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Rampur Bushahar News: निरमंड से सेब मंडियों तक नहीं बढ़ेगा सेब ढुलाई का भाड़ा
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निरमंड में सेब सीजन को लेकर आयोजित बैठक में चर्चा करते एसडीएम, बागवान और ट्रांसपोर्टर। स्रोत :
यूनिवर्सल कार्टन में तय वजन से ज्यादा नहीं भरा जाएगा जाएगा सेब
सेब सीजन की तैयारियों को लेकर एसडीएम ने की बैठक की अध्यक्षता
बागवानों, ट्रक ऑपरेटरों और बागवानों के साथ बनाई रूपेरखा
ग्रामीण ने सड़कों को सेब सीजन से पहले सुधारने की उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
निरमंड (कुल्लू)। उपमंडल निरमंड से प्रदेश की विभिन्न फल मंडियों तक भेजे जाने वाले सेब की ढुलाई का प्रति पेटी भाड़ा नहीं बढ़ेगा। सेब ढुलाई का किराया बीते वर्ष की तरह ही होगा। यह भाड़ा सेब के यूनिवर्सल कार्टन के लिए ही तय किया गया है। यह निर्णय बैठक में लिया गया। सेब सीजन की तैयारियों को लेकर वीरवार को एसडीएम मनमोहन सिंह की अध्यक्षता में बैठक हुई। बैठक में बागवान, ट्रक ऑपरेटर और अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में ट्रक ऑपरेटरों ने कहा कि देखने में आया है कि कुछ बागवानों की ओर से यूनिवर्सल कार्टन में भी तय वजन से ज्यादा सेब भरा जाता है, जिसे रोका जाए। एसडीएम ने कहा कि इस विषय को लेकर जल्द ही एजेंट के साथ बैठक रखी जाएगी। साथ ही एक कमेटी का भी गठन किया जाएगा, जो सेब की पेटियों के वजन की चेकिंग करेगी। बागवानों और ट्रक ऑपरेटरों ने कानवा-दशोली, बागीपुल-जाओं, अरसू-ठारवा, कथांडा, पुजारली सहित ग्रामीण सड़कों को सेब सीजन से पहले दुरुस्त करने की मांग की। एसडीएम ने लोक निर्माण विभाग को शीघ्र खस्ताहाल सड़कों को दुरुस्त करने के निर्देश दिए, ताकि बागवानों को सेब मंडियों में पहुंचाने में दिक्कतों का सामना न करना पड़े। लोक निर्माण विभाग के निरमंड मंडल के अधिशासी अभियंता मनोज कुमार ने कहा कि कानवा-दशोली सड़क को 10 जुलाई तक ठीक कर दिया जाएगा, क्योंकि यह कम ऊंचाई वाला क्षेत्र है और यहां सेब सीजन जल्दी शुरू होने वाला है। वहीं, एसडीएम मनमोहन सिंह ने इस दौरान सभी उपस्थित हितधारकों से सेब सीजन के दौरान सहयोग करने की अपील की।
बीते वर्ष का ही रहेगा भाड़ा
प्रशासन ने मंडियों के लिए भेजे जाने वाले सेब के प्रति बक्से का भाड़ा तय किया है। इसके मुताबिक रेमू-टिकरी कैंची से शिमला के लिए 60 रुपये, सोलन के लिए 68 रुपये, चंडीगढ़ के लिए 80 और दिल्ली के लिए 103 रुपये भाड़ा निर्धारित किया है। अर्सू, चुनागई से शिमला के लिए 62 रुपये, सोलन के लिए 70 रुपये, चंडीगढ़ के लिए 82 और दिल्ली के लिए 105 रुपये तय किया है। ठारला और सराहन से शिमला के लिए 72 रुपये, सोलन के लिए 80 रुपये, चंडीगढ़ के लिए 92 और दिल्ली के लिए 115 रुपये तय किया है। इसके अलावा कुशवा, खरगा और तुनन से शिमला के लिए 69 रुपये, सोलन के लिए 77 रुपये, चंडीगढ़ के लिए 89 और दिल्ली के लिए 112 रुपये प्रति बॉक्स भाड़ा निर्धारित किया गया है। भाड़े की दर बीते वर्ष की तरह इस वर्ष भी यही रहेंगी।
