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Rampur Bushahar News: ढोल-नगाड़ों की थाप पर कुईकंडा नाग गज के रूप में पहुंचे मंदिर
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बिरशी में विशेष पूजा का हुआ आयोजन, देवता साहिब को लगाया मक्खन
संवाद न्यूज एजेंसी
नित्थर (कुल्लू)। श्रीकुईकंडा नाग मंदिर में शुक्रवार को बिरशी मेले का आयोजन किया गया। लोगों ने मुख्य सड़क नित्थर-आनी कटाहर से चार किलोमीटर की खड़ी चढ़ाई के बाद मंदिर पहुंच कर विशेष पूजा की। इसके बाद देवता साहिब कुईकंडा नाग गज के रूप में वीरवार शाम को ढोल-नगाड़ों की थाप के साथ मंदिर पहुंचे। स्थानीय ग्रामीणों के प्रयास से कुईकंडा नाग के मंदिर का निर्माण किया गया है। देवता साहिब कुईकंडा नाग पर हिमारी गढ़, नारायण गढ़ और सिरीगढ़ के लाखों लोगों की अपार आस्था है। देवता साहिब के गूर विनोद ठाकुर ने कहा कि शुक्रवार सुबह मंदिर के गर्भ गृह में विशेष पूजा हवन यज्ञ का आयोजन किया गया और देवता साहिब को चोपड़ू (मक्खन) लगाया गया, इसलिए इनको मूल श्री कुईकंडा चोपडू तांदी नाग कहा जाता है। बिरशी मेले में कुठेड़ और कटाहर सहित अन्य गांव के लोगों ने भाग लिया। ग्रामीणों ने मंदिर में शीश नवाया और सुख-समृद्धि की कामना की।
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संवाद न्यूज एजेंसी
नित्थर (कुल्लू)। श्रीकुईकंडा नाग मंदिर में शुक्रवार को बिरशी मेले का आयोजन किया गया। लोगों ने मुख्य सड़क नित्थर-आनी कटाहर से चार किलोमीटर की खड़ी चढ़ाई के बाद मंदिर पहुंच कर विशेष पूजा की। इसके बाद देवता साहिब कुईकंडा नाग गज के रूप में वीरवार शाम को ढोल-नगाड़ों की थाप के साथ मंदिर पहुंचे। स्थानीय ग्रामीणों के प्रयास से कुईकंडा नाग के मंदिर का निर्माण किया गया है। देवता साहिब कुईकंडा नाग पर हिमारी गढ़, नारायण गढ़ और सिरीगढ़ के लाखों लोगों की अपार आस्था है। देवता साहिब के गूर विनोद ठाकुर ने कहा कि शुक्रवार सुबह मंदिर के गर्भ गृह में विशेष पूजा हवन यज्ञ का आयोजन किया गया और देवता साहिब को चोपड़ू (मक्खन) लगाया गया, इसलिए इनको मूल श्री कुईकंडा चोपडू तांदी नाग कहा जाता है। बिरशी मेले में कुठेड़ और कटाहर सहित अन्य गांव के लोगों ने भाग लिया। ग्रामीणों ने मंदिर में शीश नवाया और सुख-समृद्धि की कामना की।