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Rampur Bushahar News: एक्सरे मशीन के वादे कागजी, अनदेखी की पीड़ा झेल रहे मरीज
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आनी अस्पताल में ठप पड़ी एक्सरे सुविधा। संवाद
आनी अस्पताल में एक्सरे मशीन कई महीनों से खराब, निजी क्लीनिकों के सहारे 50 हजार आबादी
पुरानी मशीन ने पांच दशक तक दी सेवाएं
आश्वासनों की उम्मीदों से चली रही नई एक्सरे मशीन स्थापित करने की कवायद
सरकार और नेताओं के आश्वासन हुए कागजी साबित
हरिकृष्ण शर्मा
आनी (कुल्लू)।
सिविल अस्पताल आनी की स्वास्थ्य सेवाएं इस समय संतोषजनक नहीं, बल्कि बेहद चिंताजनक स्थिति में पहुंच चुकी हैं। यहां नई एक्सरे मशीन के वादे कागजी साबित हो रहे हैं और मरीज सरकार और स्वास्थ्य विभाग की अनदेखी की पीड़ा झेलने को मजबूर हैं। इसका सबसे बड़ा उदाहरण है अस्पताल में एक्सरे मशीन का कई महीनों से ठप होना। करीब 50 साल पुरानी यह मशीन कई महीनों से खराब पड़ी है। इसके बावजूद अब तक अस्पताल को नई मशीन नहीं मिल पाई है। वर्ष 2025 के दौरान अधिकारियों और नेताओं से कई आश्वासन मिले, लेकिन ये सभी आश्वासन केवल कागजी साबित हुए। हाल यह है कि आनी अस्पताल के मरीजों को निजी क्लीनिकों में महंगे टेस्ट करवाने पड़ रहे हैं। अस्पताल प्रबंधन के अनुसार, पुरानी एक्सरे मशीन इतनी जर्जर स्थिति में पहुंच चुकी थी कि वर्षों तक उसकी बार-बार मरम्मत कराकर किसी तरह सेवाएं जारी रखनी पड़ीं, लेकिन अब यह मशीन पूरी तरह अनुपयोगी हो चुकी है। बीते समय में अस्पताल प्रशासन ने स्वास्थ्य निदेशालय शिमला को कई बार पत्र भेजकर नई मशीन की मांग रखी, वहीं रोगी कल्याण समिति (आरकेएस) की बैठकों में भी प्रस्ताव पारित किए गए। इसके बावजूद ठोस कार्रवाई न होने से मशीन की उपलब्धता का मामला अधर में लटका हुआ है। स्थिति यह है कि एक्सरे सुविधा न होने के कारण मरीजों को मजबूरन निजी क्लीनिकों का रुख करना पड़ रहा है। इससे उन्हें अतिरिक्त आर्थिक बोझ झेलना पड़ रहा है, जो विशेषकर गरीब परिवारों और दूरदराज के ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले मरीजों के लिए बड़ी परेशानी बन गया है। स्वास्थ्य सुविधा की इस कमी से आम लोगों में गहरा रोष है। गौरतलब है कि सिविल अस्पताल आनी न केवल कस्बे, बल्कि आसपास के सैकड़ों गांवों की करीब 50 हजार की आबादी के लिए मुख्य स्वास्थ्य केंद्र है। ऐसे में यहां मूलभूत जांच सुविधाओं का न होना स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली को उजागर करता है।
जल्द नई एक्सरे मशीन स्थापित की जाए
आनी विस क्षेत्र के विधायक लोकेंद्र कुमार का कहना है कि प्रदेश की कांग्रेस सरकार आनी विधानसभा क्षेत्र की जनता के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। उन्होंने प्रदेश सरकार से मांग उठाई है कि सिविल अस्पताल के लिए जल्द नई एक्सरे मशीन स्थापित की जाए।
स्वास्थ्य निदेशालय को भेजी मांग
