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Mandi News: मंहगे प्लाट आवंटन से छोटे व्यापारियों ने खींचे हाथ, सूना पड़ा मेला मैदान
Fri, 28 Mar 2025 06:48 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
Updated Fri, 28 Mar 2025 06:48 AM IST
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जोगिंद्रनगर (मंडी)। राज्य स्तरीय लघु महाशिवरात्रि जोगिंद्रनगर देवता मेले में महंगे प्लाट आवंटन से छोटे व्यापारियों ने हाथ पीछे खींच लिए हैं। इससे मेला मैदान सूना पड़ गया है। कुछ कारोबारियों ने सड़क किनारे ही तंबू लगाकर आजीविका कमाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। मंडी-पठानकोट हाईवे की साथ लगती जगह पर छोटे कारोबारियों ने अपनी दुकानदारी सजा ली है।
पुलिस थाना चौक और पुराना पंजाब नेशनल बैंक के नजदीक अस्थायी दुकानें बनाकर मेले में आजीविका कमाने आए छोटे कारोबारियों का कहना है कि मेला स्थल में प्लाट व डोम की इस बार नीलामी से 10 से 15 लाख की कटौती होने के बावजूद उन्हें सस्ते दामों में प्लाट मिलना मुश्किल हो गया है। 35 से 40 हजार रुपये में दस बाई दस और 15 के प्लाट खरीदने पर उन्हें मेले में लाभ कमाना मुश्किल होगा। इसीलिए सड़क किनारे खाली जगह पर ही डेरा जमा लिया है।
शहर के बस अड्डा के पैदल संपर्क मार्ग से लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह की ओर जाने वाले रास्ते में भी चौहार घाटी के छोटे कारोबारियों ने जलेबी व मेले में बिकने वाली मिठाई की दुकानें लगाई हैं। इसके अलावा अस्पताल सड़क और कृषि विभाग के फार्म के नजदीक भी छोटे कारोबारियों ने साजो सामान रखना शुरू किया है।
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राज्य स्तरीय देवता मेले का शुभारंभ पहली अप्रैल से होगा। पांच दिवसीय मेले में प्रदेश भर के कारोबारियों के अलावा चौहार घाटी व जोगिंद्रनगर उपमंडल के कारोबारी मेला लगाने पहुंचते हैं।
उधर, मेला समिति के चेयरमैन व एसडीएम मनीश चौधरी ने बताया कि राज्य स्तरीय मेले के सफल आयोजन के अलावा मेले के छोटे कारोबारियों को सस्ते दामों में प्लाट आवंटन के निर्देश उन्होंने जारी कर रखे हैं। स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के घरेलू उत्पादों के अलावा कृषि के लिए औजार बेचने वाले कारोबारियों को प्लाट नियमों के तहत दिए जाएंगे।
मेला समिति के खजाने में जमा हुए 45 लाख
राज्य स्तरीय जोगिंद्रनगर देवता मेले में प्लाट, डोम व झूलों की नीलामी से मेला समिति के खजाने में करीब 45 लाख रुपये की आमदनी इस बार जमा हुई है। जो कि पिछले साल से करीब 15 लाख कम है। इनमें झूले की नीलामी में मेला समिति को करीब सात लाख रुपये की आमदनी हुई थी। 150 प्लाटों की नीलामी कर और मेला मैदान में डोम लगाने के लिए करीब 38 लाख रुपये की धनराशि जमा हुई है।
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पुलिस थाना चौक और पुराना पंजाब नेशनल बैंक के नजदीक अस्थायी दुकानें बनाकर मेले में आजीविका कमाने आए छोटे कारोबारियों का कहना है कि मेला स्थल में प्लाट व डोम की इस बार नीलामी से 10 से 15 लाख की कटौती होने के बावजूद उन्हें सस्ते दामों में प्लाट मिलना मुश्किल हो गया है। 35 से 40 हजार रुपये में दस बाई दस और 15 के प्लाट खरीदने पर उन्हें मेले में लाभ कमाना मुश्किल होगा। इसीलिए सड़क किनारे खाली जगह पर ही डेरा जमा लिया है।
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शहर के बस अड्डा के पैदल संपर्क मार्ग से लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह की ओर जाने वाले रास्ते में भी चौहार घाटी के छोटे कारोबारियों ने जलेबी व मेले में बिकने वाली मिठाई की दुकानें लगाई हैं। इसके अलावा अस्पताल सड़क और कृषि विभाग के फार्म के नजदीक भी छोटे कारोबारियों ने साजो सामान रखना शुरू किया है।
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राज्य स्तरीय देवता मेले का शुभारंभ पहली अप्रैल से होगा। पांच दिवसीय मेले में प्रदेश भर के कारोबारियों के अलावा चौहार घाटी व जोगिंद्रनगर उपमंडल के कारोबारी मेला लगाने पहुंचते हैं।
उधर, मेला समिति के चेयरमैन व एसडीएम मनीश चौधरी ने बताया कि राज्य स्तरीय मेले के सफल आयोजन के अलावा मेले के छोटे कारोबारियों को सस्ते दामों में प्लाट आवंटन के निर्देश उन्होंने जारी कर रखे हैं। स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के घरेलू उत्पादों के अलावा कृषि के लिए औजार बेचने वाले कारोबारियों को प्लाट नियमों के तहत दिए जाएंगे।
मेला समिति के खजाने में जमा हुए 45 लाख
राज्य स्तरीय जोगिंद्रनगर देवता मेले में प्लाट, डोम व झूलों की नीलामी से मेला समिति के खजाने में करीब 45 लाख रुपये की आमदनी इस बार जमा हुई है। जो कि पिछले साल से करीब 15 लाख कम है। इनमें झूले की नीलामी में मेला समिति को करीब सात लाख रुपये की आमदनी हुई थी। 150 प्लाटों की नीलामी कर और मेला मैदान में डोम लगाने के लिए करीब 38 लाख रुपये की धनराशि जमा हुई है।