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सेब सीजन की तैयारियों को लेकर एसडीएम ने की बैठक की अध्यक्षता
बागवानों, ट्रक ऑपरेटरों और बागवानों के साथ बनाई रूपेरखा
ग्रामीण ने सड़कों को सेब सीजन से पहले सुधारने की उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
निरमंड (कुल्लू)। उपमंडल निरमंड से प्रदेश की विभिन्न फल मंडियों तक भेजे जाने वाले सेब की ढुलाई का प्रति पेटी भाड़ा नहीं बढ़ेगा। सेब ढुलाई का किराया बीते वर्ष की तरह ही होगा। यह भाड़ा सेब के यूनिवर्सल कार्टन के लिए ही तय किया गया है। यह निर्णय बैठक में लिया गया। सेब सीजन की तैयारियों को लेकर वीरवार को एसडीएम मनमोहन सिंह की अध्यक्षता में बैठक हुई। बैठक में बागवान, ट्रक ऑपरेटर और अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में ट्रक ऑपरेटरों ने कहा कि देखने में आया है कि कुछ बागवानों की ओर से यूनिवर्सल कार्टन में भी तय वजन से ज्यादा सेब भरा जाता है, जिसे रोका जाए। एसडीएम ने कहा कि इस विषय को लेकर जल्द ही एजेंट के साथ बैठक रखी जाएगी। साथ ही एक कमेटी का भी गठन किया जाएगा, जो सेब की पेटियों के वजन की चेकिंग करेगी। बागवानों और ट्रक ऑपरेटरों ने कानवा-दशोली, बागीपुल-जाओं, अरसू-ठारवा, कथांडा, पुजारली सहित ग्रामीण सड़कों को सेब सीजन से पहले दुरुस्त करने की मांग की। एसडीएम ने लोक निर्माण विभाग को शीघ्र खस्ताहाल सड़कों को दुरुस्त करने के निर्देश दिए, ताकि बागवानों को सेब मंडियों में पहुंचाने में दिक्कतों का सामना न करना पड़े। लोक निर्माण विभाग के निरमंड मंडल के अधिशासी अभियंता मनोज कुमार ने कहा कि कानवा-दशोली सड़क को 10 जुलाई तक ठीक कर दिया जाएगा, क्योंकि यह कम ऊंचाई वाला क्षेत्र है और यहां सेब सीजन जल्दी शुरू होने वाला है। वहीं, एसडीएम मनमोहन सिंह ने इस दौरान सभी उपस्थित हितधारकों से सेब सीजन के दौरान सहयोग करने की अपील की।
बीते वर्ष का ही रहेगा भाड़ा
प्रशासन ने मंडियों के लिए भेजे जाने वाले सेब के प्रति बक्से का भाड़ा तय किया है। इसके मुताबिक रेमू-टिकरी कैंची से शिमला के लिए 60 रुपये, सोलन के लिए 68 रुपये, चंडीगढ़ के लिए 80 और दिल्ली के लिए 103 रुपये भाड़ा निर्धारित किया है। अर्सू, चुनागई से शिमला के लिए 62 रुपये, सोलन के लिए 70 रुपये, चंडीगढ़ के लिए 82 और दिल्ली के लिए 105 रुपये तय किया है। ठारला और सराहन से शिमला के लिए 72 रुपये, सोलन के लिए 80 रुपये, चंडीगढ़ के लिए 92 और दिल्ली के लिए 115 रुपये तय किया है। इसके अलावा कुशवा, खरगा और तुनन से शिमला के लिए 69 रुपये, सोलन के लिए 77 रुपये, चंडीगढ़ के लिए 89 और दिल्ली के लिए 112 रुपये प्रति बॉक्स भाड़ा निर्धारित किया गया है। भाड़े की दर बीते वर्ष की तरह इस वर्ष भी यही रहेंगी।
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