्माण शुरू करवाया गया था लेकिन आम आदमी की सुविधा से जुड़ी योजना के अधर में लटकने से लोगों में काफी निराशा है। इस योजना कार्य को प्राथमिकता पर रखा जाए।
..
इस योजना के बनने से लोगों को मिलनी थी ये सुविधाएं
1. भूमिगत तल पर 120 कारों के लिए पार्किंग की सुविधा
2. वाहन मालिकों को वाजिब दामों पर पार्किंग मिलती
3. अंदरूनी सड़कों किनारे खड़े वाहनों से जाम से छुटकारा मिलता
4. शहर में धार्मिक समेत विवाह समारोहों के लिए सामुदायिक भवन
5. गरीब और मध्यवर्गीय परिवारों को सस्ते दामों पर आयोजन स्थल मिलता
6. सामुदायिक भवन के ऊपर लोगों को ठहरने की सुविधा भी मिल पाती
.......
योजना के लिए कब क्या-क्या हुआ
- 2001-02 में पार्किंग और सामुदायिक भवन की योजना तैयार हुई
- लंबे अरसे बाद 2014 में भूमिगत पार्किंग के लिए एक करोड़ रुपये जारी हुए
- ठेकेदार ने काम शुरू किया, पिल्लर खड़े करने के बाद काम छोड़ दिया
- 26 फरवरी 2022 को फाइल निदेशक शहरी विकास विभाग को भेजी
- 1.36 करोड़ की राशि जारी करने की मांग नगर परिषद ने भेजी
.........
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed