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Rampur Bushahar News: मेले का शुभारंभ करने 18 देवी-देवताओं संग रथयात्रा में निकलेंगे रघुनाथ
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भीमाकाली मंदिर ट्रस्ट ने सभी देवी-देवताओं को भेजा है निमंत्रण, 12 अक्तूबर से लेकर 15 अक्तूबर तक चलेगा मेला
संवाद न्यूज एजेंसी
ज्यूरी (रामपुर बुशहर)। उपमंडल रामपुर की सब तहसील सराहन में रघुनाथ की रथयात्रा के साथ दशहरा मेला शुरू होगा। इस बार रघुनाथ की रथयात्रा में 18 देवी-देवता शामिल होंगे। यह ऐतिहासिक मेला 12 अक्तूबर से लेकर 15 अक्तूबर तक आयोजित होगा। चार दिवसीय जिला स्तरीय दशहरा मेले के आयोजन को लेकर भीमा काली मंदिर ट्रस्ट सराहन ने रामपुर और आनी क्षेत्र के 18 देवी-देवताओं को निमंत्रण भेज दिया है। इससे पहले बीस देवी-देवता विभिन्न क्षेत्रों से मेले में शिरकत करते थे। सभी देवी-देवताओं के आने या न आने के लिए मेला शुरू होने से पहले सूचना देनी होगी। ऐतिहासिक जिला स्तरीय दशहरा मेले के आयोजन को लेकर भीमाकाली मंदिर न्यास ने तैयारियां शुरू कर दी हैं, ताकि मेले में आने वाले देवी-देवता और देवलुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो। सराहन में दुकानदारों ने मेला शुरू होने से पहले ही दुकानें सजाना शुरू कर दी हैं। जिला स्तरीय दशहरा मेले का शुभारंभ 12 अक्तूबर को भगवान रघुनाथ जी की रथयात्रा से होगा। यह रथयात्रा मंदिर परिसर से लेकर राज दरबार परिसर तक निकलेगी। मचखंडी से रघुनाथ के रथ की भीमाकाली मंदिर के लिए वापसी होगी। इसमें दशहरा मेला में आने वाले देवी-देवता भी रथयात्रा में भाग लेंगे। उसके बाद 13 अक्तूबर और 14 अक्तूबर को सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी आयोजन होगा।
देवताओं को नजराना भी दिया जाएगा
भीमाकाली न्यास के अधिकारी बालक राम नेगी ने बताया कि मेला कमेटी ने 18 देवी-देवताओं को मेले में आने का निमंत्रण दिया था। मेले में आने वाले देवी-देवताओं को नजराना राशि दी जाएगी। लोगों के मनोरंजन के लिए रात्रि कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। इसमें स्थानीय कलाकारों को मौका दिया जाएगा। देवलुओं की सांस्कृतिक लोकनृत्य और वाद्ययंत्रों की प्रतियोगिता का भी आयोजन होगा।
अस्थायी दुकानों की व्यवस्था की
मेले के दौरान लगने वालीं अस्थायी दुकानों की व्यवस्था कर दी गई है। इस दौरान सराहन मुख्य बाजार में किसी प्रकार के वाहन के आने पर पूरी तरह से पाबंदी होगी, ताकि किसी भी व्यापारी या मेला घूमने आने वाले लोगों को किसी प्रकार की कोई परेशानी न हो। सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस के जवान और गृहरक्षक के जवान चप्पे-चप्पे पर तैनात रहेंगे।
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पार्किंग की व्यवस्था की गई
भीमाकाली मंदिर ट्रस्ट के अधिकारी बीआर नेगी ने बताया कि मंदिर के साथ वाहनों पार्क करने के लिए पार्किंंग की व्यवस्था की गई है। सांस्कृतिक कार्यक्रम में किस कलाकार को बुलाना है, इस विषय को लेकर जल्द बैठक में निर्णय लिया जाएगा।
ये देवी-देवता आएंगे
देवता बसारू, देवता गसो, देवता गानवीं, देवता धराली , बोंडा नाग, देवता डाबर कुडू, देवता धार सरगा, देवता किनू, देवता मंझ गांव, देवता कुंनी, देवता तलारा, देवता कमडाली, देवता शनेरी, देवता लालसा, देवता रचोली, देवता चाटी, देवता सूमो और क्यव देवता शामिल होंगे।