उधर, बीएमओ आनी डॉ. भागवत मेहता ने बताया कि नई एक्सरे मशीन की मांग स्वास्थ्य निदेशालय को भेज दी गई है।
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पुरानी मशीन ने पांच दशक तक दी सेवाएं
आश्वासनों की उम्मीदों से चली रही नई एक्सरे मशीन स्थापित करने की कवायद
सरकार और नेताओं के आश्वासन हुए कागजी साबित
हरिकृष्ण शर्मा
आनी (कुल्लू)।
सिविल अस्पताल आनी की स्वास्थ्य सेवाएं इस समय संतोषजनक नहीं, बल्कि बेहद चिंताजनक स्थिति में पहुंच चुकी हैं। यहां नई एक्सरे मशीन के वादे कागजी साबित हो रहे हैं और मरीज सरकार और स्वास्थ्य विभाग की अनदेखी की पीड़ा झेलने को मजबूर हैं। इसका सबसे बड़ा उदाहरण है अस्पताल में एक्सरे मशीन का कई महीनों से ठप होना। करीब 50 साल पुरानी यह मशीन कई महीनों से खराब पड़ी है। इसके बावजूद अब तक अस्पताल को नई मशीन नहीं मिल पाई है। वर्ष 2025 के दौरान अधिकारियों और नेताओं से कई आश्वासन मिले, लेकिन ये सभी आश्वासन केवल कागजी साबित हुए। हाल यह है कि आनी अस्पताल के मरीजों को निजी क्लीनिकों में महंगे टेस्ट करवाने पड़ रहे हैं। अस्पताल प्रबंधन के अनुसार, पुरानी एक्सरे मशीन इतनी जर्जर स्थिति में पहुंच चुकी थी कि वर्षों तक उसकी बार-बार मरम्मत कराकर किसी तरह सेवाएं जारी रखनी पड़ीं, लेकिन अब यह मशीन पूरी तरह अनुपयोगी हो चुकी है। बीते समय में अस्पताल प्रशासन ने स्वास्थ्य निदेशालय शिमला को कई बार पत्र भेजकर नई मशीन की मांग रखी, वहीं रोगी कल्याण समिति (आरकेएस) की बैठकों में भी प्रस्ताव पारित किए गए। इसके बावजूद ठोस कार्रवाई न होने से मशीन की उपलब्धता का मामला अधर में लटका हुआ है। स्थिति यह है कि एक्सरे सुविधा न होने के कारण मरीजों को मजबूरन निजी क्लीनिकों का रुख करना पड़ रहा है। इससे उन्हें अतिरिक्त आर्थिक बोझ झेलना पड़ रहा है, जो विशेषकर गरीब परिवारों और दूरदराज के ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले मरीजों के लिए बड़ी परेशानी बन गया है। स्वास्थ्य सुविधा की इस कमी से आम लोगों में गहरा रोष है। गौरतलब है कि सिविल अस्पताल आनी न केवल कस्बे, बल्कि आसपास के सैकड़ों गांवों की करीब 50 हजार की आबादी के लिए मुख्य स्वास्थ्य केंद्र है। ऐसे में यहां मूलभूत जांच सुविधाओं का न होना स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली को उजागर करता है।
जल्द नई एक्सरे मशीन स्थापित की जाए
आनी विस क्षेत्र के विधायक लोकेंद्र कुमार का कहना है कि प्रदेश की कांग्रेस सरकार आनी विधानसभा क्षेत्र की जनता के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। उन्होंने प्रदेश सरकार से मांग उठाई है कि सिविल अस्पताल के लिए जल्द नई एक्सरे मशीन स्थापित की जाए।
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स्वास्थ्य निदेशालय को भेजी मांग
उधर, बीएमओ आनी डॉ. भागवत मेहता ने बताया कि नई एक्सरे मशीन की मांग स्वास्थ्य निदेशालय को भेज दी गई है।

आनी अस्पताल में ठप पड़ी एक्सरे सुविधा। संवाद
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