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संवाद न्यूज एजेंसी
ज्यूरी (रामपुर बुशहर)। उपमंडल रामपुर की सब तहसील सराहन में रघुनाथ की रथयात्रा के साथ दशहरा मेला शुरू होगा। इस बार रघुनाथ की रथयात्रा में 18 देवी-देवता शामिल होंगे। यह ऐतिहासिक मेला 12 अक्तूबर से लेकर 15 अक्तूबर तक आयोजित होगा। चार दिवसीय जिला स्तरीय दशहरा मेले के आयोजन को लेकर भीमा काली मंदिर ट्रस्ट सराहन ने रामपुर और आनी क्षेत्र के 18 देवी-देवताओं को निमंत्रण भेज दिया है। इससे पहले बीस देवी-देवता विभिन्न क्षेत्रों से मेले में शिरकत करते थे। सभी देवी-देवताओं के आने या न आने के लिए मेला शुरू होने से पहले सूचना देनी होगी। ऐतिहासिक जिला स्तरीय दशहरा मेले के आयोजन को लेकर भीमाकाली मंदिर न्यास ने तैयारियां शुरू कर दी हैं, ताकि मेले में आने वाले देवी-देवता और देवलुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो। सराहन में दुकानदारों ने मेला शुरू होने से पहले ही दुकानें सजाना शुरू कर दी हैं। जिला स्तरीय दशहरा मेले का शुभारंभ 12 अक्तूबर को भगवान रघुनाथ जी की रथयात्रा से होगा। यह रथयात्रा मंदिर परिसर से लेकर राज दरबार परिसर तक निकलेगी। मचखंडी से रघुनाथ के रथ की भीमाकाली मंदिर के लिए वापसी होगी। इसमें दशहरा मेला में आने वाले देवी-देवता भी रथयात्रा में भाग लेंगे। उसके बाद 13 अक्तूबर और 14 अक्तूबर को सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी आयोजन होगा।
देवताओं को नजराना भी दिया जाएगा
भीमाकाली न्यास के अधिकारी बालक राम नेगी ने बताया कि मेला कमेटी ने 18 देवी-देवताओं को मेले में आने का निमंत्रण दिया था। मेले में आने वाले देवी-देवताओं को नजराना राशि दी जाएगी। लोगों के मनोरंजन के लिए रात्रि कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। इसमें स्थानीय कलाकारों को मौका दिया जाएगा। देवलुओं की सांस्कृतिक लोकनृत्य और वाद्ययंत्रों की प्रतियोगिता का भी आयोजन होगा।
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अस्थायी दुकानों की व्यवस्था की
मेले के दौरान लगने वालीं अस्थायी दुकानों की व्यवस्था कर दी गई है। इस दौरान सराहन मुख्य बाजार में किसी प्रकार के वाहन के आने पर पूरी तरह से पाबंदी होगी, ताकि किसी भी व्यापारी या मेला घूमने आने वाले लोगों को किसी प्रकार की कोई परेशानी न हो। सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस के जवान और गृहरक्षक के जवान चप्पे-चप्पे पर तैनात रहेंगे।
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पार्किंग की व्यवस्था की गई
भीमाकाली मंदिर ट्रस्ट के अधिकारी बीआर नेगी ने बताया कि मंदिर के साथ वाहनों पार्क करने के लिए पार्किंंग की व्यवस्था की गई है। सांस्कृतिक कार्यक्रम में किस कलाकार को बुलाना है, इस विषय को लेकर जल्द बैठक में निर्णय लिया जाएगा।
ये देवी-देवता आएंगे
देवता बसारू, देवता गसो, देवता गानवीं, देवता धराली , बोंडा नाग, देवता डाबर कुडू, देवता धार सरगा, देवता किनू, देवता मंझ गांव, देवता कुंनी, देवता तलारा, देवता कमडाली, देवता शनेरी, देवता लालसा, देवता रचोली, देवता चाटी, देवता सूमो और क्यव देवता शामिल होंगे।